सोमवार, 8 सितंबर 2025

Medical: स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को कहें बाय-बाय

ऐसे बढ़ाएं रोग प्रतिरोधक क्षमता, खुद को बीमार होने से बचाएं


Dr Rashmi Singh 

Varanasi (dil India live). वर्तमान समय में लोगों को स्वास्थ्य संबंधी बहुत सारी समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। जिसका मुख्य कारण वातावरण में पनप रहे अनगिनत बैक्टीरिया, वायरस व फंगस हैं। जैसे ही हमारी रोग प्रतिरोधक क्षमता में कमी आती है, इनका प्रकोप हमें प्रभावित कर देता है परिणाम स्वरूप सिर दर्द, बदन दर्द, सर्दी, जुकाम, खाँसी, बुखार या वायरल फीवर आदि समस्याओं से हमें जूझना पड़ता है। अगर इन्हें तुरन्त नहीं रोका गया तो आगे बहुत सी जटिल स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं पनपने का खतरा मंडराता रहता है। 

इस मौसम में हरे साग भी हैं खतरनाक

बीमारियों से बचने के लिये रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने की आम इंसान को अत्यन्त आवश्यकता होती है। ऐसे में लोग बाग का प्रयोग करने लगते हैं जबकि हरे साग के प्रयोग से बचना चाहिये, क्योंकि कीटों के अंडे पत्ते के पीछे की तरफ छुपे रह सकते है, साथ ही इन साग को कीटों से बचाने के लिये अत्यधिक मात्रा में कीट नाशक का प्रयोग होता है जो कि स्वास्थ्य के लिये बहुत ही हानिकारक होता है। 

प्रतिदिन कुछ न कुछ कसरत, व्यायाम, जुंबा अवश्य करें क्योंकि कसरत से शरीर की आक्सीजन धारण क्षमता बढ़ती है, हड्डियाँ मजबूत रहती है व स्वास्थ्य संबंधी बहुत से लाभ होते है। 15 मिनट का प्राणायाम - 15 से 20 मिनट योग व स्ट्रेचिंग तथा शारिरिक क्षमता अनुमति 15-25 मिनट टहलना पर्याप्त होता है। इस प्रकार से थोड़ी सी सावधनी से हम इस मौसम में अपनी स्वास्थ्य रक्षा कर सकते है।

विटामिन सी युक्त फल-सब्जियों का करें सेवन

इस मौसम में विटामिन सी युक्त फल एवं सब्जियों जैसे नीबू मौसम्मी, कुंदरू, शिमला मिर्च, ऑवले से बने पदार्थ अत्यन्त लाभकारी होते है। विटामिन सी के साथ-साथ ये फाइबर, अन्य विटामिन एवं खनिज लवण व एन्टी आक्सीडेन्ट के सघन स्रोत होते है जो विभिन्न बिमारियों से हमारी रक्षा करते हैं। इस मौसम में गैस, अपच, कब्ज आदि सामान्य रूप से पाये जाते है। इसलिए ये ध्यान रखना अत्यन्त आवश्यक है कि भोजन हल्के, ताजा व सुपाच्य होना चाहिए। दालों में चना उड़द, अरहर की जगह अगर मूंग दाल, मसूर दाल का प्रयोग हो तो ज्यादा अच्छा है। इस मौसम में पानी के प्रयोग में अत्यन्त सावधनी रखना चाहिये, क्यों कि जल जनित रोग जैसे टायफायड आदि के जीवाणु वातावरण में सक्रिय रहते है। संभव हो तो जल को उबाल कर प्रयोग किया जाये। घर के आसपास सफाई रखना जरूरी है। ध्यान रहे घर के आस पास पानी न जमा हो। क्योंकि यही समय है जब डेगू, मलेरिया आदि के मच्छर तेजी से पनप रहे होते है।


प्रतिदिन कुछ न कुछ कसरत, व्यायाम, जुंबा अवश्य करें क्योंकि कसरत से शरीर की आक्सीजन धारण क्षमता बढ़ती है, हड्डियाँ मजबूत रहती है व स्वास्थ्य संबंधी बहुत से लाभ होते है। 15 मिनट का प्राणायाम - 15 से 20 मिनट योग व स्ट्रेचिंग तथा शारिरिक क्षमता अनुमति 15-25 मिनट टहलना पर्याप्त होता है। इस प्रकार से थोड़ी सी सावधनी से हम इस मौसम में अपनी स्वास्थ्य रक्षा कर सकते है।

