बुधवार, 28 सितंबर 2022

Aap के प्रदेश किसान प्रकोष्ठ का विस्तार

वाराणसी के कृष्ण चौरसिया प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष,अरविंद पटेल प्रदेश उपाध्यक्ष

  • हरिशंकर सिंह को प्रदेश सचिव की कमान


Varanasi (dil india live). आम आदमी पार्टी के किसान प्रकोष्ठ का विस्तार किया गया। इसकी जानकारी देतें हुए प्रदेश प्रवक्ता मुकेश सिंह ने बताया कि पार्टी के राज्यसभा सांसद/यूपी प्रभारी संजय सिंह  की स्वीकृति के पश्चात प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष महेश त्यागी ने किसान प्रकोष्ठ के प्रदेश कार्यकारिणी का विस्तार किया, जिसमें वाराणसी जिले का दबदबा रहा। वाराणसी निवासी कृष्ण चौरसिया(मुन्ना) को प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गयीं, वाराणसी के पिंडरा निवासी अरविंद पटेल को प्रदेश उपाध्यक्ष तो वाराणसी के ही सेवानिवृत्त प्रधानाध्यापक (क्वीन्स कालेज) हरिशंकर सिंह को प्रदेश सचिव की कमान सौंपी गयीं। 
       इनके नियुक्ति पर शीर्ष नेतृत्व को धन्यवाद देतें हुए, वरिष्ठ नेता देवकांत वर्मा, जिला मीडिया प्रभारी घनश्याम पांडेय, वरिष्ठ नेता अब्दुल्ला खां, महानगर अध्यक्ष अखिलेश पांडेय, बिहारी लाल सिंह,अमर सिंह, अनुराग अग्रवाल (प्रदेश उपाध्यक्ष, व्यापार प्रकोष्ठ),भरत यादव (प्रदेश सचिव, व्यापार प्रकोष्ठ) आदि ने सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को बधाई दी हैं।

मंगलवार, 27 सितंबर 2022

Kashi se kaba की उड़ान शुरू हो: Hafiz noushad azmi

हज कान्फ्रेंस में हज मंत्री उड़ान का करें ऐलान

  • हाफिज नौशाद आजमी ने किया मांग
  • 29 सितंबर को है हज कान्फ्रेंस 




  • Aman 
Varanasi (dil india live). हाफिज नौशाद आजमी ने मांग किया है कि काशी से काबा की उड़ान फिर से शुरू किया जाएं। यह वही नौशाद आजमी हैं जिन्होंने लखनऊ और वाराणसी से हज की उड़ान शुरू कराने के लिए सफल आंदोलन चलाया था। दो दशक से अधिक समय से देश के हज यात्रियों की समस्याओं के समाधान के लिए वो संघर्ष करते आ रहे हैं। उत्तर प्रदेश राज्य हज कमेटी से दो बार निर्वाचित केंद्रीय हज कमेटी के पूर्व में हाफिज नौशाद अहमद आजमी सदस्य भी थे। 
हाफिज नौशाद आजमी ने अल्पसंख्यक कल्याण व हज की केंद्रीय मंत्री स्मृति ईरानी से मांग किया है कि 29 सितंबर 2022 को आयोजित दिल्ली में ऑल इंडिया हज कॉन्फ्रेंस के अवसर पर 9 इंबारकेशन पॉइंट जहां से हज यात्री जाते थे वाराणसी, गया, रांची, जयपुर, भोपाल, कालीकट, नागपुर औरंगाबाद, चेन्नई के हज यात्रियों की हवाई उड़ान स्थल जो बंद कर दिए गए थे उसे शुरू कराने की घोषणा करें।

