मंगलवार, 28 अक्टूबर 2025

UP: Varanasi में उगते सूर्य को अर्घ्य संग पूर्ण हुआ छठ का महाव्रत

BLW में छठ पूजा पर दिखा आस्था का सैलाब










एफ.फारुकी/संतोष नागवंशी

Varanasi (dil india live). बनारस और आसपास के जिलों में सूर्योपासना एवं लोक आस्था का महापर्व "छठ" भव्यता और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। हजारों-लाखों श्रद्धालुओं ने गंगा घाटों, वरुणा नदी के तट, असी नदी के तट, घरों की छतों, कुंडों व तालाबों के किनारे छठ पूजा कर अंतिम दिन उगते हुए सूर्य को अर्घ्य देकर अपना कठिन व्रत पूर्ण किया। 
बनारस रेल इंजन कारखाना (BLW) में सूर्योपासना एवं लोक आस्था का महापर्व "छठ पूजा" भव्यता और धार्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। बरेका स्थित पवित्र सूर्य सरोवर में तीन दिवसीय छठ पूजनोत्सव के अंतिम दिन व्रती महिलाओं ने उगते सूर्य को अर्घ्य अर्पित कर भक्ति भाव से पूजन- अर्चन किया। यह आयोजन न केवल आस्था और श्रद्धा का प्रतीक रहा, बल्कि श्रद्धालुओं के हृदय में छठ मइया और भगवान भास्कर के प्रति असीम भक्ति का द्योतक है। आज छठ पूजन के अंतिम दिवस पर व्रती महिलाओं और पुरुषों ने उगते सूर्य को अर्घ्य दिया और प्रसाद ग्रहण कर व्रत का समापन किया। बरेका सूर्य सरोवर के परिसर में हजारों श्रद्धालुओं का आगमन हुआ, जिन्होंने इस भव्य आयोजन में सम्मिलित होकर धार्मिक ऊर्जा का अनुभव किया।

सुरक्षा व्यवस्था में इनका रहा सहयोग

सूर्य सरोवर परिसर में अनुशासन एवं सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए उत्तर प्रदेश पुलिस, रेलवे सुरक्षा बल, एनडीआरएफ, सेंट जॉन्स एम्बुलेंस ब्रिगेड, नागरिक सुरक्षा दल, सिविल डिफेंस और जिला भारत स्काउट गाइड के सदस्य तैनात थे। इन सभी संगठन के सदस्यों ने श्रद्धालुओं की सुरक्षा और कार्यक्रम के सुचारू संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।


 

सोमवार, 27 अक्टूबर 2025

UP: Varanasi Main लोक आस्था के महापर्व छठ पर डूबते सूर्य को दिया अर्घ्य

छठ महापर्व पर बिहार में तब्दील नज़र आया बनारस 

छठ को सुरक्षित बनाने के लिए घाटों पर तैनात रही पुलिस व एनडीआरएफ






एफ.फारुकी/संतोष नागवंशी

Varanasi (dil india live). लोक आस्था के महापर्व डाला छठ पर सूर्यदेव की उपासना के लिए लाखों श्रद्धालु पवित्र नदियों के घाटों, सरोवरों पर श्रद्धा और उत्साह के साथ सोमवार को एकत्र हुए। इन सभी श्रद्धालुओं और आगंतुकों की सुरक्षा और सुविधा के लिए पुलिस के साथ ही एनडीआरएफ की टीमें वाराणसी, गोरखपुर तथा चंदौली आदि के लगभग सभी मुख्य घाटों पर तैनात थी। 

वाराणसी में एनडीआरएफ की कुल छः टीमों को सभी संवेदनशील घाटों जैसे राजघाट, ललिता घाट, दशाश्वमेध घाट, पंचगंगा घाट, राजेंद्र प्रसाद घाट, केदार घाट, अस्सी घाट, सामने घाट, विश्वसुन्दरीघाट और अन्य नजदीकी घाटों पर अत्याधुनिक जीवन रक्षक उपकरणों के साथ गंगा नदी में तैनात किया गया। इसके साथ ही वाराणसी के अन्य संवेदनशील स्थानों जैसे वरुणा नदी में शास्त्री घाट, सूर्य सरोवर, बनारस रेलवे कारखाना, वाराणसी पर भी एनडीआरएफ की टीमों को तैनात किया गया है। चन्दौली जनपद के मुगलसराय क्षेत्र में मानसारोवर तालाब एवं बलुआ घाट में भी एनडीआरएफ टीमों को सुरक्षा के दृष्टिकोण से तैनात किया गया। इसके अतिरिक्त गोरखपुर में घाघरा नदी के राज घाट तथा इसके आसपास के अन्य भीड़ की दृष्टि से संवेदनशील घाटों पर भी एनडीआरएफ की टीमें मुस्तैद दिखी।










