रविवार, 21 सितंबर 2025

Club: Rotary club Varanasi sarthak का बेहतरीन कार्यों के चलते हुआ सम्मान

अल्प समय में जनहितकारी गतिविधियों से मिली क्लब को सम्मान-श्रुति जैन


Varanasi (dil india live). रोटरी क्लब वाराणसी सार्थक को समाजहित में किए गए उल्लेखनीय कार्यों के लिए मंच से सम्मानित किया गया। सार्थक की अध्यक्ष श्रुति जैन ने दिल इंडिया लाइव को बताया कि क्लब ने अल्प समय में अनेक जनहितकारी गतिविधियाँ आयोजित की थी, जिनमें पर्यावरण संरक्षण हेतु वृक्षारोपण, मंदिरों में सीसीटीवी कैमरों की स्थापना, ज़रूरतमंदों के लिए सहयोग कार्य तथा सामाजिक उत्थान के विविध प्रयास प्रमुख हैं।

इस अवसर पर रोटरी क्लब सार्थक को यह सम्मान जिला गवर्नर डॉ. अशुतोष अग्रवाल एवं प्रख्यात भारतीय टीवी अभिनेता सुरेंद्र पाल सिंह ने अपने कर-कमलों से प्रदान किया। यह सम्मान हमारे सभी सार्थक परिवार के संयुक्त प्रयासों का प्रतीक है।

इनकी रही खास मौजूदगी 
इस अवसर पर क्लब की अध्यक्ष श्रुति जैन, सचिव अक्षत जैन, कोषाध्यक्ष आभा साहू, जीएसआर अमर अग्रवाल के साथ ही साथ ही क्लब के सभी चार्टर सदस्यों ईशान मोहन, श्वेता अग्रवाल, आशीष अग्रवाल, आकाश जायसवाल, विशाल जैन, गौरव भट्टाचार्य, अंकिता मौर्या, अनुभव मिश्रा व शलभ अग्रवाल आदि मौजूद थे।

टेट की अनिवार्यता के विरोध में सड़कों पर उमड़ा शिक्षकों का सैलाब

आरटीई अधिनियम 2017 में संशोधन तक जारी रहेगा परिषदीय शिक्षकों का चरणबद्ध आंदोलन

15 शिक्षक संगठनों ने दिया आंदोलन को अपना समर्थन


Varanasi (dil india live). सुप्रीम कोर्ट के हालिया फैसले से उत्पन्न शिक्षकों के अस्तित्व, मान सम्मान एवं सेवा शर्तों में छेड़छाड़ के मुद्दे पर शिक्षकों ने सड़क पर उतर कर अपना विरोध दर्ज कराया और ऐलान किया कि RTE अधिनियम 2017 में संशोधन जब तक नहीं हो जाता तब तक परिषदीय शिक्षकों का चरणबद्ध आंदोलन जारी रहेगा l 

टेट मुक्ति संयुक्त मोर्चा वाराणसी के बैनर तले टेट (शिक्षक पात्रता परीक्षा ) की अनिवार्यता समाप्त करने हेतु गठित साझा मंच द्वारा 20 सितम्बर को जनपद के लगभग 15 अनुषान्गिक संगठनों के प्रतिनिधियों तथा शिक्षक /शिक्षिकाओं के उमड़े सैलाब को सम्बोधित करते हुए वक्ताओं ने एकमत से प्रस्ताव पास करते हुए कहा कि हम सब उत्तर प्रदेश सरकार के आभारी हैं कि मुख्यमंत्री द्वारा कोर्ट मे पुनर्विचार याचिका दाखिल किया गया है। इससे शिक्षकों को कुछ राहत जरूर मिली है किन्तु जानकार ने इसे आधी-अधूरी तैयारी से उठाया हुआ गया कदम बताया क्योंकि पुनर्विचार याचिका में शिक्षकों के लिए टी ई टी के लिए 2 के बजाय 5 वर्ष की समय सीमा बढ़ाने की मांग , इंटरमीडियट बीटीसी, उर्दू बीटीसी, सीपीएड /डीपीएड योग्यता धारी शिक्षकों के बारे में कोई उल्लेख नहीं है। सुप्रीम कोर्ट का निर्णय एनसीटीई द्वारा दाखिल हलफनामा के आरटीई संशोधित अधिनियम 2017 के आलोक में ही दिया गया है, जिसमें सरकार आरटीई 2009 के अस्तित्व में आने से पहले यानी वर्ष 2011 के पूर्व नियुक्त शिक्षकों को इससे मुक्त रखने का सपष्ट उल्लेख नहीं किया है l      