जनाब आजमी ने एक पत्र लिखकर केंद्रीय मंत्री स्मॄति ईरानी को भेजा है। उन्होंने लिखा है कि इस संबंध में 10 नवंबर 2021 को हमने मंत्रालय को एक पत्र लिखा था यह उड़ान स्थल बंद नहीं होने चाहिए हज यात्रियों को बहुत असुविधा होगी जिसका जवाब मंत्रालय ने 6 दिसंबर 2021 को दिया कि कोविड-19 से ऐसा किया गया है और अगर हज कोटा बढ़ेगा हम इस पर विचार करेंगे। इस मांग को लेकर 3/9/ 2022 को भी एक पत्र मंत्रालय को भेजा था जिसका जवाब अभी नहीं मिला है । आज़मी ने पत्र में लिखा है कि यह उड़ान सथल किसी भी दशा में बंद नहीं होनी चाहिए क्योंकि अब कोविड नहीं है और हज यात्रियों का कोटा भी 2019 की तुलना में 2023 में बढ़ने की प्रबल संभावना है। उन्होंने लिखा है कि देश के हज यात्रियों की आयु एवरेज जाने वालों की 65 वर्ष से अधिक होती है अगर यह उड़ान स्थल बंद किए गए तो उत्तर प्रदेश के सोनभद्र और बलिया बॉर्डर के लोगों को लखनऊ की 850 किलोमीटर की यात्रा तय करनी पड़ेगी बिहार बॉर्डर से कोलकाता लगभग 13 सौ किलोमीटर है और झारखंड से भी लगभग 12 सौ किलोमीटर कोलकाता की दूरी है। राजस्थान सीमा से दिल्ली की दूरी भी 1200 किलोमीटर लगभग है। मध्य प्रदेश की सीमा शुरू से मुंबई से 1500 किलोमीटर की दूरी पर है। 

ज्ञात रहे कि हज यात्रियों को उड़ान से 2 दिन पहले हज हाउस पहुंचकर जरूरी औपचारिकताएं पूरी करनी होती है इस तरह से इन हज यात्रियों को अपने घर से 4 दिन पहले निकलना पड़ेगा जो किसी भी दशा में उचित नहीं है।

उल्लेखनीय है कि 2019 में हज कमेटी द्वारा या ऑप्शन दिया गया था कि अपने करीब के आज उड़ान स्थल मुंबई, लखनऊ, दिल्ली, कोलकाता, जयपुर से लोग जा सकते हैं जहां का किराया इन जगहों से 10 हजार से ₹15000 कम था, लेकिन हज यात्रियों ने सुविधा को वरीयता दी, वाराणसी सहित इन्नोवेशन पॉइंट से हजारों हज यात्रा काबा के लिए रवाना हुए। इस तरह यह तय हो गया कि ज्यादा किराया देकर भी लोग इन जगहों से जाना पसंद करते हैं इसलिए किसी भी दशा में वाराणसी सहित यह 9 उड़ान स्थल बंद करना देश के हज यात्रियों के साथ अन्याय के समान होगा।

गौरतलब है कि हज यात्रियों के लंबे आंदोलन के बाद यह उड़ान स्थल एनडीए की स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेई सरकार ने शुरू किया था और कुछ उड़ान यूपीए की डॉ. मनमोहन सिंह की सरकार ने शुरू किया। जिसमें तकरीबन डेढ़ दशक से यह सुविधा हज यात्रियों को मिलती चली आ रही है। जनाब आजमी ने कहा की देश में हवाई अड्डा का विस्तार हो रहा है छोटे हवाई अड्डे बड़े हवाई अड्डे बन रहे हैं और ऐसी दशा में इन बूढ़े हज यात्रियों के साथ अन्याय क्यों ? आजमी ने मांग किया है कि 29 सितंबर को ऑल इंडिया हज कॉन्फ्रेंस में देश के हज यात्रियों को उड़ान स्थल वापस करके एक तोहफा दें। 

2007 में शुरू हुई थी काशी से काबा की उड़ान 

काशी से काबा की उड़ान वर्ष 2007 में लंबे संघर्षों के बाद हाफिज नौशाद अहमद की कोशिश से शुरू हुई थी। उस समय हज की उड़ान शुरू करने का श्रेय लेने की सियासी पार्टियों में होड़ मच गई थी, मगर जो लोग हज से जुड़े थे वो सब जानते और समझते हैं। तमाम मीडिया रिपोर्टों ने उड़ान शुरू होने पर हाफिज नौशाद आजमी को मुबारकबाद पेश की थी। इंडिया टुडे ने तो हाफिज नौशाद आदमी का पूरा इंटरव्यू भी विस्तार पूर्वक छापा था। जो इस बात की दलील है की हज की उड़ान के लिए हाफिज नौशाद आदमी और उनके हाजी साथियों ने कितना संघर्ष किया। एक बार फिर उड़ान बंद है मगर उसे पुनः शुरू करने के लिए हाफिज नौशाद आजमी के अलावा सतह पर कहीं कोई संघर्ष करता नहीं दिखाई दे रहा है।


