बुधवार, 23 जुलाई 2025

UP: Varanasi Main BLW मेंनगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति की हुई बैठक

वाराणसी ने हिंदी को समृद्ध करने में अनूठा योगदान दिया-नरेश पाल सिंह

Mohd Rizwan 

Varanasi (dil India live). बनारस रेल इंजन कारखाना,(BLW) की राजभाषा विभाग द्वारा आज 23. जुलाई को नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति (नराकास) की छमाही बैठक आयोजित की गई। बैठक को संबोधित करते हुए अध्यक्ष, नराकास एवं महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह बरेका ने कहा कि वाराणसी ने हिंदी भाषा को समृद्ध करने में अनूठा योगदान दिया है। सभी कार्यालय इस विरासत को ध्यान में रख कर अपना समस्त कार्य हिंदी में करें। जनता की भाषा में कार्य करके ही हम सही मायने में लोक सेवा कर सकते हैं। 

मौलिक चिंतन एवं लेखन पर जोर 

अध्यक्ष, नराकास एवं महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह बरेका ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण के लिए तकनीकी क्षेत्र में मौलिक चिंतन एवं लेखन आवश्यक है, जो हिंदी में ही संभव है।


उन्होंने सभी कार्यालयों से अपने-अपने क्षेत्र के तकनीकी ज्ञान को हिंदी में लिखने एवं नराकास की पत्रिका “बनारस दर्पण” में भेजने का आग्रह किया। उन्होंने संसदीय राजभाषा समिति के निर्देशों का पालन करने एवं अखिल भारतीय राजभाषा सम्मेलन में भागीदारी का भी आग्रह किया। उन्होंने कहा कि देश को एकता के सूत्र में पिरोने के लिए हिंदी माला का कार्य कर रही है। हमें हिंदी में कार्य करके देश को और मजबूत बनाना है।

विचार गोष्ठियों का आयोजन ज्यादा हो

मंडल रेल प्रबंधक, वाराणसी विनीत कुमार श्रीवास्तव ने कहा कि राजभाषा की प्रगति के लिए अधिक से अधिक विचार गोष्ठियों का आयोजन किया जाए। निदेशक, विमानपत्तन प्राधिकरण पुनीत गुप्ता ने तकनीकी लेखन हिंदी में करने पर बल दिया। केंद्रीय सचिवालय हिंदी परिषद के प्रतिनिधि सुरेश कुमार श्रीवास्तव ने सभी कार्यालयों से राजभाषा नीति का कड़ाई से अनुपालन करने का अनुरोध किया। इस अवसर पर केंद्रीय सरकारी कार्यालयों, केंद्रीय निगमों एवं स्वायत्तशासी संगठनों के कार्यालयों के विभागाध्यक्ष/प्रतिनिधियों ने भी अपने विचार व्यक्त किए।


बैठक में नगर राजभाषा कार्यान्वयन समिति की ई-पत्रिका “बनारस दर्पण” का लोकार्पण किया गया। इसके पूर्व मुख्य राजभाषा अधिकारी, बरेका एवं उपाध्यक्ष, नराकास प्रवीण कुमार ने सभी प्रतिनिधियों का स्वाागत करते हुए राजभाषा नीति के कार्यान्वयन के लिए किए जा रहे रचनात्मक प्रयासों से अवगत कराया। बैठक का संचालन करते हुए समिति के सदस्यर सचिव एवं बरेका के वरिष्ठ राजभाषा अधिकारी डा़ संजय कुमार सिंह ने भारत सरकार द्वारा जारी वार्षिक कार्यक्रम के सभी मदों की प्रगति से समिति को अवगत कराया। 


इस अवसर पर केंद्रीय सरकारी कार्यालयों, केंद्रीय निगमों एवं स्वायत्तशासी संगठनों के कार्यालयों के विभागाध्यक्ष / प्रतिनिधियों ने भी अपने विचार व्यक्त किए।

