शुक्रवार, 24 अप्रैल 2026

Education: “पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक हलचल एवं भारत की रणनीतिक प्रतिक्रिया” विषयक व्याख्यान

अमेरिका स्वार्थों के लिए मध्यपूर्व तथा उत्तरी अफ्रीका में सतत युद्ध की स्थिति को बनाए रखना चाहता है-प्रो. तेज प्रताप

पश्चिम एशिया वैश्विक संसाधनों, सामरिक मार्गों तथा अंतर्राष्ट्रीय शक्ति संतुलन की दृष्टि से महत्वपूर्ण


dil india live (Varanasi). वैश्विक राजनीति के बदलते परिदृश्य को समझने के उद्देश्य से वसंत महिला महाविद्यालय, राजघाट (वाराणसी) में “पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक हलचल एवं भारत की रणनीतिक प्रतिक्रिया” विषय पर राजनीति विज्ञान विभाग द्वारा एक विशिष्ट अतिथि व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस मौके पर मुख्य वक्ता प्रोफेसर तेज प्रताप सिंह, (राजनीति विज्ञान विभाग, काशी हिन्दू विश्वविद्यालय) थे। अंतरराष्ट्रीय संबंधों तथा शांति व संघर्ष अध्ययन के क्षेत्र में विशेषज्ञ प्रोफेसर तेज प्रताप सिंह ने भूराजनीति के तीन आयामों भूभाग, अवस्थिति तथा संसाधन पर विस्तार से चर्चा की।

प्रोफेसर तेज प्रताप सिंह ने अपने वक्तव्य में पश्चिम एशिया के भू-राजनीतिक महत्व को स्पष्ट करते हुए बताया कि यह क्षेत्र वैश्विक संसाधनों, सामरिक मार्गों तथा अंतर्राष्ट्रीय शक्ति संतुलन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है, जो विशेष रूप से अमेरिका के नीतिगत हितों को प्रतिबिंबित करता है।  उन्होंने  इज़राइल–ईरान तथा अमेरिका के बीच उभरते तनाव और संभावित संघर्ष के सामरिक विश्लेषण के माध्यम से वैश्विक राजनीति पर उसके प्रभावों को रेखांकित किया। साथ ही, इस पृष्ठभूमि में इजराइल-फिलिस्तीन संघर्ष, अरब राष्ट्रों की भूमिका, ईरान द्वारा अपनाई गई नीतियाँ तथा क्षेत्र के विभिन्न अंतर्विरोधों एवं गतिरोधों पर भी विस्तार से प्रकाश डाला।


प्रो सिंह ने वर्तमान संदर्भ में भारतीय प्रतिक्रिया को स्ट्रैटेजिक ऑटोनोमी, स्ट्रैटेजिक साइलेंस तथा कैलीबरेटेड इंगेजमेंट पर आधारित बताया। उन्होंने अमेरिकी वर्चस्ववादी नीति का विश्लेषण करते हुए बताया कि अमेरिका अपने निहित स्वार्थों की पूर्ति हेतु मध्यपूर्व तथा उत्तरी अफ्रीका में सतत युद्ध की स्थिति को बनाए रखना चाहता है। उन्होंने अमेरिका की वर्तमान नीति के संभावित प्रभाव को पॉल कैनेडी के इंपीरियल ओवररिच के संदर्भ में व्याख्यायित किया। प्रो. सिंह ने कहा कि समकालीन युग स्मार्ट पावर का है जो हार्ड पावर तथा सॉफ्ट पावर के मेल पर आधारित होता है। 

व्याख्यान के पश्चात प्रश्नोत्तर सत्र का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपने प्रश्न पूछे। वक्ता द्वारा दिए गए स्पष्ट उत्तरों ने इस सत्र को अत्यंत संवादात्मक और जीवंत बना दिया। 