रविवार, 25 सितंबर 2022

Majlis : मौला अब्बास त्याग, बलिदान की सबसे बड़ी नज़ीर: मौलाना कम्मबर अली

आओ अजादारों फर्शे मजलिस में, फातमा जे़हरा इंतेज़ार करती है...



Varanasi (dil india live). जिस वक्त हज़रत अब्बास घोड़े से जमीन पर आए, इमाम हुसैन बोझिल और दुःखी मन से उनके पास गए। उन्होंने हजरत अब्बास के सिर को अपने दामन में रखते हुए कहा कि इस प्रकार के संपूर्ण जिहाद के लिए ईश्वर तुम्हें बहुत अच्छा बदला दे।

उक्त बातें आज अर्दली बाजार में हांजी एस एम जाफर एडवोकेट के आवास  पर एक मजलिस को खिताब करते हुए मौलाना सैयद कम्मबर अली (रायबरेली) ने कही।

बाद मजलिस मौला अब्बास का ताबूत, अलम निकला जिसमें मोमिनो ने अपनी मन्नते मांगी। जुलूस देर रात मास्टर ज़हीर हुसैन की इमामबारगाह में जाकर समाप्त हुआ। जिसमें शहर की नामचीन अंजुमन सदाए अब्बास, अंजुमन जाफरिया,  ने नौहा व सक्का ए सकीना क मातम किया।

मजलिस का आगाज जीशान जौनपुरी की सोजखानी से हुआ। पेशखानी तफसीर जौनपुरी जैन बनारसी ने किया।

संचालन निजामत शाद सीवानी ने किया। मोमिनो का इस्तेकबाल हाजी एस एम जाफर, शुक्रिया एजाज़ अब्बास ने किया। मजलिस में शिरकत करने वाले प्रमुख लोगों में हाजी अबुल हसन हाजी मोहम्मद अब्बास, हसन मेहंदी कब्बन,अफर अब्बास , मेराज रिज़वी, रियासत हुसैन, फरहत एजाज़, विक्की जाफरी अमन मेंहदी, शबील हैदर रहे।

शुक्रवार, 23 सितंबर 2022

urs e Aala hazrat: बरेली में जुटे हैं आला हजरत के दीवाने


Barely (dil india live). बरेली में इमाम अहमद रजा खां फाजिले बरेलवी का 104 वां तीन रोजा उर्स-ए-रजवी आज अपने शबाब पर है। देश दुनिया से आला हजरत के दीवाने वहां न सिर्फ जुटे हुए हैं बल्कि सभी अकीदतमंद 2 ने जुमे की नमाज के बाद दोपहर में 2 बज के 38 मिनट पर कुल शरीफ में हिस्सा लिया। इस दौरान देश दुनिया में अमन और शांति के लिए लोगों ने हाथ उठाया।

पता होकि आगाज परचम कुशाई की रस्म के साथ हुआ था। सड़कों पर रजवी परचम लेकर चले रजा के दीवानों ने जिंदाबाद के नारे लगाए। परचम कुशाई की रस्म आजम नगर के अल्लाह बख्श के निवास से हुई। परचम कुशाई जुलूस का जगह-जगह फूलों से स्वागत किया गया। इस्लामियां ग्राउंड के मुख्य गेट पर परचम जुलूस का झंडा लहराया गया। इस तीन दिवसीय उर्स में जायरीन देश विदेश से आये हुए हैं, दो वर्षों से कोरोना के कारण आयोजन नहीं हुआ था।