शिक्षकों ने सर्वम्मति से मांग रखा कि सरकार सर्वप्रथम आरटीई के अधिनियम 2017 में संशोधन कर वर्ष 2011 से पूर्व नियुक्त सभी शिक्षकों को टीईटी की अनिवार्यता से मुक्त करते हुये पुनर्विचार याचिका की मजबूत पैरवी कर शिक्षकों को इससे निजात दिलाये, क्योंकि अपनी सेवा के स्वर्णिम 15 से 30 वर्ष देने के बाद आज 50 से 55 वर्ष की उम्र में टीईटी की परीक्षा पास करने की अनिवार्यता न सिर्फ़ असंगत बल्कि अव्यवहारिक भी है l जिस पर मुख्यमंत्री ने सैद्धांतिक सहमति जताते हुए उनके पूर्व की सेवाओं की खुले मन से तारीफ़ भी की है l 

       


  ज्ञातव्य हो कि टेट मुक्ति संयुक्त मोर्चा के बैनर तले वाराणसी के सभी संगठनों के प्रतिनिधियों सहित शिक्षक/शिक्षिकाओं का स्वतःस्फुर्त हुजूम कार्यालय जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, परिसर से इस काले क़ानून को वापस लेने, शिक्षकों के मान सम्मान से खिलवाड़ बन्द करने, विभाग को प्रयोगशाला न बनाने, शिक्षकों को अवसाद की स्थिति से निकालने तथा मुख्यमंत्री की अब तक की मानवीय पहल की तारीफ़ के गगनभेदी नारे के साथ हाँथो में अपने मांगों व विभिन्न विसँगतियाँ लिखी तख़्तियाँ लिए हुये मिडिया एवं लोंगो का ध्यान अपनी तरफ आकृष्ट करते चल रहे थे l जुलूस पुलिस लाइन चौराहा वाया गोलघर चौराहा होते हुये,कलेक्ट्रेट कार्यालय कचहरी पहुँचकर जिलाधिकारी द्वारा,, प्रधानमंत्री भारत सरकार तथा मानव संसाधन विकास मंत्री भारत सरकार को सम्बोधित ज्ञापन सौंपा l 

               टेट मुक्ति संयुक्त मोर्चा वाराणसी के ज्ञापन कार्यक्रम में पूर्व माध्यमिक जूनियर हाई स्कूल शिक्षक संघ के अध्यक्ष बिनोद कुमार उपाध्याय, महामंत्री रविंद्र कुमार यादव, प्राथमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष सकलदेव सिंह, महामंत्री डॉ शैलेन्द्र विक्रम सिंह, अटेवा के जिलाध्यक्ष चंद्र प्रकाश गुप्ता, अटेवा के महामंत्री बी एन यादव, उपाध्यक्ष एहतेशामुल हक,मंत्री ज़फ़र अंसारी,विशिष्ट बी टी सी शिक्षक संघ के अध्यक्ष यशोवर्धन त्रिपाठी,महामंत्री अशोक यादव, अटेवा महिला विंग की अध्यक्ष सारिका दूबे,महिला शिक्षक संघ की अध्यक्ष अमृता सिंह,पूर्व अध्यक्ष अंकिता श्रीवास्तव,आनंद कुमार सिंह, रविंद्र कुमार सिंह, अमिताभ मिश्रा, रामा यादव, विनोद कुमार सिंह, चंद्र प्रकाश गुप्ता,अमृता सिंह,अर्चना सिंह, सुरेश कुमार सिंह, राजीव कुमार सिंह,संजय गुप्ता, जितेंद्र कुमार सिंह, अशोक यादव, डा 0 राजेश्वर सिंह, डॉ मनीष कुमार कुशवाहा, शैलेन्द्र कुमार पाण्डेय, राकेश चन्द्र पाठक महाकाल, संतोष कुमार सिंह, शकील अहमद, दिनेश कुमार सिंह, प्रीति शुक्ला, राजेश कुमार सिंह, संतोष कुमार सिंह, कुमारी प्रतिमा, शिवजतन यादव, रेखा उपाध्याय, सुदर्शन, अनीता सिंह ,आरती गौतम, क्षितिज कुमार दीक्षित, सत्यनारायण वर्मा, बाबूलाल, हिमांशु कुमार श्रीवास्तव, आनंद प्रकाश रस्तोगी, अमित कुमार सिंह, श्यामबिहारी, शशिकांत दुबे, अब्दुर्रहमान, संजय कुमार श्रीवास्तव, अजय कुमार श्रीवास्तव, संकलनारायण सिंह, सुनीता, प्रशांत कुमार उपाध्याय, यशपाल यादव, श्रीनिवास सिंह, अशोक यादव, रामसागर, योगेश यादव, मोहन लाल, अखिलेश विश्वकर्मा,  गिरीश चंद्र यादव, बसंत कुमार, प्रभात सिंहा,  बृजेश कुमार यादव, अरविंद सिंह, रमेश यादव, ज्योति प्रकाश, वीरेंद्र सिंह, संगीता यादव, सुखपाल सिंह, सहित हजारों शिक्षक /शिक्षकायें उपस्थित रहे।