National: mumbai Main 2006 को हुए सीरियल ट्रेन ब्लास्ट मामले में सभी को हाईकोर्ट ने माना निर्दोष

सीरियल ट्रेन ब्लास्ट में सभी 12 आरोपी को किया गया बाइज्जत बरी

19 साल बाद अपनों के बीच पहुंचे तो छलका आंसु, परिवार संग खाया खाना


Mumbai (dil India live)। मुंबई में 2006 के सीरियल ट्रेन ब्लास्ट मामले में हाईकोर्ट ने सभी 12 आरोपियों को बरी कर दिया है। करीब 19 साल की लंबी कानूनी लड़ाई के बाद यह फैसला आया है। बरी हुए लोगों में मोहम्मद अली शेख ने मीडिया को बताया कि उन्हें झूठे मामले में फंसाया गया और प्रताड़ित किया गया। परिवार के बीच सालों बाद सकून से बैठे हुुए अली शेख ने कहा कि 'अधिकारियों ने मुझे बंदूक की नोक पर धमकाया और सरकारी गवाह बनने के लिए 10 लाख रुपये और दुबई में नौकरी के साथ 10 हजार रुपये महीने खर्च की हर महीने देने की पेशकश की थी। इन सब के बाद भी हमने गुनाह कबूल नहीं किया, क्योंकि हम निर्दोष थे।'

मोहम्मद अली शेख ने बताया कि 'हाईकोर्ट ने हमें आजाद कर दिया है। सत्य की ही जीत हुई है। जरूरत पड़ने पर हम अपना केस सुप्रीम कोर्ट में लड़ेंगे और हमारी जीत वहां भी पक्की है। मामले की ऑनलाइन ही सुनवाई चल रही थी। उसी दौरान अपने बरी होने की जानकारी मिली थी।

ये सुनकर 19 साल बाद अपने परिवार से मिलने की आस जगी थी। एहतेशाम सिद्दीकी और मुझे सोमवार शाम नागपुर जेल से रिहा कर दिया गया था। उसके बाद हम मंगलवार सुबह 3.30 बजे मुंबई के लिए रवाना हुए।' इस दौरान 19 साल बाद अपने परिवार से मिलने पर आंखों से आंसु छलक पड़े। इस जीत पर उन्होंने खुशी जाहिर की और आगे की कानूनी लड़ाई लड़ने की बात कही। बता दें कि कोर्ट ने कहा कि प्रॉसीक्यूशन यानी सरकारी वकील आरोपियों के खिलाफ केस साबित करने में नाकाम रहे हैं।

बता दें कि मुंबई में हुए हमलों की जांच कर रही एटीएस की ओर से कोर्ट में दावा किया गया था कि शेख के घर पर पाकिस्तानी व्यक्ति आया था। उसी ने ही 11 जुलाई 2006 को ट्रेनों में  बम रखे थे मगर कोर्ट में यह सिद्ध नहीं हो पाया।

उधर कोर्ट के फैसले के बाद आरोपों से बरी होने वाले मोहम्मद अली शेख के गोवंडी में मौजूद घर पर उनके रिश्तेदारों और पड़ोसियों ने मिठाइयां खिलाकर बधाई दी। इस दौरान मोहम्मद ने कहा कि वे 19 साल बाद अपने परिवार के साथ बैठकर खाना खा रहे हैं।

56 साल के मोहम्मद अली शेख ने अपने घर की दहलीज पर बैठे हुए मीडिया से कहा, 'अपने परिवार से दोबारा मिलने की खुशी बयान नहीं की जा सकती है। मैं 19 साल बाद, अपनी पत्नी, बच्चों, भाइयों और बहनों के साथ बैठा और खाना खा पाया हूं। हमें झूठे मामलों में फंसाया गया था। इस दौरान हमें खूब टॉर्चर किया गया और इंसल्ट करने में भी कोई कसर नहीं छोड़ी गई। इस पूरे मामले के दौरान मेरे 11 साल के बेटे को भी एटीएस अधिकारी ने थप्पड़ मारा था। अधिकारी मेरे घर आते और पूरे परिवार को परेशान करते थे।