(लेखक, आचार्य नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय अयोध्या में विषय विशेषज्ञ हैं)

Physiotherapy वॉक 2025 के द्वारा दिया स्वास्थ्य का संदेश

आने वाला समय फिजियोथेरेपिस्ट के लिए उज्वल 

डॉक्टर की चिकित्सा एवं दवा के साथ फिजियोथेरेपी बेहद आवश्यक

K.D. Abbasi

Kota (dil India live). विश्व फिजियोथेरेपी दिवस 8 सितंबर के उपलक्ष्य में फिजियोथेरेपी के महत्व को उजागर करने और स्वास्थ्य का संदेश देने के लिए फिजियो वॉक 2025 का आयोजन किया गया। इसमें शहर के फिजियोथेरेपिस्ट व उनसे जुड़े स्वास्थ्य प्रेरकों ने हिस्सा लिया। हाडौती फिजियोथेरेपिस्ट प्रोफेशनल की ओर से सुबह झालावाड रोड स्थिति आईएल चौराहे पर पेट्रोल पम्प के पास से जागरुकता दौड़ (फिजियो वॉक) का आयोजन किया गया, जिसमें 400 से अधिक फिजियोथैरेपिस्ट ने हिस्सा लिया। मुख्य अतिथि मेडिकल कॉलेज प्राचार्य डॉ. संगीता सक्सेना एवं डॉ. अशोक ने गुब्बारे उडाकर, दौड़ में शामिल लोगों को हरी झंडी दिखाई। डॉ. संगीता सक्सेना ने सम्बोधन में कहा कि कोटा के लोगों को फिटनेस के लिए जागरुक करें। आज के परिपेक्ष में चिकित्सकों के उपचार के बाद फिजियोथेरेपी का महत्व बढ गया है। डॉ. अशोक शारदा ने कहा कि यह पहला कार्यक्रम हैं प्रत्येक मरीज को दवा के साथ उचित फिजियोथेरेपी मिले तो उसके परिणाम और भी अच्छे होते हैं। जैसे हमारी लाइफ स्टाइल बिगड़ती जा रही है, उम्र बढ़ती जा रही है, ऐसे में क्वालिटी फिजियोथेरेपी की आवश्यकता है। पहले डॉक्टर रेफर नहीं कर पाते थे , लेकिन अब बहुत सारे फिजियो स्पेशलिटी डेवलप हुए है और माइक्रो लेवल पर अच्छा काम हो रहा है, जिससे रिकवरी जल्दी हो रही है। यह मानव सेवा का भी अच्छा कार्य है। 

वहीं डॉ. मामराज अग्रवाल ने कहा कि फिजियोथेरेपी का भविष्य उज्जवल है। पहले इसका महत्व नहीं था लेकिन अब इस विधा का महत्व बढता जा रहा है, आम आदमी और चिकित्सक भी जानता है कि फिजियोथेरेपी आवश्यक है। पेशेंट को बहुत फायदा होता है। डॉ. राकेश जिंदल ने कहा कि मेडिकल मे सभी विभागो मे महत्वपूर्ण हिस्सा है फिजियोथेरेपी विभाग, आपका रोल बहुत बडा हो गया है। फिजियोथेरेपिस्ट की काबिलियत, उसका वर्क ही मरीज को ठीक करने में कारगर साबित होता है। उन्होंने कहा कि डॉक्टर की चिकित्सा एवं दवा के साथ फिजियोथेरेपी बेहद आवश्यक है। डॉ दीपेन्द्र राठौर डॉ. आफताब ,डॉ आयुष रोहिडा ने बताया कि इस दौरान आए हुए सभी अतिथियों का स्वागत किया गया और मोमेंटो देकर उन्हें सम्मानित किया गया। इस प्रोग्राम मे कोटा के फिजियोथेरेपी के स्थम्भ डॉ दिनेश शर्मा, डॉ डीआर मीणा, डॉ हर्ष राजदीप एवं डॉ जसविंदर सिंह ने भी अपना सहयोग दिया।

फिजियो वॉक 2025 से पूर्व जुम्बा का आयोजन किया गया जिसमें फिजियोथेपिस्ट, स्टूडेंट व परिजनों को फिट रहने का संदेश दिया गया। कोमल रेलवानी अपनी  टीम के साथ डांस & जुम्बा कराया और जिसका सभी ने भरपूर आनंद लिया।

निशुल्क फिजियोथैरेपी शिविर 

विश्व फिजियोथेरेपी दिवस के उपलक्ष्य में अन्य कार्यक्रम भी आयोजित किए गए, जिसके तहत चम्बल गार्डन के सामने राजस्थान पेंशनर्स जिला शाखा में फिजियोथेरेपी शिविर का आयोजन किया गया ताकी पेंशनर्स सदस्य इसका लाभ ले सकें और बढ़ती उम्र में जीवन को बेहतर बना सकें। सायं को आयोजित कार्यक्रम में कोटा के भविष्य के फिजियो स्टूडेंट्स, आईबीबी, जय मीनेश यूनिवर्सिटी व कैरियर पॉइंट यूनिवर्सिटी के बच्चों के साथ मिलके हाड़ौती के सभी फिजियो ने संस्कृतिक कार्यक्रम, डॉ नवल किशोर शर्मा  को लाइफ टाइम अचीवमेंट अवार्ड भेट किया गया। मुख्य अतिथि जिला कलक्टर पीयूष समारिया, विशिष्ट अतिथि पूर्व विधायक प्रहलाद गुंजल, कुलदीप माथुर एलबीएस डायरेक्टर रहे। सभी ने हौसला बढ़ाया और  बताया सभी को ईमानदारी से अपने संपूर्ण ऊर्जा के साथ लगन से आज सारी दुनिया में फिजियोथैरेपी की खूबियां अपने कार्य और काबिलियत से बताए।

 इस कार्यक्रम में डॉ राहिल इकबाल, डॉ. दीपक यादव, डॉ सुभाष आर्य, डॉ. सुबोध सोनी, डॉ. विनय खंडेलवाल, डॉ हेमंत नागर, डॉ चन्दन सैनी,डॉ शोभित शर्मा, डॉ नवीन नागर, मोहित मेहरा,डॉ हिमांशु शर्मा,डॉ  मृदुला, डॉ. आकृति, डॉ रश्मि और डॉ जोया ने भी अपना सहयोग दिया और कार्यक्रम को सफल बनाया।

रविवार, 7 सितंबर 2025

Ghalib Academy Delhi में डॉ. अज़हर व इरफान का सम्मान

देश के 50 शिक्षकों को मिला नेशनल उर्दू अवार्ड

चंदौली डायट के डॉ. अज़हर सईद और धानापुर ब्लाक के इरफान अली मंसूरी हुए सम्मानित 


New Delhi (dil India live). शिक्षक दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय उर्दू शिक्षक कर्मचारी संघ के तत्वधान में हिंदुस्तान के विभिन्न शहरों से चुन कर 50 शिक्षकों के शैक्षिक कार्यों एवं शिक्षा में उनके  उत्कृष्ट योगदान  के लिए उन्हें नेशनल उर्दू अवार्ड से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर जनपद चंदौली से डायट लेक्चरर डॉ अज़हर साईद और धानापुर ब्लाक के शिक्षक इरफान अली मंसूरी का भी चुनाव किया गया। डायट लेक्चरर डॉ. अजहर सईद ने आगामी 3 वर्षों में जनपद चंदौली में उर्दू भाषा एवं साहित्य के विकास के लिए कई महत्वपूर्ण कार्य किए हैं। उन्हीं के माध्यम से जनपद चंदौली में पहली बार उर्दू शिक्षकों का प्रशिक्षण कार्यक्रम सकुशल संपन्न हुआ, भारत सरकार के अति महत्वपूर्ण योजना निपुण भारत मिशन के अंतर्गत जनपद चंदौली को निपुण बनाने में सक्रिय भूमिका निभाते हुए शिक्षकों के शैक्षिक नवाचार एवं शैक्षिक उन्नयन के साथ-साथ उनके प्रशिक्षण में भी सक्रिय रूप से भाग लेते हैं। इरफान अली मंसूरी ने भी धानापुर ब्लॉक में एक शिक्षक के रूप में अपने विद्यालय के साथ-साथ अपने शिक्षण संकुल में भी सक्रिय भूमिका निभाते हुए शिक्षा के स्तर को बढ़ाने का कार्य किया है। 


राष्ट्रीय उर्दू शिक्षक कर्मचारी संघ पूरे देश में उर्दू भाषा के विकास में भूमिका निभाने वाले शिक्षकों प्रवक्ताओं एवं आचार्यों के योगदान को स्वीकारते हुए उन्हें गोल्ड मेडल प्रशस्ति पत्र एवं पुरस्कार से सम्मानित करती रही है। इस साल देश के विभिन्न हिस्सों से 50 उर्दू शिक्षकों का चुनाव करके उन्हें इस सम्मान से नवाजा गया है। नेशनल उर्दू शिक्षक कर्मचारी संघ के अध्यक्ष वासिल अली चौधरी ने अपने अध्यक्षीय उद्बोधन में सभी शिक्षकों को मुबारकबाद देते हुए पूरी लगन के साथ उर्दू भाषा के प्रचार प्रसार करने पर जोर दिया।

इस अवसर पर इब्राहिम अफसर, तनवीर अहमद, मारूफ अलम, इरशाद अहमद खुर्शीद अलम के अलावा दिल्ली और आसपास के शहरों से आए शिक्षकों की एक बड़ी संख्या कार्यक्रम में उपस्थित थी।





DAV PG College Varanasi Main 33 शिक्षक-कर्मचारियों का सम्मान

शिक्षक दिवस पर आर्य विद्या सभा, काशी ने आयोजित किया सम्मान समारोह

Varanasi (dil India live)। शिक्षक दिवस के उपलक्ष्य में डीएवी पीजी कॉलेज में शिक्षक सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। मातृ संस्था आर्य विद्या सभा, काशी के संयोजकत्व में स्व. पीएन सिंह यादव स्मृति सभागार में डीएवी पीजी कॉलेज, डीएवी इंटर कॉलेज एवं नित्यानंद वेद महाविद्यालय के दो दर्जन से अधिक शिक्षकों एवं शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया। संस्था के अध्यक्ष रतन लाल, इंटर कॉलेज प्रबंध समिति के कोषाध्यक्ष हरिबंश सिंह, कार्यवाहक प्राचार्य प्रो. मिश्रीलाल ने सभी को प्रमाण पत्र, स्मृति चिन्ह एवं अंगवस्त्र प्रदान कर सम्मानित किया। आर्य विद्या सभा के मंत्री/प्रबंधक अजीत कुमार सिंह यादव ने सभी को शुभकामना दी।

 

इनका हुआ सम्मान 

डीएवी पीजी कॉलेज के उपाचार्य द्वय प्रो. संगीता जैन, प्रो. राहुल, प्रो. पूनम सिंह, प्रो. प्रशांत कश्यप, डॉ. जियाउद्दीन, डॉ. अखिलेन्द्र कुमार सिंह, डॉ. पारुल जैन, डॉ. आहूति सिंह, डॉ. संजय कुमार सिंह, डॉ. सूर्य प्रकाश पाठक, डॉ. रामेंद्र सिंह, कुँवर शशांक शेखर, सुरजीत, नरेंद्र कुमार, प्रताप बहादुर सिंह, राम बाबू, दीपक श्रीवास्तव, अरविंद कुमार, सत्यजीत रावत, निरूपा राय, राम बहादुर शर्मा, रामानंद, संतोष कुमार। नित्यानंद वेद महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. रामानंद तिवारी के अलावा डीएवी इंटर कॉलेज के सविता चौरसिया, प्रद्योत रंजन दास, श्रवण कुमार मौर्य, प्रियम राय, राहुल सिंह सहित हरिओम, शिवलोचन, लक्ष्मण, चंद्रदेव मिश्रा को पुरस्कृत किया गया। 


समाज को दिशा देता है शिक्षक

इस मौके पर प्रो.मिश्रीलाल ने कहा कि शिक्षक ही ऐसा व्यक्ति होता है जो समाज को दिशा देता है, भविष्य का निर्माण करता है। यह सम्मान समारोह सबके लिए प्रेरणादायक है, ताकि हम अपने कर्तव्यों के प्रति समर्पित रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. सिद्धार्थ सिंह एवं डॉ. प्रियंका बहल ने किया। इस मौके पर समस्त विभागों के अध्यक्ष प्राध्यापक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।


शनिवार, 6 सितंबर 2025

आज विश्व के सभी देशों में अघोषित आर्थिक युद्ध छिड़ा हुआ है-रविन्द्र जायसवाल

वर्तमान परिवेश में स्वदेशी को हमें बढ़ावा देने की जरूरत है-स्टांप मंत्री

वाराणसी। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी अभियान विकास अभियान हेतु एक दिवसीय कार्यशाला शनिवार को कमिश्नरी ऑडिटोरियम में आयोजित हुई। जिसमें प्रदेश के स्टांप एवं न्यायालय पंजीयन शुल्क राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) रविन्द्र जायसवाल ने कार्यशाला पर प्रकाश डालते हुए कहा कि जीवन है तो जीविका चाहिए, जिसके लिए सबके पास तीन विकल्प है जिसमें कृषि, व्यापार तथा सबको रोजगार देने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है। उन्होंने पिछली सरकारों में बेरोजगारों को मिलने वाले लोन में आने वाली दिक्कतों को आड़े हाथों लिया तथा कहा कि वर्तमान में अधिकारी स्वत: कार्यशाला आयोजित करके लोन दे रहे है। 

     


  मंत्री रविंद्र जायसवाल ने कहा कि आज विश्व के सभी देशों में अघोषित आर्थिक युद्ध छिड़ चुका है। उन्होंने कहा कि स्वदेशी को हमें बढ़ावा देने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि जन्मदिन की पार्टियों, शादी-विवाह जैसे आयोजनों तथा आने वाले दिवाली के पर्व पर भी हमें स्वदेशी वस्तुओं को बढ़ावा देने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि हम लगातार छोटे उद्योगों को बढ़ावा दे रहे ताकि सभी के हाथों में काम मिल सके। उन्होंने मुख्यमंत्री युवा उद्यमी अभियान के तहत मिलने वाले पांच लाख रूपये के ऋण पर भी सभी का ध्यान खींचते हुए लगने वाले विभिन्न कारखानों की बात कही। उन्होंने नौजवानों से कहा कि उठो युवा मित्रों और कुछ करके दिखाओ। 

         मंडलायुक्त एस. राजलिंगम ने युवाओं को नए विचारों पर काम करने के लिए प्रेरित किया गया। जनपद वाराणसी में पर्यटन क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों के अनुरूप नए उद्यम स्थापना को प्रोत्साहित किया। मंडलायुक्त द्वारा बैंकों से नए विचारों/नए उद्योगों की स्थापना के प्रति और भी सकारात्मक होने के साथ जनपद के ऋण जमा अनुपात में सुधार के प्रति अपनी सक्रिय भूमिका के निर्वहन के लिए कहा गया।

        इस अवसर पर मंत्री रविंद्र जायसवाल ने गाजीपुर के मोहम्मद मातम को ओडीओपी अभियान के तहत 25 लाख का चेक सहित वाराणसी, जौनपुर, चन्दौली एवं गाजीपुर के मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के लाभार्थियों को ऋण वितरण का चेक प्रदान किया। 

       मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान अंतर्गत मंडल स्तरीय कार्यशाला के आयोजन का मुख्य उद्देश्य युवाओं को नए उद्यमों की स्थापना हेतु आवश्यक जानकारी प्रदान करना रहा। इस कार्यशाला/कार्यक्रम में मुख्य अतिथि राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार), स्टांप तथा न्यायालय शुल्क एवं पंजीयन , उत्तर प्रदेश सरकार,श्री रवीन्द्र जायसवाल, विशिष्ट अतिथि मंडलायुक्त एस. राजलिंगम, मुख्य विकास अधिकारी हिमांशु नागपाल, क्षेत्र प्रमुख, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, शैलेन्द्र कुमार, क्षेत्र प्रमुख, बैंक ऑफ बड़ौदा, गंगा सिंह की उपस्थिति रही। अतिथियो का स्वागत अपर आयुक्त उद्योग, वाराणसी मंडल उमेश कुमार सिंह द्वारा किया गया।