बरेका सूर्य सरोवर में जुटे हजारों, दिया अर्घ्य

बनारस रेल इंजन कारखाना (BLW) में आज 27 अक्टूबर को महापर्व "छठ पूजा" के अवसर पर बरेका (BLW) स्थित सूर्य सरोवर परिसर में किए जा रहे छठ पूजन कार्यक्रम में हजारों श्रद्धालुओं की अद्भुत भाव- भक्ति का विहंगम दृश्य देखने को मिला। इस महान पर्व के अवसर पर प्रमुख मुख्य विद्युत इंजीनियर, सुशील कुमार श्रीवास्तव एवं प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर, विवेक शील ने अस्ताचलगामी सूर्य को अर्घ्य देकर विधिवत पूजन-अर्चन कर लोक कल्याण की कामना की, साथ ही महिला कल्याण संगठन की सदस्याओं ने भी भावपूर्ण ढंग से पूजन अर्चन किया।

इस अवसर पर प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर विवेक शील, प्रधान वित्त सलाहकार, मुक्तेश मित्तल, मुख्य सतर्कता अधिकारी, अंकुर चंद्रा, प्रमुख मुख्य इंजीनियर, शैलेंद्र कुमार सिंह, मुख्य यांत्रिक इंजीनियर पी & एम, सुनील कुमार, मुख्य विद्युत इंजीनियर/निरीक्षण, मनोज कुमार गुप्ता, मुख्य संरक्षा अधिकारी एवं संरक्षक छठ समिति बरेका, राम जन्म चौबे, मुख्य अभिकल्प इंजीनियर (विद्युत), अनुराग कुमार गुप्ता, मुख्य अभिकल्प इंजीनियर (डीजल), प्रवीण कुमार, मुख्य विद्युत इंजीनियर,लोको अरविंद कुमार जैन, प्राचार्य, प्राविधिक प्रशिक्षण केंद्र, राजेश कुमार एवं बरेका के अन्य वरिष्ठ अधिकारियों ने विधिवत पूजन अर्चन कर समस्त जनमानस के मंगलमय जीवन की कामना की।

  इस पावन पर्व के अवसर पर संपूर्ण बरेका परिसर रंग-बिरंगे लाइट, झालरों एवं अन्य सजावटी सामानों की भव्यता से आलोकित हो रहा था। विशेष कर सूर्य सरोवर परिसर में माताओं- बहनों की मधुर छठ मईया की भक्ति गीत संपूर्ण बरेका परिसर में भक्ति की अद्भुत,अलौकिक, आनंदमय और भावनापूर्ण हृदयस्पर्शी लहरों का संचार कर रही थी।

इनकी रही खास मौजूदगी 

इस अवसर पर संयुक्त सचिव, कर्मचारी परिषद श्रीकांत यादव, अन्य सदस्य वीन कुमार सिन्हा, अमित कुमार, अमित कुमार एवं संतोष कुमार यादव भी उपस्थित रहे। छठ पूजा के इस महापर्व कार्यक्रम को सफल बनाने में अध्यक्ष, छठ समिति, बरेका अनूप सिंह वत्स, उपाध्यक्ष आलोक कुमार सिंह, महामंत्री अजय आर, कमलेश सिंह, गणेश प्रसाद, निलेश राय, राकेश पाण्डेय और आलोक कुमार पाण्डेय समेत अन्य पदाधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। संपूर्ण कार्यक्रम का संचालन राकेश पाण्डेय और दीपा मिश्रा ने किया।


Postal Departmentt :में 'सतर्कता जागरूकता सप्ताह' का आगाज़

पोस्टमास्टर जनरल कृष्ण कुमार यादव ने दिलाई सत्यनिष्ठा की प्रतिज्ञा

'सतर्कता: हमारी साझा जिम्मेदारी' थीम के साथ डाक विभाग द्वारा मनाया जा रहा 'सतर्कता जागरूकता सप्ताह'



