माँ दुर्गा के चरणों में कविता का अर्पण
ICCR में कवि सुदीप की लेखनी ने जीते दिल
Kolkata (dil india live). महालय के अवसर पर, देवी पक्ष के शुभारंभ के पावन क्षण में, भारतीय सांस्कृतिक संबंध परिषद (ICCR), कोलकाता के अवनींद्रनाथ आर्ट गैलरी में एक अनोखी काव्य प्रदर्शनी का आयोजन हुआ। यह प्रदर्शनी जो समर्पित थी जगज्जननी महादुर्गा को। इस शाम यह विशिष्ट साहित्यिक संध्या पूरे शहर में एक सांस्कृतिक उत्सव का वातावरण लेकर आई।
इस प्रदर्शनी के केंद्र में थे नवोदित कवि और शोधकर्ता सुदीप चंद्र हलदार, जिनकी कविताओं की हर पंक्ति में माँ दुर्गा की शक्ति, सौंदर्य और शाश्वतता की झलक सुनाई दी। सुदीप की रचनाएं केवल दर्शकों का मन नहीं जीत पाईं, बल्कि देवी पक्ष के आरंभ में यह कविता के माध्यम से माँ के चरणों में एक निःस्वार्थ अर्पण बन गईं। कार्यक्रम में उपस्थित लगभग 500 से अधिक गणमान्य अतिथि और साहित्यप्रेमी उनके लेखन की मुक्तकंठ से सराहना करते दिखे, जिससे पूरी गैलरी उत्साह और श्रद्धा से गूंज उठी। कार्यक्रम के दौरान अपने उद्गार व्यक्त करते हुए कवि सुदीप चंद्र हलदार ने गहन भावनाओं के साथ कहा:
“यह संसार माँ दुर्गा के स्वागत के लिए सज रहा है। समस्त जगत उनकी दिव्य उपस्थिति की प्रतीक्षा कर रहा है। चारों ओर उत्सव का माहौल है। ऐसे समय में इस प्रकार की एक प्रदर्शनी का अपना एक विशेष अर्थ है।यह मानो कला की भाषा में देवी का आमंत्रण है।”



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