शनिवार, 20 सितंबर 2025

UP: BLW Varanasi Main मैराथन में उमड़ा जनसैलाब,

"स्वच्छता ही सेवा अभियान" के अंतर्गत साइकिलोथान और वाकथान का आयोजन

 

F. Farouqi Babu 

Varanasi (dil india live). बनारस रेल इंजन कारखाना में महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह के निर्देशन में स्वच्छता ही सेवा अभियान के अंतर्गत मैराथन, साइकिलोथान और वाकथान का आयोजन किया गया। बनारस रेल इंजन कारखाना के गोल्फ कोर्स गेट से प्रातः 7 बजे प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर, सुशील कुमार श्रीवास्तव ने हरी झंडी दिखा कर मैराथन, साइकिलोथान और वाकथान की टीमों को रवाना किया।


साइकिलोथान और मैराथन का रूट

गोल्फ कोर्स गेट से प्रारंभ होकर आरपीएफ चेक पोस्ट, सूर्य सरोवर, इंटरमीडिएट कॉलेज चौराहा, नाथूपुर रेलवे क्रॉसिंग एवं प्रशासन भवन तिराहा से होते हुए बरेका स्टेडियम गेट तक था।

वाकथान रूट

गोल्फ कोर्स गेट प्रारंभ होकर आरपीएफ चेक पोस्ट, कुंदन, रेलवे आवास 122, रेलवे आवास 152, रेलवे आवास 181 एवं सिनेमा हॉल तिराहा से होते हुए बरेका स्टेडियम गेट तक रखा गया था।

स्वच्छ भारत, हरित बरेका की गूंज 

मैराथन, साइकिलोथान और वाकथान के दौरान स्वच्छ भारत, स्वस्थ भारत एवं हरित बरेका,स्वस्थ बरेका जैसे स्वच्छता से प्रेरित नारों के उदघोष से संपूर्ण बरेका परिसर गूंज उठा। इस दौरान आयोजन में भाग लेने वाले सभी सदस्यों के हाथों में  मौजूद स्वच्छता को समर्पित आकर्षक पोस्टर एवं बैनर,स्वच्छता के संदेश को जन-जन तक पहुंचा रहे थे।  इस अवसर पर प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर सुशील कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि "स्वच्छता केवल आदत ही नहीं, बल्कि हमारे जीवन का मूलभूत आधार है। स्वच्छ वातावरण ही स्वस्थ और प्रगतिशील समाज का निर्माण करता है।"