ठाणे जेल में बंदी के दौरान अपने भाई मुनव्वर के निधन के बाद पैरोल के लिए आवेदन किया था, लेकिन उसे कैंसिल कर दिया गया। बाद में पिता की भी मृत्यु हो गई। उस बार, पैरोल मंजूर कर ली, लेकिन ठाणे जेल से गोवंडी तक पुलिस एस्कॉर्ट का शुल्क 1.7 लाख रुपये था। मैं इसका खर्च कैसे उठा सकता था?

जेल में भी करता था पढाई

मैं जेल में रहते हुए भी पढ़ाई कर रहा था। जेल में रहते हुए मैंने टूरिज्म में दो कोर्स पास किए। आर्ट में ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी की और एमए (हिस्ट्री) के फर्स्ट ईयर की परीक्षा दी। अब अपनी पोस्ट ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी करने की योजना है।'

मंगलवार, 22 जुलाई 2025

International: विश्व प्रसिद्ध सूफी संत Hazrat Makhdoom Ashraf के उर्स में अकीदतमंदों का हुजूम

सूफियाना रंग में किछौछा शरीफ़, दरगाह में मिल्लत की दिखी तस्वीर

Mohd Rizwan 

Ambedkar Nagar (dil India live). हजरत मखदूम अशरफ सिमनानी के उर्स पर सूफियाना रंग में किछौछा शरीफ़ दरगाह जहां नज़र आ रही है वहीं दूसरी ओर उर्स में सभी मज़हब और संप्रदाय के लोगों की हाजिरी से मिल्लत की तस्वीर साफ दिखाई दे रही है। यहां सभी हज़रत के आस्ताने पर अपनी अकीदत लुटाते दिखाई दे रहे हैं।

उर्स पर किछौछा दरगाह परिसर सूफियाना तराने में रंगा हुआ है। मलंगों की पेशकश और लाखों अकीदतमंदों की आंखों में रूहानी चमक इस मौके को और खास बना रही है। मलंग गेट से लेकर आस्ताना तक की गलियों में सूफी रंग बिखर रहे हैं। दरगाह परिसर रोशनी और रुहानियत से जगमगाने लगा है। देश-विदेश से पहुंचे हजारों जायरीन की मौजूदगी में हर तरफ या मखदूम की सदाएं गूंज रही हैं। सज्जादानशीन व ऑल इंडिया सुन्नी जमीयतुल उलमा के राष्ट्रीय अध्यक्ष सैयद मोइनुद्दीन अशरफ (मोइन मियां) समेत दरगाह से जुड़े लोगों की मौजूदगी उर्स को खास बना रही है। मलंगों और फोखराओं के काफिले के साथ रुहानी माहौल बन रहा है। सूफियाना तराने व करतब पेश कर समां बांध दिया। दरगाह पर चादरपोशी की रस्म अदा कर मुल्क की सलामती, एकता और अमन-चैन की दुआ मांगी जा रही है। इस बीच दुनिया भर से श्रद्धालुओं के आने का सिलसिला जारी है। बड़ी तादात में लोग रात रात भर दरगाह के बाहर रुहानी इलाज के लिए पहुंच रहे हैं।