इनकी रही खास मौजूदगी 
डॉ. पुनीता पाठक द्वारा धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम का संचालन सुर्यांशी द्वारा कुशलतापूर्वक किया गया। इस अवसर पर प्रो. प्रीति सिंह, डॉ. पुनीता पाठक, डॉ. मनीषा मिश्र, डॉ. विभा सिंह, डॉ. अरविंद जायसवाल, डॉ. प्रतीक सिंह, डॉ. मुशीरा जावेद, डॉ. कृष्ण मोहन एवं डॉ. श्वेता शिल्पा उपस्थित रहे। कार्यक्रम के सफल आयोजन  में विजय मोहिनी, श्रेया, निक्की, रितिका, एलिजाबेथ, वंशिका, शोभिता, अनुराधा एवं पूर्वा का योगदान सराहनीय रहा।

गुरुवार, 23 अप्रैल 2026

UP BOARD Result : Varanasi के सूर्यदीप अव्वल, दूसरे पर मानसी-अंशिका ने मारी बाजी

जानिए वाराणसी में कौन-कौन है टापर, यहां देखिए पूरा ब्यौरा


Mohd Rizwan 

dil india live (Varanasi). Uttar Pradesh madhyamik Shiksha Parishad (यूपी बोर्ड) की हाईस्कूल परीक्षा का परिणाम गुरुवार को घोषित हो गया। वाराणसी जिले के होनहारों ने एक बार फिर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। इस वर्ष टाप-10 सूची में अंकों का अंतर बेहद कम रहा, जिससे छात्र-छात्रों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिली। जनपद में सूर्य दीप प्रजापति ने सर्वाधिक अंक प्राप्त कर पहला स्थान हासिल किया, वहीं मानसी यादव व अंशिका यादव 576/600 (96.00 प्रतिशत) अंक के साथ संयुक्त रूप से दूसरे स्थान पर रहीं. शिवम कुमार ने 575/600 (95.830 प्रतिशत) अंक पाकर तीसरा स्थान प्राप्त किया।



ऐसे ही चौथे स्थान पर आराध्या बरनवाल (572/600, 95.33 प्रतिशत) रहीं, अमन मौर्य (571/600, 95.17 प्रतिशत) पांचवां स्थान, आंचल पटेल (570/600, 95.00 प्रतिशत) छठे और प्रियांशु यादव, प्रिंस, आरती विश्वकर्मा 569/600 (94.83 प्रतिशत) सातवें स्थान, आठवें स्थान पर अमृता शर्मा, रुद्रांश त्रिपाठी, विजयलक्ष्मी यादव 568/600 (94.67 प्रतिशत) ने अंक के साथ संयुक्त रूप से जगह बनाई और श्रेयांशी पांडेय, दिव्या सिंह, शालिनी सिंह 567 अंक व 94.50 प्रतिशत के साथ नौवें स्थान पर रहीं तो दसवें स्थान पर कड़ा मुकाबला देखने को मिला, जहां तनिष्क वर्मा, इशिता सिंह, सत्यम सिंह, दीक्षा पाल, राजनंदनी और हिमांशु यादव ने 566 अंकों (94.33 ) के साथ संयुक्त रूप से स्थान बनाया।

परिणाम घोषित होते ही छात्रों के घरों में खुशी का माहौल रहा। सफल छात्र-छात्राओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जश्न मनाया, वहीं अभिभावकों ने भी बच्चों की सफलता पर गर्व जताया।

IQAC ने कराया वसंत कन्या महाविद्यालय Varanasi में एक दिवसीय प्रशिक्षण

GeM पोर्टल के उपयोग, पंजीकरण, उत्पाद, मूल्य समेत विभिन्न तकनीकी पहलुओं की दी जानकारी



dil india live (Varanasi). वसंत कन्या महाविद्यालय, कमच्छा, वाराणसी के आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ (IQAC) द्वारा एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम “GeM पोर्टल के माध्यम से क्रय (Procurement Through GeM Portal)” विषय पर आयोजित किया गया। यह कार्यक्रम महाविद्यालय के सम्मेलन कक्ष (Conference Room) में अपराह्न 02:30 बजे प्रारंभ हुआ।

कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य सरकारी ई-मार्केटप्लेस (GeM) पोर्टल के माध्यम से पारदर्शी, त्वरित एवं प्रभावी क्रय प्रक्रिया के संबंध में शिक्षकों एवं कर्मचारियों को व्यावहारिक जानकारी प्रदान करना था। इस प्रशिक्षण के माध्यम से प्रतिभागियों को GeM पोर्टल के उपयोग, पंजीकरण प्रक्रिया, उत्पाद चयन, मूल्य तुलना, ई-बिडिंग, तथा खरीद से संबंधित विभिन्न तकनीकी पहलुओं की विस्तृत जानकारी दी गई।

कार्यक्रम की मुख्य वक्ता अनीता कोडाप, सहायक कुलसचिव (क्रय), आईआईटी (बीएचयू) थीं। उन्होंने अपने उद्बोधन में GeM पोर्टल की उपयोगिता, इसकी पारदर्शिता, समयबद्धता तथा सरकारी संस्थानों में इसके बढ़ते महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने प्रतिभागियों को वास्तविक उदाहरणों एवं डेमो के माध्यम से पोर्टल के संचालन की बारीकियों से अवगत कराया। साथ ही, उन्होंने क्रय प्रक्रिया में आने वाली सामान्य समस्याओं एवं उनके समाधान के बारे में भी विस्तार से बताया।


कार्यक्रम का शुभारंभ महाविद्यालय प्राचार्या प्रोफेसर रचना श्रीवास्तव के स्वागत भाषण के साथ हुआ। उन्होंने IQAC की भूमिका एवं इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों की आवश्यकता पर बल दिया। प्रतिभागियों ने कार्यक्रम में सक्रिय सहभागिता करते हुए विभिन्न प्रश्न पूछे, जिनका समाधान मुख्य वक्ता द्वारा सरल एवं स्पष्ट रूप में प्रस्तुत किया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के  शिक्षकगण,IQAC के सदस्य, प्रशासनिक अधिकारी एवं कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। सभी प्रतिभागियों ने कार्यक्रम को ज्ञानवर्धक एवं उपयोगी बताया तथा भविष्य में भी ऐसे प्रशिक्षण कार्यक्रमों के आयोजन की अपेक्षा व्यक्त की।  

कार्यक्रम के अंत में धन्यवाद ज्ञापन के साथ सत्र का समापन हुआ। IQAC द्वारा आयोजित यह पहल संस्थान में गुणवत्ता सुधार एवं प्रशासनिक दक्षता को सुदृढ़ करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है। कार्यक्रम का संयोजन IQAC के समन्वयक प्रोफेसर शशिकला और डॉक्टर नैरंजना श्रीवास्तव ने किया।

Hajj 2026 का Uttar Pradesh के लखनऊ में हुआ आगाज़

रब की रज़ा के लिए हज यात्री काबा रवाना, पहले जत्थे से 427 जायरीन उड़े काबा



Mohd Rizwan 

dil india live (Lucknow). लखनऊ (Lucknow) के सरोजनीनगर स्थित हज हाउस से बुधवार को हज यात्रा की शुरुआत हो गई। पहले जत्थे में 427 हज यात्री चौधरी चरण सिंह अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे से खाने काबा के सफर पर सऊदी अरब रवाना हुए। मंत्री दानिश आजाद अंसारी ने प्रमुख उलेमा संग हाजियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस दौरान माहौल बेहद खुशनुमा रहा और परिजन अपने अजीजों, रिश्ते-नातेदारों से गले मिलते नजर आए। मंत्री दानिश आजाद ने कहा कि यात्रियों की सुविधा के लिए स्वास्थ्य सेवाओं सहित सभी जरूरी इंतजाम किए गए हैं। इस वर्ष उत्तर प्रदेश से 17,065 लोगों ने पंजीकरण कराया है, जबकि लखनऊ से 684 हाजी 14 उड़ानों से रवाना होने हैं। 


इस अवसर पर अल्पसंख्यक कल्याण वफ्फ राज्यमंत्री हज कमेटी उत्तर प्रदेश के चेयरमैन दानिश आज़ाद अंसारी ने बस को रवाना किया कार्यक्रम में हज समिति के सभी सदस्यगण एवं देश भर से आए लोगों इस अज़ीम सफर के गवाह बने।यात्रा पर जाने वाले सभी हज यात्रियों के लिए दिल से दुआ है कि उनका सफर असान रहे और अल्लाह से दुआ है सभी हज यात्री हज मुकम्मल करके सकुशल अपने वतन वापस खासियत पहुंचे और रब सबका हज कबूल करे।


बुधवार, 22 अप्रैल 2026

Akhilesh Yadav ने बिहार के CM Samrat Chaudhary को कहा उम्र बदलने वाले मुख्यमंत्री क्यों बनें?

सम्राट चौधरी के पत्नी वाले बयान पर अखिलेश यादव का X पर पलटवार


Mohd Rizwan 

dil india live (Lucknow). बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने एक सभा को संबोधित करते हुए नारी शक्ति वंदन अधिनियम बिल के लोकसभा में गिर जाने पर राजद और कांग्रेस और सपा मुखिया पर हमला बोला था। सम्राट चौधरी के बयान पर समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जोरदार पलटवार करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि जघन्य अपराध करने वाले, अपराध से बचने के लिए उम्र बदलने वाले, विचारहीन और सिद्धांतहीन होकर दल बदलने वाले, किसी को छल से हटाने वाले तथा भ्रष्टाचार के शिरोमणि कहलाने वाले व्यक्ति बिहार के मुख्यमंत्री कैसे बन सकते हैं? अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) का यह तीखा हमला बिहार की राजनीति में इस समय काफी चर्चा में है। उन्होंने सम्राट चौधरी पर आरोप लगाते हुए कहा कि ऐसे लोग राज्य की कमान संभालने लायक नहीं हैं।

यूपी-बिहार में सियासी तापमान बढ़ा

इस पूरे मामले ने यूपी से लेकर बिहार तक राजनीतिक गर्मी बढ़ा दी है। बिहार में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने विपक्षी दलों को महिला विरोधी बताते हुए चेतावनी दी कि महिलाओं के साथ किया गया यह अपमान जनता भूल नहीं सकेगी। दूसरी ओर, विपक्षी नेता इसे भाजपा की राजनीति का हिस्सा बता रहे हैं। नारी शक्ति वंदन अधिनियम बिल का मुद्दा अब परिवारवाद बनाम महिलाओं के व्यापक आरक्षण का मुद्दा बन गया है। सम्राट चौधरी ने कहा कि जब भी महिलाओं और पिछड़ों के आरक्षण की बात आती है, तो कांग्रेस और राजद रोड़े अटकाते हैं। उन्होंने इसे महिलाओं के साथ धोखा और अपमान करार दिया। दोनों पक्षों के आरोप-प्रत्यारोप से राजनीतिक माहौल गरमा गया है। भाजपा की ओर से दावा किया जा रहा है कि मोदी सरकार महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए प्रतिबद्ध है, जबकि विपक्ष इसे सिर्फ चुनावी मुद्दा बताकर खारिज कर रहा है। 


जानिए अखिलेश यादव को क्यों आया गुस्सा 

बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी (Samrat Chaudhary) ने एक सभा को संबोधित करते हुए नारी शक्ति वंदन अधिनियम बिल के लोकसभा में गिर जाने पर राजद और कांग्रेस पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि ये पार्टियां महिलाओं को आगे बढ़ने नहीं देना चाहतीं। सम्राट चौधरी ने आरोप लगाया कि राजद और कांग्रेस वाले यही चाहते हैं कि सिर्फ उनके अपने परिवार की महिलाएं ही आगे बढ़ें। राहुल गांधी चाहते हैं कि केवल उनकी बहन प्रियंका गांधी संसद पहुंचें। लालू यादव चाहते हैं कि उनकी बेटी और पत्नी ही सदन में जाएं तथा उनकी पत्नी विपक्ष की नेता बनें। उन्होंने आगे कहा कि उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी के नेता अखिलेश यादव भी यही चाहते हैं कि सिर्फ उनकी पत्नी सांसद बनकर लोकसभा जाएं। अखिलेश यादव को जबरन टारगेट किये जाने से अखिलेश तो गुस्से में हैं ही साथ ही सपाई भी आंदोलन के मूड में दिखाई थे रहे हैं।

मंगलवार, 21 अप्रैल 2026

UP K Varanasi Main पूर्व तहसील कर्मी के घर आग लगने से मचा कोहराम

आग लगने से लाखों का सामान जलकर खाक, मशक्कत के बाद काबू में आयी आग


Sarfaraz Ahmad 

dil india live(Varanasi)। UP में वाराणसी के कैंट थाना क्षेत्र के अर्दली बाज़ार चौकी के समीप उल्फत कंपाउंड में पूर्व तहसील कर्मी के घर आग लगने से मंगलवार को कोहराम मच गया। आग लगने के कारणों का पता अभी नहीं लग सका है मगर संभावना जताई जा रही है कि शार्ट सर्किट से यह आग लगी। आग लगने से घर का लाखों का सामान जलकर खाक होने का अनुमान लगाया जा रहा है।




समाचार के संदर्भ में बताया गया है कि उल्फत कंपाउंड अर्दली बाज़ार में पूर्व तहसील कर्मी मरहूम शकील अहमद का मकान है जिसमें उनका परिवार निवास करता है। उसी मकान में आज दोपहर बाद आग लग गई। आग लगने से इलाके में अफरातफरी मच गई। आसपास के लोगों ने अपनी क्षमता से आग बुझाने का प्रयास किया मगर तेज हवा के चलते आग पर काबू नहीं पाया जा सका। बाद में अग्नि शमन दल ने पहुंच कर काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग बुझने पर आसपास के लोगों ने राहत की सांस ली। लोगों का कहना था कि अगर वक्त रहते आग पर काबू न पाया जाता तो तेज़ हवा के चलते आग की लपटे और भी आशियानों को अपने आगोश में ले लेती।



सोमवार, 20 अप्रैल 2026

देखिए फिर बदल गया Varanasi Main School का समय

भीषण गर्मी और तपिश के कारण बदला 8 तक के स्कूलों का समय, देखिए क्या है नया टाइम टेबल 


Sarfaraz Ahmad 

dil india live (Varanasi). उत्तर प्रदेश के कई जिलों में आसमान से बरस रही आग ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। भीषण लू (Heatwave) की स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने स्कूली बच्चों की सुरक्षा के लिए बड़ा कदम उठाया है। जिले के बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) Anurag Srivastava (अनुराग श्रीवास्तव) ने कक्षा 8 तक के सभी परिषदीय, सहायता प्राप्त और निजी स्कूलों के समय में फिर परिवर्तन कर आधिकारिक आदेश जारी किया है। नये आदेश के अनुसार, अब कक्षा 1 से 8 तक के सभी स्कूल सुबह 7:00 बजे से दोपहर 11:30 बजे तक संचालित किए जाएंगे। इससे पूर्व स्कूलों के बंद होने का समय दोपहर 01 बजे का था, जिससे छुट्टी के समय बच्चों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ रहा था। 

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अनुराग श्रीवास्तव ने स्पष्ट किया है कि यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होगा। सभी विद्यालयों के प्रधानाचार्यों और प्रबंधकों को निर्देशित किया गया है कि वे इस नए समय का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित करें। आदेश की अवहेलना करने वाले स्कूलों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी।

स्वास्थ्य के प्रति रहें अलर्ट 

विशेषज्ञों और जिला प्रशासन ने स्कूलों को यह भी सुझाव दिया है कि वे बच्चों के लिए पीने के शुद्ध पानी और ओआरएस (ORS) की व्यवस्था रखें। साथ ही, बच्चों को सलाह दी गई है कि वे सिर ढंककर निकलें और अधिक से अधिक तरल पदार्थों का सेवन करें।