इस अभियान में मुख्य सतर्कता अधिकारी अंकुर चंद्रा, मुख्य यांत्रिक इंजीनियर उत्पादन एवं विपणन सुनील कुमार, मुख्य अभिकल्प इंजीनियर (विद्युत) अनुराग कुमार गुप्ता, मुख्य संरक्षा अधिकारी, राम जन्म चौबे, उप महाप्रबंधक अनुज कटियार, जन संपर्क अधिकारी राजेश कुमार, रेल सुरक्षा बल निरीक्षक के. के. सिंह, वरिष्ठ कोच बास्केटबॉल, राजू यादव सहित सेंट जॉन्स एंबुलेंस ब्रिगेड, सिविल डिफेंस, भारत स्काउट एंड गाइड के सदस्य, रेलवे सुरक्षा बल के जवान, समस्त खेल एवं अकादमी के प्रशिक्षक एवं प्रशिक्षु, एवं बड़ी संख्या में कर्मचारीगण भी शामिल रहे। दरअसल इस भव्य आयोजन का मुख्य उद्देश्य समस्त जनमानस में स्वच्छता के प्रति जागरूकता और सहभागिता का विस्तार करना था।

UP: Varanasi K BLW Main स्‍वस्‍थ नारी, सशक्‍त परिवार अभियान में जुटे रक्तदाता

स्‍वैच्छिक रक्‍तदान शिविर में 50 लोगों ने दिया रक्त


F. Farouqi Babu 

Varanasi (dil india live). बरेका महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह के दिशा-निर्देशन एवं प्रमुख मुख्‍य चिकित्‍सा अधिकारी डॉ. देवेश कुमार के कुशल नेतृत्‍व में स्‍वस्‍थ नारी, सशक्‍त परिवार अभियान के अंतर्गत केन्‍द्रीय चिकित्‍सालय, बरेका में स्‍वैच्छिक रक्‍तदान शिविर का आयोजन किया गया। यह शिविर श्री शिव प्रसाद गुप्‍त चिकित्‍सालय, कबीरचौरा, वाराणसी के सहयोग से संपन्‍न हुआ। इस अवसर पर पुरूषों के साथ-साथ महिलाओं ने भी उत्‍साहपूर्वक हिस्सा लिया। विशेष रूप से बरेका महिला कल्‍याण संगठन की सदस्याएं अंजू गुप्‍ता, श्वेता सिंह, अर्चना तिवारी, चिकित्सालय कर्मचारी डॉ. मंजुषा रानी लाल, संजूलता गौतम, उपासना यादव एवं रत्‍ना सिंह ने रक्‍तदान कर महिला की समग्र भागीदारी और नारी सशक्‍तिकरण का प्रेरणादायक उदाहरण प्रस्‍तुत किया।


प्रमुख मुख्‍य चिकित्‍सा अधिकारी डॉ. देवेश कुमार ने कहा कि – “रक्‍तदान जैसे पुनीत कार्य में समाज के सभी वर्गों को जागरूक होकर भाग लेना चाहिए, ताकि परिवार की मुख्‍य धुरी नारी सहित सभी जरूरतमंदों को समय पर सुरक्षित रक्‍त उपलब्‍ध कराया जा सके।” 

इस अवसर पर बरेका के चिकित्‍सक डॉ. विजय सिंह, डॉ. मिन्‍हाज अहमद, डॉ. संतोष कुमार मौर्या, डॉ. विशाल मिश्रा, डॉ. गौरव सिंह, डॉ. अभिषेक कुमार गुप्‍ता, अमित गुप्‍ता, सौरभ सागर तथा प्रधानाचार्य, बरेका इंटर कॉलेज ए.के.माहेश्वरी ने भी रक्‍तदान कर समाज को जागरूकता किया। इनके साथ ही रक्तदान शिविर में भारतीय रेलवे मजदूर संघ के राष्‍ट्रीय संगठन मंत्री राधा बल्‍लभ त्रिपाठी, बरेका कर्मचारी परिषद सदस्‍य धर्मेन्‍द्र कुमार सिंह तथा ओबीसी एसोसिएशन सदस्‍य हरिशंकर यादव ने रक्‍तदान कर लोगों को प्रोत्‍साहित किया तथा बरेका कर्मचारी परिषद के संयुक्‍त सचिव श्रीकांत यादव, कर्मचारी परिषद सदस्‍य नवीन सिन्‍हा, अमित कुमार व ओबीसी एसोसिएशन के सदस्‍य अजय कुमार के अतिरिक्‍त उप मुख्य यांत्रिक इंजीनियर मनोज कुमार के साथ ही बरेका के अन्‍य अधिकारी व कर्मचारियों ने इस पुनीत कार्य के लिए जन-जागरूकता फैलायी, ताकि अधिक से अधिक लोग इस कार्यक्रम में रक्‍तदान कर सकें । इस स्‍वैच्छिक रक्‍तदान शिविर में  50  व्‍यक्तियों ने रक्‍तदान किया। 