गुरुवार की सुबह कुरानख्वानी। इसके बाद कांफ्रेस। सुबह 9.58 मिनट पर रेहाने मिल्लत व 10.30 बजे मु़फस्सिर-ए आजम के कुल की रस्म अदा हुई। इसके बाद आपसी सौहार्द कॉन्फ्रेंस हुई। दिन में कार्यक्रम व चादरपोशी का सिलसिला जारी रहा। रात में उलेमा की तकरीर हुई। अकीदतमंद देश-दुनिया के लाखों अकीदतमंद उर्स-ए-रजवी में हाजिरी के लिए बरेली पहुंचे हुए हैं। तीन दिन से शहर में अकीदत और रूहानियत का अनूठा नजारा दिखाई दे रहा है। मोहल्ला सौदागरान में दरगाह से लेकर उर्स स्थल इस्लामियां गाउंड, मथुरापुर स्थित इस्लामिक स्टडी सेंटर और बाकरगंज मदरसा जामिया नूरिया रजविया में उर्स की रौनक गुलजार हो गई। आज कुल की रस्म अदा हुई। मथुरापुर स्थित मदरसा जामियातुर्रज़ा को खूबसूरती से सजाया गया था।

बरेली में अकीदतमंदों की भीड़

इमाम अहमद रजा खां फाजिले बरेलवी का 104 वां तीन रोजा उर्स-ए-रजवी का आगाज परचम कुशाई की रस्म के साथ हुआ। सड़कों पर रजवी परचम लेकर चले रजा के दीवानों ने जिंदाबाद के नारे लगाए। परचम कुशाई की रस्म आजम नगर के अल्लाह बख्श के निवास से हुई। परचम कुशाई जुलूस का जगह-जगह फूलों से स्वागत किया गया। इस्लामियां ग्राउंड के मुख्य गेट पर परचम जुलूस का झंडा लहराया गया। 

गुरुवार, 22 सितंबर 2022

Medical news:एक और निजी अस्पताल को बंद कराने का निर्देश

निरीक्षण में गड़बड़ी मिलने पर उठाया गया यह कदम 

 


Varanasi (dil india live). जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग की ओर से अवैध अस्पतालों के खिलाफ अभियान में नरिया स्थित सहयोग हास्पिटल के औचक निरीक्षण में गड़बड़ियां मिली। निरीक्षण के दौरान वहां कोई भी योग्य चिकित्सक नहीं मिला। अस्पताल को बंद कराने के साथ ही संचालक के खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है।

 मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. संदीप चौधरी ने बताया कि अवैध निजी अस्पतालों के खिलाफ शुरू किये गये अभियान के तहत नारिया स्थित सहयोग अस्पताल का औचक निरीक्षण किया गया।  निरीक्षण के दौरान कोई भी चिकित्सक वहां नही पाया गया I मात्र एक स्टाफ उपस्थित थी जिन्होंने अपना नाम निशा बताया और यह भी बताया कि डा० टी०एस० उपाध्याय (बी०ए०एम०एस० ) यहा सुबह और शाम बैठते है और डा० एम० के० सिंह काफी समय से बीमार चल रहे है। निरीक्षण के दौरान चिकित्सालय में 2 बेड पड़े थे। एवं एलोपेथिक दवायें तथा इन्जेक्शन रखे थे चिकित्सालय बिना पंजीयन के संचालित किया जा रहा है। दूरभाष पर डा० टी०एस० उपाध्याय को तत्काल प्रभाव से चिकित्सालय बन्द करने के निर्देश दिये गये।  साथ ही आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।

Majlis e taboot में जुटेंगे अजादार


Varanasi (dil India live).चेहल्लुम के बाद अर्दली बाजार के उल्फत कम्पाउन्ड में सक्का ए सकीना का मातम व मौला अब्बास का ताबूतहा जी एसएम जाफर एडवोकेट के आवास पर 26 सफ़र 24 सितंबर शनिवार को रात्रि 8 बजे से उठाया जाएगा।

