छात्राएं आत्म अभिव्यक्ति एवं आत्मविश्वास के पथ पर हों अग्रसर- प्रो. रचना श्रीवास्तव
सर्जना में पहले दिन “वसुधैव कुटुम्बकम्" थीम पर हुए आयोजन
dil india live (Varanasi). वाराणसी के वसंत कन्या महाविद्यालय,(VKM) कमच्छा में 2 फरवरी 2026 को वार्षिक सांस्कृतिक महोत्सव सर्जना 2025-26 के पहले दिन “वसुधैव कुटुम्बकम् - थीम पर अनेक आयोजन हुए।
प्रकृति की त्रयी को समर्पित” रही, जिसका प्रायोजन मान्यवर-मोहे द्वारा किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. रचना श्रीवास्तव ने अपने उद्बोधन में छात्राओं को आत्म-अभिव्यक्ति एवं आत्मविश्वास के पथ पर अग्रसर होने का संदेश दिया तथा सांस्कृतिक समृद्धि में संगीत की सशक्त भूमिका को रेखांकित किया।
रंगारंग प्रस्तुतियों से गूंजा वीकेएम
सर्जना में रंगा रंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियों से वीकेएम गूंज उठा। इस दौरान प्रश्नोत्तरी, संगीत गायन, फोटोग्राफी, पोस्टर-मेकिंग एवं कार्टूनिंग प्रतियोगिताओं का सफल आयोजन हुआ। गायन प्रतियोगिता में एकल एवं समूह श्रेणियों में कुल 47 प्रतिभागियों ने शास्त्रीय, अर्ध-शास्त्रीय, लोक एवं पाश्चात्य संगीत की प्रस्तुतियां दीं। कार्यक्रम में निर्णायक पल्लवी घोष, प्रो. सीमा वर्मा, डॉ. सुमन सिंह, डॉ. नैरंजना श्रीवास्तव, डॉ. पूनम वर्मा एवं सौम्यकांति मुखर्जी शामिल थे।
“मेरे कैमरे की दृष्टि से प्रकृति”
प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में छात्राओं ने जहां उत्साहपूर्वक सहभागिता कर अपनी बौद्धिक क्षमता एवं त्वरित निर्णय-शक्ति का परिचय दिया, वहीं “मेरे कैमरे की दृष्टि से प्रकृति” विषय पर आयोजित फोटोग्राफी प्रतियोगिता में प्रतिभागियों ने प्रकृति के विविध रूपों को रचनात्मक ढंग से प्रस्तुत किया।
कार्यक्रमों ने छात्राओं की सृजनात्मकता, सांस्कृतिक चेतना एवं प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता को प्रभावी रूप से अभिव्यक्त किया। यह प्रतियोगिताएं छात्राओं की रचनात्मक कल्पनाशीलता को उजागर करने के साथ-साथ प्रकृति के प्रति संवेदनशीलता एवं सौंदर्यबोध को भी सुदृढ़ करती दिखी।अ





कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें