बुधवार, 13 मई 2026

PM modi की Gold न खरीदने की अपील का काशी में विरोध

स्वर्णकारों ने झालमुरी बेचकर किया प्रतिकात्मक विरोध 


सरफराज अहमद 

dil india live (Varanasi). प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशहित में देशवासियों से एक साल तक सोना (Gold) न खरीदने की अपील किया है। मगर अब पीएम की अपील का विरोध उनके ही संसदीय क्षेत्र वाराणसी की गलियों तक पहुंच गया है। देश के विभिन्न हिस्सों खासकर यूपी के लखनऊ के बाद बुधवार को वाराणसी में पीएम नरेंद्र मोदी की अपील का स्वर्णकार समाज और व्यापारियों ने विरोध किया। 

इस दौरान जिला मुख्यालय पर अनोखा और प्रतीकात्मक प्रदर्शन किया गया। स्वर्णकारों और कारीगरों ने पारंपरिक आभूषण बनाने वाले औजारों को दरकिनार कर हाथों में झालमुरी के डिब्बे थाम लिए और सांकेतिक रूप से झालमुरी बेचकर अपना विरोध दर्ज कराया। इससे पहले लखनऊ में विरोध प्रदर्शन हुआ था। व्यापारियों ने अपनी दुकानें भी बंद रखी थीं।

संकट के दौर में कारीगरों की रोजी-रोटी

प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य सरकार और समाज का ध्यान स्वर्ण व्यापार में आ रही भारी गिरावट की ओर खींचना था। व्यापारियों का कहना है कि प्रधानमंत्री के इस बयान के बाद दुकानों पर ग्राहकों की संख्या नगण्य हो गई है। इससे न केवल बड़े शोरूम, बल्कि उन हजारों कारीगर परिवारों की आर्थिक स्थिति बदहाल हो गई है जो प्रतिदिन गहने बनाकर अपना पेट पालते हैं। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि यदि सरकार की नीतियां और इस प्रकार के बयान जारी रहे, तो सदियों पुरानी इस कला से जुड़े लोग अपना पुश्तैनी काम छोड़कर मजदूरी या छोटे-मोटे काम करने को मजबूर हो जाएंगे।

प्रदर्शन के दौरान स्वर्णकार नेता शुभम सेठ 'गोलू' ने कहा, "स्वर्ण व्यापार भारत में केवल एक व्यवसाय नहीं है, बल्कि यह हमारी सांस्कृतिक विरासत और लाखों परिवारों की आजीविका का आधार है। लगातार घटते व्यापार और ऊपर से शीर्ष नेतृत्व के ऐसे बयानों ने गरीब कारीगरों के सामने भुखमरी की स्थिति पैदा कर दी है।" उन्होंने आगे कहा कि सोने को भारतीय समाज में 'स्त्रीधन' और मुसीबत का साथी माना जाता है, ऐसे में इसके बहिष्कार की बात करना अर्थव्यवस्था और परंपरा दोनों के लिए आत्मघाती है।

व्यापारियों और कारीगरों ने एक स्वर में मांग की है कि सरकार स्वर्ण व्यवसाय को प्रभावित करने वाले ऐसे बयानों और नीतियों को तत्काल वापस ले। उन्होंने मांग की कि इस उद्योग से जुड़े लाखों लोगों के हितों की रक्षा के लिए राहत पैकेज या प्रोत्साहन नीतियों पर विचार किया जाए। प्रदर्शनकारियों ने स्पष्ट किया कि यदि स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो यह विरोध प्रदर्शन दिल्ली के जंतर-मंतर तक जाएगा।

इस विरोध प्रदर्शन में सूरज दयाल सेठ, किशन सेठ, मुकुंद सेठ, सुनीति सिंह, राज सेठ, विशाल सेठ, चेतन सोनी, विष्णु दयाल सेठ, सुजीत सेठ, संदीप सेठ, सुभाष सेठ, सुरेंद्र सेठ सहित भारी संख्या में स्वर्णकार समाज के प्रतिनिधि शामिल रहे।

Banaras Sangit Gharana के इस कलाकार का मुम्बई में सम्मान

पं. देवब्रत को मिला मुम्बई में मधुबन रत्न सम्मान

dil india live (Mumbai). वाराणसी निवासी, बनारस संगीत घराने के ख्यातिलब्ध सितारवादक पं. देवब्रत मिश्र को मुम्बई में प्रतिष्ठित मधुबन रत्न सम्मान से नवाजा गया। शास्त्रीय संगीत में घरानों की परंपरा को सहेजने वाली मुम्बई की मधुबन चैरिटबल संस्था एवं स्वरमौली द्वारा उन्हें यह सम्मान दिया गया। मुम्बई, विले पार्ले ईस्ट स्थित वीर सावरकर सेवा केंद्र (श्रीराजभाऊ जोशी सभागृह) में प्रख्यात आध्यात्मिक गुरु स्वामी श्याम मनोहर महाराज द्वारा पं. देवब्रत मिश्रा को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। इस मौके पर उनके पुत्र और उभरते हुए सितार वादक कृष्णा मिश्र को मधुबन गौरव सम्मान से सम्मानित किया गया। इस मौके पर संस्था के अध्यक्ष जयेश दंड एवं केशव परांजपे भी उपस्थित रहे।

       


कार्यक्रम में पं. देवब्रत मिश्र और कृष्णा मिश्र ने बनारस घराने की प्राचीन बंन्दिश सुनाकर सबको मंत्रमुग्ध कर दिया। उन्होंने सबसे पहले राग पूरिया धनाश्री में अलाप के बाद तीन ताल में विलम्बित और द्रुत की बंन्दिश सुनाई। अन्त में बनारस की पारंपरिक ठुमरी अंग गायकी में बंन्दिश सुनाया तो समूचा प्रांगण तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। उनके साथ तबले पर जयेश रेगे ने संगत किया। कार्यक्रम में पंडित सुखदेव चतुर्वेदी का ध्रुपद गायन भी हुआ।

पं. देवब्रत मिश्र ने इस सम्मान को अपने पिता विश्वविख्यात सितारविद पद्मश्री पं. शिवनाथ मिश्र को समर्पित कर दिया।उनके सम्मान पर काशी के संगीत कलाकारों ने भी हर्ष जताते हुए उन्हें बधाई दी।

Purvanchal के Varanasi Main आंधी ने लोगों को डराया फिर बारिश ने सहलाया

वाराणसी में 50 किमी रफ्तार से चली हवाएं, झमाझम हुई बारिश

तीन दिन आंधी-बारिश का अलर्ट


Mohd Rizwan 

dil india live (Varanasi). भीषण गर्मी, आग बरसती तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण बेहाल पूर्वांचल के लोगों को आंधी और उसके बाद हुई बरसात ने फौरी राहत देने का काम किया। पहले आयी आंधी ने लोगों को डराया फिर बारिश ने शीतल जल से सहलाया। इस दौरान वाराणसी में 50 किमी रफ्तार से हवाएं चली और झमाझम हुई बारिशें हुई। इस दौरान मौसम विभाग ने तीन दिन आंधी-बारिश के लिए अलर्ट किया है ताकि कोई बड़ा हादसा न होने पाएं।

बुधवार को दोपहर बाद अचानक आसमान में काले बादल छा गए और तेज आंधी शुरू होने से लोग अभी परेशान ही थे कि कुछ ही देर में बारिश ने उन्हें राहत का तोहफा दिया। यही नहीं तेज हवाओं के कारण शहर और ग्रामीण इलाकों में कई स्थानों पर तबाही भी आती, पेड़ गिरे कुछ जगहों पर बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई। ग्रामीण क्षेत्रों में छोटे-छोटे पेड़ और डालियां टूटकर सड़कों पर गिर गईं। आम का काफी नुकसान हुआ। जहां पेड़ गिरे वहां आवागमन में स्थानीय लोगों व राहगीरों को काफी दिक्कतें उठानी पड़ी हालांकि किसी बड़े नुकसान की सूचना समाचार लिखे जाने तक नहीं मिली।
