शिविर की सफलता में ये रहे भागीदार 

 वरिष्‍ठ मंडल चिकित्‍साधिकारी डॉ. एस.के. मौर्या, डॉ. मधुलिका सिंह, नर्सिंग अधिकारी कमला श्रीनिवासन, अंजना टौड, सीता कुमारी सिंह, संजू लता गौतम, तथा एच.ए. रंजनी, सूरज, राकेश चौधरी तथा कबीरचौरा मंडलीय जिला चिकित्‍सालय के ब्‍लड बैंक अधिकारी डॉ. संजीव कुमार सिंह के नेतृत्‍व में उनकी टीम – नर्सिंग अधिकारी मीना श्रीवास्‍तव, एल.टी. बद्री राम, रमेश कुमार सिंह, जनसंपर्क अधिकारी श्री दीपक कुमार सिंह, काउन्‍सलर श्री विकास कुमार, वरिष्‍ठ लैब असिस्‍टेंट सत्‍येन्‍द्र कुमार, लैब अटेन्‍डेन्‍ट अभिषेक कुमार, राजबली पाल, सुशांत मोदनवाल एवं श्री शुभम मौर्या ने महत्‍वपूर्ण भूमिका निभाई


 

शुक्रवार, 19 सितंबर 2025

UP-Varanasi Main में कैमेलिया सोशल वेलफेयर सोसाइटी का विशेष अभियान

'विश्वकर्मा' और 'युवा सम्मान' योजनाओं से ग्रामीणों को किया गया रूबरू 

सरकारी योजनाओं से ग्रामीणों को सशक्त बनाने का लक्ष्य


Varanasi (dil india live).  कैमेलिया सोशल वेलफेयर सोसाइटी ने BLW Varanasi के कंदवा गांव में शुक्रवार को महत्वपूर्ण जागरूकता अभियान चलाया। अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण और वंचित वर्ग के लोगों को केंद्र तथा राज्य सरकार की विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं से रूबरू कराना था। इस अभियान के दौरान विशेष रूप से विश्वकर्मा सम्मान योजना और युवा सम्मान योजना जैसी प्रमुख योजनाओं पर जोर दिया गया, ताकि योग्य ग्रामीण अपनी क्षमतानुसार लाभ उठाकर आत्मनिर्भर बन सकें। इस दौरान संस्था के मेम्बर्स ने ग्रामीणों के साथ सेल्फी भी ली।

​सोसाइटी की उपाध्यक्ष वर्तिका शर्मा, सचिव सैफुल्लाह खान, प्रोजेक्ट मैनेजर पूजा पांडेय और सहायक चंद्रप्रकाश पांडे सहित कई प्रमुख पदाधिकारी इस अभियान की अगुवाई कर रहे थे। उन्होंने ग्रामीणों, विशेषकर उन लोगों से सीधा संवाद किया जिनके पास पारंपरिक शिल्प कौशल या कोई विशेष योग्यता है, लेकिन जानकारी के अभाव में वे अपनी क्षमता का सदुपयोग नहीं कर पा रहे हैं। उन्हें विश्वकर्मा सम्मान योजना के तहत मिलने वाले कौशल विकास, आधुनिक उपकरण और वित्तीय सहायता के बारे में विस्तार से बताया गया। इसी प्रकार, युवाओं को युवा सम्मान योजना के माध्यम से स्वरोजगार और उद्यमशीलता के अवसरों से जुड़ने के लिए प्रेरित किया गया।

​यह कार्यक्रम कंदवा गांव की निवासी रीना शर्मा के सिलाई प्रशिक्षण केंद्र पर आयोजित किया गया था, जहाँ बड़ी संख्या में स्थानीय महिलाएं सिलाई का प्रशिक्षण लेती हैं। इस स्थान का चुनाव इसलिए किया गया ताकि महिलाएं और अन्य ग्रामीण बिना किसी झिझक के जुड़ सकें और योजनाओं के बारे में जानकारी प्राप्त कर सकें।