        सीएम युवा योजना में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए जनपद वाराणसी से यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा, इंडियन बैंक, जनपद जौनपुर से यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक, जनपद चंदौली से यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया तथा जनपद गाजीपुर से स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ इंडिया के बैंक अधिकारियों को अंगवस्त्र, प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह देकर मंत्री ने सम्मानित किया।

        इस कार्यशाला में युवाओं को अपनी रुचि के अनुरूप सही उद्यम की पहचान करने, परियोजना रिपोर्ट तैयार करने, आवेदन प्रक्रिया तथा बैंक से ऋण लेने की प्रक्रिया के संबंध में जानकारी प्रदान करने के साथ ही तैयार माल की बिक्री के बारे में उपलब्ध अवसरों की जानकारी प्रदान किया गया। इसके साथ ही समाधान समिति के विशेषज्ञों द्वारा मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान अंतर्गत इन्नोवेटिव बिजनेस मॉडल, फ्रेंचाइजी बिजनेस मॉडल आदि नवीन अवसरों के बारे में भी जानकारी दी गई। प्रश्नोत्तर सत्र में उद्योग विभाग के अधिकारियों द्वारा लाभार्थियों के जिज्ञासाओं का समाधान किया गया। वाराणसी मंडल में इस परियोजना का क्रियान्वयन काफी सफलतापूर्वक हो रहा है। वित्तीय वर्ष 2025-26 में अब तक लगभग 10000 आवेदन बैंकों को प्रेषित किए गए हैं जिसमें से 3864 आवेदन बैंक के स्तर से स्वीकृत है तथा विगत वर्ष के स्वीकृत आवेदनों को शामिल करते हुए  3917 आवेदनों में बैंकों द्वारा ऋण वितरण वितरण किया गया है। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान अंतर्गत रुपए 5.00 लाख तक की परियोजना हेतु ब्याज मुक्त, गारंटी मुक्त ऋण विनिर्माण और सेवा क्षेत्र के उद्यम स्थापना के लिए दिए जाने का प्रावधान है। साथ ही 10 प्रतिशत कैपिटल सब्सिडी देय है।

       इस कार्यशाला का आयोजन उपायुक्त उद्योग जिला उद्योग प्रोत्साहन तथा उद्यमिता विकास केंद्र द्वारा अपर आयुक्त उद्योग, वाराणसी मंडल के निर्देशन में किया गया। कार्यशाला में सभी बैंक के उच्चाधिकारी गण, शाखा प्रबंधक, उद्योग विभाग के अधिकारी गण एवं कर्मचारी, लाभार्थी, विद्यार्थी आदि उपस्थित रहे।

UP K Ghazipur के हार्टमन इण्टर कालेज में मनाया गया शिक्षक दिवस

जन्म साधारण परंतु शिक्षक का जीवन इतिहास बन जाता है- फादर पी विक्टर

Ghazipur (dil India live). गाजीपुर जनपद के हार्टमन इण्टर कालेज, हार्टमन पुर में  शिक्षक दिवस का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ ईश्वर वंदना से हुई। विद्यालय के प्रशासक फादर पी विक्टर ने सर्वप्रथम डा. राधाकृष्णन एवं मदर टेरेसा के चित्र पर माल्यार्पण कर श्राद्ध सुमन अर्पित किया। 