हजरत मखदूम अशरफ का 639वां उर्स

किछौछा में सूफी संत हजरत मखदूम अशरफ रहमतुल्लाह अलैह का 639 वां वार्षिक उर्स पिछले दिनों सज्जादानशीन सैयद मोहिउद्दीन अशरफ के परचम कुशाई के साथ शुरू हुआ था। ढोल नगाड़ों की धुनों के बीच दरगाह के सज्जादानशीन सैयद मोहिउद्दीन अशरफ अशरफीउल जिलानी ने अपने खानवादए अशरफिया के लोगों के साथ ऐतिहासिक मलंग गेट के पास झंडारोहण कर सालाना उर्स का आगाज किया। सज्जादानशीन सै. मोहिउद्दीन अशरफ, सै. फैजान अहमद चांद, एआईसीसी सदस्य मेराजुद्दीन किछौछवी, बदीउद्दीन अशरफ, सै. मजहरुद्दीन अशरफ, सूफीए मिल्लत सै. आसिफ अशरफ, अल्हाज सै. अकिल अशरफ समेत अन्य लोगों का फूलों का सेहरा पहना कर गर्मजोशी से इस्तकबाल किया गया।

National : Aatif Saleem ने UGC NET परीक्षा में किया टाप

आतिफ की कामयाबी पर ब्रिलियंट ओरियंटल एजुकेशनल ग्रुप में हर्ष 

Fatehpur (dil India live).पटकापुर कानपुर निवासी व फतेहपुर में टीचर सलीम अहमद के बेटे आतिफ सलीम ने यूजीसी नेट परीक्षा में 99.99 फीसदी अंक के साथ आल इंडिया टाप किया है। आतिफ ने जवाहर लाल नेहरू विश्वविद्यालय से समाजशास्त्र में एमए किया है। आतिफ की सफलता पर तमाम अजीजों के साथ ही साथ ब्रिलियंट ओरियंटल एजुकेशनल ग्रुप में भी हर्ष है। आतिफ का कहना है कि उसका उद्देश्य आईएएस बनकर देश सेवा और समाजसेवा करने का है। उसने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता और अध्यापकों को दिया है। 

डीएवी का भी टापर है आतिफ

आतिफ ने कानपुर में डीएवी से स्नातक किया था। स्नातक में भी उसने डीएवी टाप किया था। इसके बाद एमए के लिए उसने एएमयू, जामिया मिलिया इस्लामियां की प्रवेश परीक्षा में भी टाप किया था। इसके बाद उसने जेएनयू से एमए करने के लिए प्रवेश परीक्षा दी। वहां पर भी उसे सफलता मिली। इस पर उसने जेएनयू से एमए किया। उसका रिजल्ट अभी नहीं आया है।यूजीसी नेट की परीक्षा का रिजल्ट जारी हुआ। उसने इस परीक्षा में भी आल इंडिया टाप किया। उसे पीएचडी के लिए स्कालरशिप भी मिलेगी। 

आतिफ का कहना है कि जेएनयू में भी उसका अधिक समय लाइब्रेरी में ही व्यतीत होता था। जेएनयू देश की सबसे प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी है। उसमें पढ़ने का सौभाग्य मिला है। उसका कहना है कि वह पीएचडी के साथ ही यूपीएससी की भी तैयारी करेगा। उसका उद्देश्य यूजीसी नेट की तरह यूपीएससी में भी टाप करना है। पढ़ाई के लिए घर में भी माता-पिता ने बेहतर माहौल दिया। आतिफ के मामा पीसीएस अधिकारी हैं। आतिफ से छोटा भाई अज़हान सलीम नेशनल ला यूनिवर्सिटी नई दिल्ली से बीएएलएलबी कर रहा है। ब्रिलियंट ओरियंटल एजुकेशनल ग्रुप के चेयरमैन सैयद वासिफ हुसैन, प्रधानाचार्य वकील अहमद, आसिफ हुसैन, ताहिर हुसैन, अरशद नूर, पत्रकार शकील अहमद सिद्दीकी, जावेद अहमद खान आदि ने बधाई दी है।

Bijli Bihar Main Free यहां जानिए क्या हुआ ऐलान

सभी को 125 यूनिट मुफ्त बिजली, जुलाई से ही मिलेगा लाभ 

Patna (dil India live). बिहार सरकार ने सभी बिजली उपभोक्ताओं को 125 यूनिट मुफ्त बिजली देने की घोषणा की है। इसका लाभ जुलाई महीने के बिल से ही मिलेगा। 1 अगस्त को बिजली का बिल आएगा, उसमें जुलाई महीने के दौरान हुई कुल खपत में 125 यूनिट बिजली को माफ करते हुए शेष यूनिट पर ही बिजली बिल लगेगा।

इसका लाभ सभी प्री-पेड मीटर धारकों को भी पूरी तरह से मिलेगा। राज्य में प्री-पेड मीटर धारकों की संख्या 60 लाख से अधिक है। प्री-पेड मीटर उपभोक्ताओं को 125 यूनिट तक कोई शुल्क नहीं देना होगा। इसके ऊपर जो भी यूनिट उठेगा, उस पर ही रिचार्ज कराना पड़ेगा। अगर कोई व्यक्ति महीने में अपने प्री-पेड मीटर को रिचार्ज करते हैं, तो उन्हें 125 यूनिट तक कोई शुल्क नहीं देना पड़ेगा। रिचार्ज की हुई राशि पर 125 यूनिट की खपत के बाद पहले की तय राशि के आधार पर ही शुल्क देना होगा। मुफ्त बिजली की इस निर्धारित यूनिट के बाद ही रोजाना के हिसाब से पूर्व की तरह ही कटौती होगी।

यह है छूट की व्यवस्था

अगर पोस्ट-पेड या प्री-पेड मीटर वाले किसी उपभोक्ता महीने में 200 यूनिट बिजली की खपत करते हैं, तो उन्हें सिर्फ 75 यूनिट पर ही बिजली का बिल देना होगा। शेष 125 यूनिट बिजली मुफ्त होगी।

इसके बाद 100 यूनिट तक बिजली की खपत पर 4.12 रुपये प्रति यूनिट और 100 यूनिट से अधिक खपत होने पर 5.52 रुपये प्रति यूनिट की दर से शुल्क लगेगा। वर्तमान में भी यही शुल्क लगता है और इसमें किसी तरह की बढ़ोतरी नहीं की गई है।

गौरतलब है कि 18 जुलाई को हुई कैबिनेट की विशेष बैठक में 125 यूनिट बिजली मुफ्त देने की घोषणा की गई थी। इससे 1 करोड़ 86 लाख उपभोक्ताओं को फायदा होने का अनुमान लगाया गया था। इसमें 1 करोड़ 67 लाख विद्युत उभोक्ता ऐसे हैं, जिनकी प्रति महीने औसतन बिजली की खपत 125 यूनिट की है। इससे इन उपभोक्ताओं को मुफ्त बिजली मिलेगी।

सीएम भेज रहे मुफ्त बिजली का मोबाइल पर संदेश

मुफ्त बिजली के इस मुद्दे को लेकर उपभोक्ताओं को एसएमएस के जरिए सूचना भी दी जा रही है। यह संदेश मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की तरफ से सीधे उपभोक्ताओं को उनके मोबाइल पर भेजा जा रहा है। इस मामले में ऊर्जा विभाग के सचिव सह बिहार राज्य पॉवर होल्डिंग कंपनी के प्रबंध निदेशक मनोज कुमार सिंह के अनुसार, इस सुविधा से सभी उपभोक्ताओं को लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री विद्युत उपभोक्ता सहायता योजना के तहत 125 यूनिट बिजली पर सौ फीसदी सब्सिडी दी जा रही है।

सोमवार, 21 जुलाई 2025

UP : Varanasi K जगतगंज में Puja स्थल पर 40 साल पुराना विवाद खत्म

गुरुद्वारा गुरु तेग बहादुर साहिब का ताला खुला, सिख समुदाय में उत्सव का माहौल


Varanasi (dil India live). श्री बड़े हनुमान मंदिर प्रबंध समिति जगतगंज, वाराणसी के व्यवस्थापक व अधिकृत प्रतिनिधि, श्री श्याम नारायण पाण्डेय एवं गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी वाराणसी के अध्यक्ष सरदार करन सिंह सब्बरवाल व वरिष्ठ उपाध्यक्ष सरदार परमजीत सिंह अहलुवालिया ने संयुक्त रूप से आयोजित पत्रकारवार्ता में बताया कि तकरीबन चालीस साल से रामकटोरा के पूजा स्थल पर विवाद चला आ रहा था। उक्त पूजा स्थल पर विवाद खत्म हो गया है और अब दोनों पक्षों के मध्य समझौता हो गया है।


प्रेस कॉन्फ्रेंस में जगतगंज के प्रतिष्ठित नागरिक स्वतंत्रता संग्राम सेनानी शहीद बाबू जगत सिंह के वंशज प्रदीप नारायण सिंह की मध्यस्थता में उभय पक्ष के धार्मिक आस्था के समस्त बिन्दुओं का संज्ञान लिया गया। दोनो पक्षों के मध्य समझौता उ०प्र० के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की वजह से संभव हो पाया। गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी सदैव  ऋणी रहेगा। यह भी विदित है कि जनपद वाराणसी के प्रशासनिक विभाग व प्रशासनिक अधिकारियों का भी इस दौरान भरपूर सहयोग मिला। अंततः दोनो पक्षों के मध्य आपसी सौहार्द कायम रखने हेतु कराये गये इस सन्धि-पत्र / सुलहनामा पर जगतगंज कोठी वाराणसी में विस्तार से चर्चा हुई। बताया गया कि आज का दिन एक ऐतिहासिक दिन है। प्रथम पक्ष श्री हनुमान मंदिर व द्वितीय पक्ष गुरुद्वारा के बीच स्वामित्व, कब्जे व अपने अधिकारों को लेकर 40 वर्षों से चला आ रहा विवाद सन्धि-पत्र / सुलहनामा पर हुये हस्ताक्षर उपरान्त समस्त विवाद समाप्त हो गया है। आपके द्वारा यह किया गया कार्य एक महान कार्य है। जिसको काशी की जनता हमेशा याद करेगी। पूर्व में स्व० अजीत सिंह सभरवाल का अथक प्रयास जो आज सफल हुआ। ये सारे कार्य उनके आर्शीवचन से संभव हो पाया।

उन्होंने बताया कि इस वर्ष संपूर्ण भारत वर्ष में साहिब श्री गुरू तेग बहादुर जी महाराज जी का 350 वां शहीदी दिवस बडी श्रद्वा एवं भावना से मनाया जा रहा है। 350 वें शहीदी पर्व पर बनारस के गुरू तेग बहादुर जी के गुरुद्वारे का विवाद खत्म होने से पूरे सिख परिवार में खुशी का माहौल है। इस समझौते से गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी में हर्ष एवं उल्लास का माहौल है। यह जगतगंज स्थित गुरुद्वारा, गुरु तेग बहादुर जी महाराज की चरण स्पर्श भूमि है और साथ ही श्री बड़े हनुमान मंदिर भी वहीं स्थित है। दोनों पक्षो के सुलहनामा को लोग युगो-युगो तक याद करते रहेंगे। गुरू साहब की शहादत को भुलाया नहीं जा सकता। इनकी शहादत पूरे विश्व में एक मिसाल कायम करती है। यही पर श्री बडे हनुमान जी का मंदिर भी स्थित है। ये भी अपने आप में एक मिसाल है कि दोनों पक्ष एक साथ भजन गायन करेंगे। गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी वाराणसी ने मंदिर समिति और श्री प्रदीप नारायण सिंह जी का धन्यवाद दिया और कहा कि ये ऐतिहासिक फैसला पूरे विश्व में एक मिसाल कायम करेगा व शांति और अमन के प्रतीक के रूप में देखा जायेगा।

इस मौके पर दोनों प्रबंध समिति के अधिकारीगण, प्रतिनिधि, (सरदार करन सिंह सभरवाल, सरदार परमजीत सिंह अहलुवालिया, श्री श्याम नारायण पाण्डेय), समाजिक कार्यकर्तागण व स्थानीय लोग व मान्य नागरिक उपस्थित रहे। गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी वाराणसी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष परमजीत सिंह अहलूवालिया ने कॉन्फ्रेंस में उपस्थित सभी सम्मानित व्यक्तियों का आभार प्रकट किया। 

Politics : SP MP Priya Saroj ने किया धान की रोपाई

सांसद प्रिया को धान की रोपाई करते देख लड़कियां चहकीं महिलाओं ने किया तारीफ
Varanasi (dil India live). सपा सांसद प्रिया सरोज सदैव खबरों में बनी रहती हैं। एक बार फिर वो सुर्खियों में हैं। इस बार सोशल मीडिया पर उनका एक वीडियो खेती करते हुए वायरल हो रहा है। इस वीडियो में प्रिया सरोज धान की रोपाई करती नजर आ रही हैं। वीडियो को खुद उन्होंने शेयर किया है, जिसके कैप्शन में लिखा है- 'हमारा गांव...' इस पोस्ट पर यूजर्स जमकर रिएक्ट कर रहे हैं। 

प्रिया सरोज वाराणसी स्थित अपने गांव करखियांव पहुंचीं। उन्होंने अपनी सहेलियों के साथ धान की रोपाई की। इसका वीडियो उन्होंने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर किया है। प्रिया सरोज जौनपुर में मछली शहर सीट से सांसद हैं। जबकि उनका गांव वाराणसी में है। सांसद प्रिया सरोज अपने गांव में थीं। उनके खेत में धान की रोपाई चल रही है। जिसे देखने के लिए सांसद खुद खेत में पहुंच गईं। धान की रोपाई कर रही महिलाओं को देखकर वह खेत में उतर गईं। उन्होंने अपने एक हाथ में धान का पौध थामा और दूसरे हाथ से रोपाई शुरू कर दी। एक सांसद को धान की रोपाई करते देख महिलाएं अचंभित हो गईं। इस दौरान प्रिया सरोज ने लगभग 5 बिस्वा खेत में धान की रोपाई की। सोशल मीडिया पर लोग उनके वीडियो को काफी शेयर कर रहे हैं। लोग उन्हें जमीनी नेता बता रहे हैं।

बिजली कटौती पर ऊर्जा मंत्री को पत्र 

प्रिया सरोज ने जौनपुर जिले में बिजली आपूर्ति की खराब स्थिति को लेकर ऊर्जा मंत्री को पत्र लिखा है। जिसमें कहा, पिछले कुछ महीनों से क्षेत्र में बिजली की स्थिति लगातार बिगड़ रही है। ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों में अनियोजित बिजली कटौती हो रही है। ट्रांसफॉर्मर जलने और वोल्टेज की अनियमितता से लोग परेशान हैं। कई दिनों तक बिजली न मिलने से जनजीवन अस्त-व्यस्त है।
मड़ियाहूं तहसील के रिकेवीपुर, कोहड़ा और नयेपुर गांव में धान की रोपाई प्रभावित हो रही है। छात्रों की पढ़ाई बाधित है। छोटे व्यापारियों को आर्थिक नुकसान हो रहा है। अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाएं भी प्रभावित हैं। विभागीय अधिकारियों को कई बार शिकायत करने के बाद भी कोई स्थायी समाधान नहीं निकला। विद्युत विभाग की स्थानीय इकाइयां जनता की शिकायतों पर ध्यान नहीं दे रही हैं।
सांसद ने UPPCL की कार्यप्रणाली की उच्च स्तरीय जांच की मांग की। उन्होंने खराब बिजली लाइनों की मरम्मत और कटौती पर रोक लगाने की मांग की है। साथ ही नए ग्रिड या सबस्टेशन स्थापित करने की योजना बनाने को कहा है। लेटर की एक कॉपी जिलाधिकारी जौनपुर और पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक को भी भेजी गई है।