​अभियान का मुख्य जोर इस बात पर था कि सरकार द्वारा चलाई जा रही कई योजनाएं जैसे स्वास्थ्य बीमा, शिक्षा ऋण, कृषि सब्सिडी, महिला एवं बाल विकास से संबंधित योजनाएं, विश्वकर्मा सम्मान योजना, युवा सम्मान योजना और आजीविका के अवसर ग्रामीण और कमजोर तबके तक पहुँचें। सोसाइटी का मानना है कि इन वर्गों में जागरूकता पैदा करना अत्यंत आवश्यक है ताकि वे स्वयं आगे आकर इन योजनाओं से जुड़ें और उनका अधिकतम लाभ उठाएँ।

​सोसाइटी के पदाधिकारियों ने बताया, "हमारा प्रयास सिर्फ जानकारी देना नहीं है, बल्कि लोगों के भीतर यह विश्वास पैदा करना है कि वे भी इन योजनाओं के हकदार हैं और सरकार उनके कल्याण के लिए प्रतिबद्ध है। विशेषकर, विश्वकर्मा सम्मान योजना और युवा सम्मान योजना जैसी पहल उन लोगों के लिए गेमचेंजर साबित हो सकती हैं जिनके पास कौशल है, लेकिन संसाधनों की कमी है। हम ऐसे लोगों को सक्रिय रूप से जोड़ना और उन्हें सशक्त बनाना चाहते हैं।"


अभियान में ग्रामीणों और विशेष रूप से महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, अपनी शंकाओं को दूर किया और योजनाओं के बारे में विस्तार से जाना। कैमेलिया सोशल वेलफेयर सोसाइटी ने संकल्प लिया है कि वे भविष्य में भी ऐसे जागरूकता अभियानों को जारी रखेंगे, ताकि कोई भी पात्र व्यक्ति सरकारी योजनाओं के लाभ से वंचित न रहे और अपनी योग्यता का पूर्ण उपयोग कर सके।

UP : Varanasi K Rajesh Kumar Gupta का Lucknow में मुख्यमंत्री ने किया सम्मान

बनारस में राजेश रक्तदान के चलते 'सेंचुरियन गुप्ता' के नाम से हैं विख्यात 

Varanasi (dil India live). काशी रक्तदान नेत्रदान कुटुम्ब समिति वाराणसी के संस्थापक सचिव एवं रोटरी क्लब ब्लड डोनर्स वाराणसी के संस्थापक अध्यक्ष रोटेरियन राजेश कुमार गुप्ता सेंचुरियन को उत्तर प्रदेश रक्त संचरण परिषद द्वारा लखनऊ में देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रशस्ति पत्र और अंग वस्त्रम देकर सम्मानित किया। 

108 बार कुल रक्त, प्लेटलेट्स और प्लाज्मा दान करने वाले राजेश गुप्ता का कहना है कि यह उपलब्धि एक दिन में नहीं मिली है। यह मुकाम सच्ची सेवा और मानव कल्याण करने के कारण मिला है। इनकी संस्था वाराणसी में छः रक्त केंद्र को गोद ली हुई है। जिसमें होमी भाभा कैंसर हॉस्पिटल, महामना मदन मोहन मालवीय कैंसर हॉस्पिटल, सर सुंदर लाल IMS BHU, BHU ट्रामा, श्री शिव प्रसाद गुप्त मंडलीय अस्पताल तथा पंडित दिन दयाल जिला अस्पताल शामिल हैं।

क्या-क्या है राजेश की खासियत 

108 बार कुल रक्त, प्लेटलेट्स और प्लाज्मा दान करने वाले रोटरी क्लब से जुड़े राजेश गुप्ता का कहना है कि यह उपलब्धि एक दिन में नहीं मिली है। यह मुकाम सच्ची सेवा और मानव कल्याण करने के कारण मिला है। इनकी संस्था वाराणसी में छः रक्त केंद्र को गोद ली हुई है। जिसमें होमी भाभा कैंसर हॉस्पिटल, महामना मदन मोहन मालवीय कैंसर हॉस्पिटल, सर सुंदर लाल IMS BHU, BHU ट्रामा, श्री शिव प्रसाद गुप्त मंडलीय अस्पताल तथा पंडित दिन दयाल जिला अस्पताल शामिल हैं।