उक्त जानकारी देते हुए हसन मेहंदी कब्बन ने बताया कि मजलिस का आगाज़ जीशान जौनपुरी की सोजखानी से होगा। जब कि पेशखानी तफसीर जौनपुरी, जैन बनारसी करेंगे।मजलिस को मौलाना सैयद कमब्बर अली रायबरेली खिताब करेंगे। बाद मजलिस मौला अब्बास का ताबूत व अलम  निकलेगा।जिसमें शहर की नामचीन अंजुमन आज़ादरे हुसैनी, अंजुमन जाफरिया अंजुमन सदाए अब्बास अंजुमन इमामिया नौहा व सक्का ए सकीना का मातम करेगी। जुलूस मास्टर ज़हीर हुसैन के इमाम बारगाह में जाकर समाप्त होगा। संचालन शाद सीवानी करेगें।

बुधवार, 21 सितंबर 2022

3914 आंगनबाड़ी केंद्रों पर कल होगी स्वस्थ बालक - बालिका प्रतियोगिता

स्वस्थ बच्चे होंगे पुरस्कृत, पोषण स्तर में लाएंगे सुधार



Varanasi (dil india live)। राष्ट्रीय पोषण माह के अंतर्गत गुरुवार (22 सितंबर) को जनपद के सभी 3914  आंगनबाड़ी केंद्रों व ग्राम सभाओं पर स्वस्थ बालक-बालिका प्रतियोगिता का आयोजन होगा। इसमें शून्य से पांच वर्ष तक के करीब 3.57 लाख बच्चों के प्रतियोगिता में भाग लेने की उम्मीद है। प्रतियोगिता में सबसे स्वस्थ तीन बच्चे का चयन कर उन्हें पुरस्कृत किया जाएगा। यह जानकारी जिला कार्यक्रम अधिकारी (डीपीओ) डीके सिंह ने दी।     

डीपीओ ने बताया कि इस स्पर्धा को एक उत्सव के रूप में मनाया जाएगा। इस गतिविधि का मुख्य उद्देश्य जन्म से लेकर पाँच वर्ष तक के बच्चों के पोषण स्तर में सुधार लाना, पोषण की महत्ता पर जागरूकता बढ़ाना तथा एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा का वातावरण बनाना। प्रतियोगिता में स्वास्थ्य विभाग की भी महत्वपूर्ण भूमिका रहेगी। प्रतियोगिता के दौरान आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों का वजन और लम्बाई नापी जाएगी। उम्र के अनुसार बच्चों का टीकाकरण किया जाएगा। साथ ही अनुपूरक पोषाहार भी बांटा जाएगा। प्रतियोगिता में स्थानीय संस्थाओं, स्वयं सहायता समूहों, शैक्षणिक संस्थाओं, लायंस क्लब, रोटरी क्लब, आशा कार्यकर्ता और एएनएम का सहयोग लिया जाएगा। स्थानीय जनप्रतिनिधियों की भी सहभागिता प्राप्त करने की कोशिश होगी। 

यह है विजेता बनने के मानक

 स्वस्थ बालक-बालिका का चयन करने के लिए मानक निर्धारित किए गए हैं जैसे मासिक वृद्धि निगरानी के लिए पांच अंक, व्यक्तिगत स्वच्छता (साफ हाथ, नाखून काटना) के लिए 10 अंक, ऊंचाई-लंबाई के सापेक्ष वजन संबंधी पोषण श्रेणी के लिए 10 अंक, आहार की स्थिति के संबंध में 10 अंक, उम्र के अनुसार टीकाकरण के लिए 10 अंक, डीवार्मिंग (पेट के कीड़े निकालने) के लिए पांच अंक निर्धारित हैं। इस तरह से प्रतियोगिता के लिए कुल 50 अंक निर्धारित हैं। पुरस्कार के चयन के लिए ग्राम स्तर पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, पोषण पंचायत के सदस्य, ग्रामसभा के प्रतिनिधि, एएनएम, आशा कार्यकर्ता तथा स्थानीय शिक्षक को नामित किया गया है। विजेता का चयन प्रथम, द्वितीय और तृतीय तीन श्रेणियों में होगा। दो अक्टूबर को आयोजित होने पुरस्कार वितरण समारोह में विजेता बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्र व स्थानीय स्तर पर निर्मित खिलौने दिए जाएंगे।