आंधी और तेज हवाओं के चलते वाराणसी में ही कैंटोनमेंट क्षेत्र में लगा बड़ा सूचना बोर्ड सड़क पर गिर गया। गनीमत रही कि हादसे के वक्त कोई वाहन उसकी चपेट में नहीं आया, जिससे बड़ा हादसा टल गया।उधर मिर्जामुराद थाना अंतर्गत श्याम तारा महिला महाविद्यालय के समीप तेज आंधी, बारिश के कारण एक विद्युत पोल टूट कर धराशाई हो गया। लोगों का कहना था कि जल्दी इस पर ध्यान नहीं दिया गया तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है। मंडुवाडीह में सुनील विश्वकर्मा के घर पर पड़ोसी की बाउंड्री गिरने से कुछ लोगों के घायल होने की सूचना भी मिली पर समाचार लिखे जाने तक इसकी पुष्टि नहीं हो सकी थी। आंधी तूफान की वजह से मंडुवाडीह के ही कंदवा स्थित कर्दमेश्वर महादेव मंदिर के पास नीम का पेड़ गिरने से बिजली आपूर्ति बाधित हो गई।


बारिश के बाद मौसम सुहाना होने पर लोग घरों से बाहर निकल आए और शहर के प्रमुख घाटों तथा पर्यटन स्थलों पर भीड़ बढ़ गई। तेज आंधी ओर बारिश के बाद हजारों की संख्या में दशाश्वमेध घाट पर गंगा सेवा निधि द्वारा होने वाली विश्व प्रसिद्ध गंगा आरती के दर्शन पहुंचे। दशाश्वमेध घाट, अस्सी घाट और अन्य घाटों पर बड़ी संख्या में लोग ठंडी हवाओं और बारिश के बाद के मौसम का आनंद लेते नजर आए। पर्यटकों ने भी मौसम का भरपूर लुत्फ उठाया।

स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले कई दिनों से लगातार बढ़ती गर्मी और उमस के कारण जनजीवन प्रभावित हो रहा था। अचानक हुई बारिश ने लोगों को बड़ी राहत दी है। हालांकि तेज तूफान के कारण कुछ देर के लिए सड़क यातायात प्रभावित रहा और कई इलाकों में पानी भर गया। मौसम विभाग के अनुसार अगले एक-दो दिनों तक मौसम में उतार-चढ़ाव बने रहने की संभावना है।

मंगलवार, 12 मई 2026

DAV PG College Main नेशनल कॉम क्वेस्ट

आर्य महिला की अंशु प्रथम, डीएवी के अश्विनी द्वितीय, तीसरे स्थान पर रही अदिति


dil india live (Varanasi). वाराणसी के डीएवी पीजी कॉलेज के वाणिज्य विभाग द्वारा मंगलवार को नेशनल कॉम क्वेस्ट का आयोजन किया गया।  लिखित परीक्षा, समूह परिचर्चा और प्रजेंटेशन की तीन स्तरीय स्पर्धा में विभिन्न कॉलेजों के 70 छात्र छात्राओं ने प्रतिभाग किया। प्रतियोगिता में आर्य महिला पीजी कॉलेज की अंशु कुमारी ने सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान प्राप्त किया तो दूसरे, तीसरें स्थान पर डीएवी के अश्विनी कुमार मिश्रा एवं अदिति कुमारी रहे। चौथे स्थान पर ऋचा मिश्रा रही। अंश मेहरा एवं आयुष सिंह परमार को सांत्वना पुरस्कार मिला।

     महाविद्यालय के का. प्राचार्य प्रो.मिश्रिलाल, उप प्राचार्य द्वय प्रो. संगीता जैन, प्रो.राहुल, विभागाध्यक्ष प्रो. विजयनाथ दुबे ने प्रतिभागियों को स्मृति चिन्ह और प्रमाण पत्र प्रदान किया। निर्णायक मण्डल में डॉ. प्रतिमा गुप्ता और डॉ. आहुति सिंह रही। संयोजन डॉ. तरु सिंह एवं स्वागत डॉ. साक्षी चौधरी ने किया। इस मौके पर विभाग के प्रो. संजय साह, डॉ. श्रुति अग्रवाल, डॉ. ऋचा गुप्ता, डॉ. सोनल कपूर सहित समस्त प्राध्यापक मौजूद थे।

BLW Varanasi K केंद्रीय चिकित्सालय में मनाया गया अंतर्राष्ट्रीय नर्स दिवस

नर्सिंग स्टाफ एवं चिकित्सा कर्मियों ने कैंडल लाइट संग लिया शपथ



F. Farooqi Babu/ Ajeet Singh Rajput

dil india live (Varanasi). बनारस रेल इंजन कारखाना (BLW) में 12 मई 2026 को महाप्रबंधक आशुतोष पन्त के दिशा-निर्देशन एवं प्रमुख मुख्य चिकित्साधिकारी डॉक्टर देवेश कुमार के कुशल नेतृत्व में केंद्रीय चिकित्सालय में अंतर्राष्ट्रीय नर्स दिवस के अवसर पर भव्य समारोह का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम का शुभारम्भ मुख्य अतिथि प्रमुख मुख्य कार्मिक अधिकारी लालजी चौधरी द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया। तत्पश्चात समारोह में फ्लोरेंस नाइटिंगेल के सम्मान में चिकित्सालय में कार्यरत नर्सिंग स्टाफ एवं चिकित्सा कर्मियों ने कैंडल लाइट के साथ शपथ ग्रहण किया ताकि वे समर्पण, सेवाभाव तथा मेहनत के साथ रोगियों की बेहतर तरीके से सेवा कर सकें। मुख्य अतिथि प्रमुख मुख्य कार्मिक अधिकारी लालजी चौधरी ने फ्लोरेंस नाइटिंगेल के विचार एवं कार्यशैली पर प्रकाश डालते हुए सभी चिकित्सा कर्मियों को पूर्ण लगन के साथ मानवता की सेवा के लिए प्रेरित किया। 

प्रमुख मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. देवेश कुमार ने इस वर्ष के थीम "हमारी नर्से हमारा भविष्य- शसक्त नर्से जीवन बचाती हैं।" पर अपना विचार व्यक्त करते हुए नर्सों के प्रति सम्मान तथा आभार व्यक्त किया। उन्होंने समाज में बेहतर स्वास्थ व्यवस्था के लिए नर्सों की योगदान का स्मरण करते हुए सभी को मरीजो की बेहतर देखभाल, दवाइयों का प्रबंधन तथा इमरजेंसी के दौरान पूर्ण लगन एवं सेवा भाव से कार्य करने का आहवाहन किया। 

इस अवसर पर वरिष्ठ मंडल चिकित्साधिकारी एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डा. मधुलिका सिंह, वरिष्ठ मंडल चिकित्साधिकारी एवं फिजिशियन डॉक्टर एस के मौर्या, एवं वरिष्ठ मंडल चिकित्साधिकारी एवं फिजिशियन डा. मिन्हाज अहमद ने अपने महत्वपूर्ण विचार व्यक्त किया। इस अवसर पर डा. सौरभ सागर ने स्वरचित कविता का पाठ कर नर्सों के योगदान पर  प्रकाश डाला। डा. पूनम सिंह, प्रवक्ता काशी हिन्दू विश्वविद्यालय ने नर्सों के बेहतर वर्क लाइफ संतुलन पर ध्यान देते हुए, मजबूती से सेवा प्रदान करने के लिए प्रेरित किया।


इनकी रही खास मौजूदगी 
डा. विशाल मिश्रा, डा. सौरभ, डा. अब्दुल माबूद, डा. हिमांशु रंजन, डा. आरजू खर्रे, डा. अमित गुप्ता, डा. गौरव सिंह, डा. प्रेक्षा पाण्डेय तथा मुख्य नर्सिंग अधीक्षक चन्द्रकला राव, सीता कुमारी सिंह, कमला श्रीनिवासन, उषा सिंह, अनीता चंद्रा, आरती, एलीश कुजूर, उषा जैसल, संजू लता गौतम, कंचन मणि, वर्षा शर्मा, परम हंश मीना, सुप्रिया, ज्योति सिन्हा, प्रीती, अनीता पटेल, दीपशिखा पटेल।

सोमवार, 11 मई 2026

पर्यावरण संरक्षण पर DAV PG College के साथ काम करेगी क्लाइमेट एजेंडा

मिशन "हरियाली" की ओर लौटने पर डीएवी के छात्र व क्लाइमेट एजेंडा होंगे साथ


dil india live (Varanasi). वाराणसी के डीएवी पीजी कॉलेज एवं पर्यावरण के क्षेत्र में काम करने वाली संस्था द क्लाइमेट एजेंडा अब मिलकर काम करेंगे। डीएवी के समाजशास्त्र विभाग के छात्र क्लाइमेट एजेंडा के साथ मिलकर पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण और हरियाली की ओर लौटने के मिशन पर काम करेंगे। इस संबंध में सोमवार को कॉलेज में दोनों संस्थाओं के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर हुआ।
कॉलेज के कार्यवाहक प्राचार्य प्रो. मिश्रिलाल एवं क्लाइमेट एजेंडा की प्रमुख एकता सिंह ने एमओयू पर हस्ताक्षर किये। प्रो. मिश्रिलाल ने बताया की डीएवी के विद्यार्थी उक्त संस्था के साथ मिलकर इंटर्नशिप करेंगे और पर्यावरण को बचाने की मुहिम में अपना योगदान करेंगे। कॉलेज के प्रबंधक अजीत कुमार सिंह यादव ने एमओयू पर प्रसन्नता जाहिर की और पर्यावरण के लिए संस्था के कार्यो की सराहना की।
इनकी रही खास मौजूदगी 
इस मौके पर समाजशास्त्र विभागाध्यक्ष डॉ. जियाउद्दीन, प्रो. मधु सिसोदिया, डॉ. हसन बानो, डॉ. नेहा चौधरी, डॉ. सूर्यप्रकाश पाठक, मृत्युंजय प्रताप सिंह, सानिया अहमद सहित अन्य प्राध्यापक उपस्थित रहे। 

Rajasthan news : Sitara Ansari अल्पसंख्यक कांग्रेस कोटा की बनी जिला महासचिव

नई कार्यकारिणी में महिलाओं को दी गई खास प्राथमिकता

शगुफ्ता पठान की भी हुई इसी पद पर नियुक्ति


 

dil india live (Kota). जिला कांग्रेस कमेटी अल्पसंख्यक विभाग कोटा राजस्थान की नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई। नई कार्यकारिणी में महिलाओं को भी प्राथमिकता देते हुए जिला कांग्रेस कमेटी अल्पसंख्यक विभाग कोटा राजस्थान के महासचिव पद पर दबे कुचले, पीड़ित, असहाय बेसहारा लोगों की हमेशा लड़ाई लड़ने वाली सितारा अंसारी एवं शगुफ्ता पठान की नियुक्ति की गई है। 

अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी  अल्पसंख्यक विभाग के राष्ट्रीय अध्यक्ष इमरान प्रतापगढ़ी, राजस्थान कांग्रेस कमेटी अल्पसंख्यक विभाग के राजस्थान प्रदेश अध्यक्ष एम डी चोपदार, जिला कांग्रेस कमेटी अल्पसंख्यक विभाग कोटा राजस्थान के जिला अध्यक्ष जुबैर खां का शुक्रिया अदा करते हुए कहा कि जिला कांग्रेस कमेटी अल्पसंख्यक विभाग कोटा राजस्थान की नवनियुक्त महासचिव सितारा अंसारी ने कहा कि जिस तरह मेरे पर विश्वास करते हुए शीर्ष नेतृत्व ने मुझे एक नई जिम्मेदारी दी है मैं उस जिम्मेदारी को पूरी तरह निर्वहन करने का हर संभव प्रयास करूंगी।

सितारा अंसारी ने कहा कि मैं अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों के बीच जाकर उन्हें कांग्रेस की नीतियों से अवगत कराकर कांग्रेस से जोड़ने का हर संभव प्रयास करूंगी। विशेष कर महिलाओं को और मजबूती देकर कांग्रेस के साथ चलने के लिए और महिलाओं के अधिकार एवं हक के लिए हमेशा लड़ाई लड़ती रहूंगी

जब कि इसी क्रम में कोटा राजस्थान की नई कार्यकारिणी में शगुफ्ता पठान को भी महासचिव की नई जिम्मेदारी की गई है।