कोविड काल में पूर्वांचल के प्रथम और अधिकतम प्लाज्मा दान करने वाले पहले व्यक्ति है। सर्वाधिक 4 बार कोविड काल में प्लाज्मा दान करने का रिकॉर्ड भी इनके नाम से दर्ज है। यूनिसेफ उत्तर प्रदेश और उत्तर प्रदेश सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी इनको सम्मानित किया है। 41 बार ब्लड और 63 बार प्लेटलेट्स के साथ ही ड्यूअल डोनेशन करने वाले पहले रोटेरियन है। इनके इस महान कार्यों को देखते हुए ही रोटरी इंटरनेशनल मंडल 3120 में 5 वी बार दायित्व सौंपा गया है। सिर्फ रक्तदान करते ही नहीं है ये रक्तदान मुहिम को भी आगे बढ़ाने का कार्य करते हैं। इस सम्मान के लिए सबसे पहले अपने दिवंगत पिता का आभार व्यक्त करते हैं कि उन्होंने इस मार्ग पर चलना सिखाया। आज भी उनकी माता और पत्नी अन्नपूर्णा को डर सताता रहता है कि इतना ब्लड देते, मगर अपना ध्यान उतना नहीं रखते हैं। पत्नी और मां हिदायत देती है कि अपना ध्यान रखा किजिए। 

इस उपलब्धि की जानकारी मिलने पर सोशल मीडिया पर और व्यक्तिगत रूप से तमाम लोग उन्हें शुभकामनाएं दे रहे हैं। इसमें केशव जलान, निधिदेव अग्रवाल, प्रदीप इसरानी, नीरज पारिख, अमित गुजराती, नमित पारिख, धीरज मल्ल, प्रशांत गुप्ता, आशीष केसरी, अभिनव टकसाली, अभ्रज्योत राय, विभोर मोगा, डॉक्टर आशुतोष अग्रवाल, अमर अग्रवाल, प्रशांत नागर, डॉक्टर आशीष गुप्ता एवं अन्य मित्रों ने बधाईयां दी हैं।

Education: VKM Varanasi Main अनुसंधान पद्धति और शोध प्रबंध लेखन पर तीन दिवसीय workshop

शोधार्थियों को सांख्यिकीय विश्लेषण की बुनियादी तकनीकों से कराया परिचित


Varanasi (dil india live). वसंत कन्या महाविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग तथा ओशन सेल फोरम के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित तीन दिवसीय कार्यशाला के द्वितीय दिन (19 सितंबर) को शोध से संबंधित प्रायोगिक सत्रों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. रचना श्रीवास्तव ने छात्राओं के सक्रिय सहभाग की सराहना करते हुए कहा कि शोध में उनकी ऐसी सहभागिता भविष्य की शैक्षणिक उपलब्धियों का आधार बनेगी। समाजशास्त्र विभाग की प्रमुख डॉ. कल्पना आनंद के स्वागत संबोधन से हुआ। उन्होंने अतिथियों का अभिनंदन करते हुए शोध कार्य में आधुनिक सॉफ्टवेयर उपकरणों की भूमिका पर प्रकाश डाला।
पहले सत्र की मुख्य वक्ता डॉ. शुभ्रा सिन्हा, सहायक प्रोफेसर, मनोविज्ञान विभाग ने SPSS सॉफ्टवेयर के प्रयोग पर विस्तृत जानकारी साझा की। उन्होंने डेटा क्लीनिंग, डेटा कोडिंग तथा डेटा एंट्री की व्यावहारिक प्रक्रिया को समझाया और शोधार्थियों को सांख्यिकीय विश्लेषण की बुनियादी तकनीकों से परिचित कराया। दूसरे सत्र की विशेषज्ञ नम्रता गुप्ता (पुस्तकालयाध्यक्ष, वसंत कन्या महाविद्यालय) ने शोध में संदर्भ प्रबंधन हेतु Zotero और Mendeley सॉफ्टवेयर के प्रयोग पर व्यावहारिक प्रस्तुति दी। उन्होंने शोधार्थियों को बताया कि किस प्रकार इन सॉफ्टवेयर्स की सहायता से शोध कार्य में संदर्भ सूची और साइटेशन तैयार करना सरल एवं सटीक बनाया जा सकता है। कार्यक्रम का संचालन जिसुस्मिता कश्यप और रितिका सत्या ने किया। रिपोर्ट का संकलन मास्टर्स फाइनल वर्ष की मृणालजीत द्वारा किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के विभिन्न विभागों के शोधार्थियों के साथ-साथ संकाय सदस्य डॉ. अखिलेश कुमार राय, डॉ. अनुराधा बापुली एवं डॉ. सिमरन सेठ की सक्रिय उपस्थिति रही। 
(नीचे जानिए पहले दिन क्या हुआ था।)