इस पुनीत अवसर पर विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर गुरुजनों को आदर दिया। शिक्षकों के महत्ता को प्रकट करते हुए फादर पी विक्टर ने कहा कि एक शिक्षक कभी भी साधारण नही हो सकता। उसका जन्म तो साधारण इंसान के रूप में होता है पर ज्ञानदान जैसे महान दान से वह ईश्वर तुल्य हो जाता है।वह इतिहास रचना द्वारा ब्रह्मा के समान हो जाता है और साधारण दिखते हुए भी असाधारण इतिहास रच देता है; उनका जीवन इतिहास बन जाता है। चाणक्य, डॉक्टर राधा कृष्णन आदि शिक्षक इसके उदाहरण हैं। शिक्षक चाणक्य ने आततायी शासक घनानन्द के अत्याचार को समाप्त करने के लिए अपने विद्यार्थियों की सेना तैयार की और अत्याचारी शासक का अंत कर इतिहास रच दिया। राधाकृष्ण ने स्टालिन जैसे क्रूर तानाशाह को भी अपनी मानवीय संवेदना की शिक्षा देकर मानवीय संवेदनाओं को जगा कर इतिहास रच दिया। राधाकृष्ण ने कहा था कि यदि शिक्षा सही प्रकार से दी जाए तो समाज से बुराइयाँ मिट जाएँगी।


 फादर ने आगे कहा कि शिक्षक का जीवन बच्चों के साथ कैसे व्यतीत होता है वह कभी बच्चा बनकर उन्हें समझाने की कोशिश करता है तो कभी दार्शनिक की तरह उनके प्रश्नों का उत्तर उनके स्तर पर दे रहा होता है। 


स अवसर पर पूर्व प्रधानाचार्य जनता जनार्दन इण्टर कालेज गांधीनगर नर्वदेश्वर राय ने अपने उद्बोधन में डॉक्टर राधाकृष्ण को महान शिक्षक बताया। अवकाश प्राप्त शिक्षक सी डी जान, शिक्षक श्रीराम ने भी अपने विचार प्रस्तुत किए। इस अवसर पर फादर पी विक्टर ने द्वारा सभी आगंतुक शिक्षकों एवं अतिथियों को माल्यार्पण, अंगवस्त्र एवं स्मृति चिन्ह द्वारा सम्मानित किया।मंच पर छोटे बच्चों के द्वारा केक काट कर राधाकृष्ण का जन्मोत्सव मनाया।

इस अवसर पर प्रधानाचार्य उदय कुमार, पूर्व शिक्षक लक्ष्मण राय, स्वर्ण लता, राजेश कुशवाहा, शुभ नरायण  यादव, सिस्टर हेलेन, अरविन्द भारती, सत्येन्द्र पाण्डेय, राजकुमार, पूनम, गुड्डन, वीरेंद्र, अरविंद राय समेत छात्र छात्राएँ कर्मचारी उपस्थित रहे।



Education: VKM Varanasi Main Teacher's day celebration

शैक्षणिक क्लब ‘साक्षी’ द्वारा भाषण प्रतियोगिता का आयोजन

Varanasi (dil India live). दर्शन विभाग के शैक्षणिक क्लब ‘साक्षी’ द्वारा शिक्षक दिवस पर डाॅ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन के जन्मदिवस पर शनिवार को भाषण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता का शीर्षक था ‘From Classroom to Rashtrapati Bhavan’ the journey of teacher to President’। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. रचना श्रीवास्तव ने कहा कि ऐसे दार्शनिक विमर्श एवं विद्वत महापुरूषों से संबंधित कार्यक्रम का आयोजन भावी पीढ़ी के चरित्र निर्माण तथा व्यक्तित्व विकास के लिए अत्यन्त आवश्यक है। इस प्रतियोगिता के अंतर्गत कुल 16 प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया। जिसमें स्नातक प्रथम, द्वितीय, तृतीय तथा परास्नातक प्रथम तथा द्वितीय वर्ष की दर्शनशास्त्र, राजनीतिशास्त्र, मनोविज्ञान, अंग्रेजी एवं भूगोल इत्यादि की छात्राओं ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम का संचालन चांदनी कुमारी, सुरूचि झा एवं संयोजन महक सोनकर, संजना परमार द्वारा किया गया। प्रो. ममता मिश्रा, विभागाध्यक्ष, दर्शन विभाग ने छात्राओं को बधाई देते हुए भविष्य में इस प्रकार के आयोजन के लिए प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम में डाॅ. मनोज कुमार सिंह, डाॅ. प्रतिमा सिंह,यशस्वी राय सहित अन्य विभागों के शिक्षक/शिक्षिकायें उपस्थित रहें।