शोध कार्य में गंभीरता, अनुशासन और मौलिकता को सदैव प्राथमिकता दें-प्रो. रचना


Varanasi (dil india live). वसंत कन्या महाविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग द्वारा ओशन सेल फोरम के सहयोग से 18 सितंबर से 20 सितंबर तक अनुसंधान पद्धति और शोध प्रबंध लेखन पर तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का उद्देश्य प्रतिभागियों को शोध प्रक्रिया, शोध प्रबंध संरचना, डेटा विश्लेषण और व्याख्या तकनीकों की समग्र समझ प्रदान करना था। 

पहले दिन कार्यशाला का आगाज़ महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. रचना श्रीवास्तव के संबोधन से हुआ। उन्होंने शोध को उच्च शिक्षा का आधार बताते हुए कहा कि यह छात्राओं की आलोचनात्मक सोच और अकादमिक दृष्टि को विकसित करने का महत्वपूर्ण साधन है। उन्होंने प्रतिभागियों से आग्रह किया कि वे शोध कार्य में गंभीरता, अनुशासन और मौलिकता को सदैव प्राथमिकता दें। इसके पश्चात् समाजशास्त्र विभाग की प्रमुख डॉ. कल्पना आनंद ने स्वागत संबोधन प्रस्तुत किया। उन्होंने अथितियों का स्वागत किया और प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए कार्यशाला के उद्देश्य एवं महत्त्व पर प्रकाश डाला। डॉ. अखिलेश कुमार राय, सहायक प्रोफेसर, समाजशास्त्र विभाग ने “अनुसंधान पद्धति” विषय पर थीम प्रेज़ेंटेशन प्रस्तुत किया। 



प्रथम सत्र में डॉ. अंशु शुक्ला, मुख्य अतिथि, एसोसिएट प्रोफेसर, होम साइंस डिपार्टमेंट ने “शोध प्रबंध लेखन की संरचना” पर व्याख्यान प्रस्तुत किया। उन्होंने शोध प्रबंध के विकास की प्रक्रिया, अध्यायों के संगठन, उचित उद्धरण पद्धतियाँ, शोध प्रश्नों के निर्माण और लेखन में अकादमिक अनुशासन बनाए रखने की रणनीतियों पर विशेष बल दिया। द्वितीय सत्र में डॉ. विजय कुमार, सहायक प्रोफेसर, अर्थशास्त्र विभाग ने “डेटा विश्लेषण और व्याख्या” विषय पर विस्तृत प्रस्तुति दी। उन्होंने सांख्यिकीय उपकरणों के उपयोग, विभिन्न डेटा विश्लेषण तकनीकों और शोध से सार्थक निष्कर्ष निकालने हेतु सही व्याख्या की महत्ता को रेखांकित किया। 


प्रथम सत्र का संचालन दीक्षिता फुकन और रिचा ने किया, और द्वितीय सत्र का संचालन अस्मिता और अर्घ्यरूपा साहू जिन्होंने कार्यक्रम को सुचारु रूप से संचालित किया। कार्यशाला की संपूर्ण रिपोर्ट मास्टर्स फाइनल की ह्रदयांशी द्वारा संकलित की गई। कार्यक्रम में संकाय सदस्यों डॉ सपना भूषण, डॉ. अनुराधा बापुली और डॉ. सिमरन सेठ की उपस्थिति ने भी प्रतिभागियों को प्रेरणा और मार्गदर्शन प्रदान किया।