Ahmedabad (dil india live). डाक विभाग द्वारा उत्तर गुजरात परिक्षेत्र में 'सतर्कता जागरूकता सप्ताह' (Ignorance Awareness Week) का 27 अक्टूबर से 2 नवंबर तक आयोजन किया जायेगा। क्षेत्रीय कार्यालय, अहमदाबाद में इसका शुभारंभ करते हुए उत्तर गुजरात परिक्षेत्र के पोस्टमास्टर जनरल श्रीकृष्ण कुमार यादव ने डाक विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों को 'सत्यनिष्ठा प्रतिज्ञा' दिलाई और सत्यनिष्ठा एवं ईमानदारी से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने के लिए प्रेरित किया।

पोस्टमास्टर जनरल श्री कृष्ण कुमार यादव ने ''सतर्कता: हमारी साझी जिम्मेदारी'' थीम का संदेश देते हुए सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को प्रत्येक क्षेत्र में नीतिपूर्वक कार्य पद्धतियों को बढ़ावा देने, ईमानदारी, सत्यनिष्ठा व पारदर्शिता बनाये रखने के लिए निरंतर प्रयत्नशील रहने, भ्रष्टाचार उन्मूलन हेतु निर्बाध रूप से कार्य करने, कार्य से सम्बद्ध नियमों, विनियमों आदि के बारे में सुग्राही बनने, अपने संगठन के विकास एवं प्रतिष्ठा के प्रति सचेत रहने और साथ ही सबंधित पक्षों एवं समाज के अधिकारों व हितों का संरक्षण करने की प्रतिज्ञा दिलाई।


पोस्टमास्टर जनरल श्री कृष्ण कुमार यादव ने बताया कि 'सतर्कता जागरूकता सप्ताह' हर साल सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती (31 अक्टूबर) वाले सप्ताह में मनाया जाता है, जिसका मुख्य उद्देश्य भ्रष्टाचार के खिलाफ जागरूकता फैलाना और सार्वजनिक जीवन में ईमानदारी, पारदर्शिता और जवाबदेही को बढ़ावा देना है। यह नागरिकों को भ्रष्टाचार से लड़ने में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करता है और शासन तथा सार्वजनिक प्रशासन में नैतिकता की आवश्यकता के बारे में जागरूकता बढ़ाता है। 

सहायक निदेशक वारिस एम. वहोरा ने बताया कि सर्तकता जागरूकता सप्ताह के अंतर्गत अधिकारियों/कर्मचारियों हेतु भ्रष्टाचार निवारक उपायों के सम्बन्ध में कार्यशाला, कर्मचारियों हेतु क्विज एवं वाद-विवाद प्रतियोगिता, जनपरिवादों के निस्तारण हेतु विशेष कैम्प्स, तहसील स्तर पर भ्रष्टाचार के दुष्प्रभावों के सम्बन्ध में ग्राम सभा जागरूकता जैसे तमाम कार्यक्रम आयोजित किये जायेंगे।


इनकी रही खास मौजूदगी 
इस अवसर पर सहायक निदेशक वारिस एम. वहोरा, एम एम शेख, वरिष्ठ लेखा अधिकारी पूजा राठोर, सहायक लेखा अधिकारी चेतन सैन, राम स्वरूप मँगावा, सहायक अधीक्षक जीनेश पटेल, रमेश पटेल, रोनक शाह सहित तमाम अधिकारी-कर्मचारीगण उपस्थित रहे। 

Education: VKM Varanasi Main ‘थियोसाॅफीः एक परिचय’ पर हुआ व्याख्यान

थियोसाॅफी के ऐतिहासिक पक्ष, विभिन्न आधार व मूल उद्देश्य पर डाली रौशनी



Varanasi (dil india live). आज 27 अक्टूबर को वसन्त कन्या महाविद्यालय वाराणसी (VKM Varanasi) में मूल्य संवर्द्धन पाठ्यक्रम के अंतर्गत ‘थियोसाॅफीः एक परिचय’ पर व्याख्यान का आयोजन किया गया। इस अवसर पर मुख्य अतिथि उमा शंकर पाण्डेय, थियोसाॅफिकल सोसाइटी के राष्ट्रीय व्याख्याता तथा भारतीय अनुभाग, उत्तर प्रदेश और उत्तराखण्ड महासंघ के अध्यक्ष थे। मुख्य अतिथि का स्वागत महाविद्यालय की प्राचार्या प्रो. रचना श्रीवास्तव द्वारा किया गया। इस मौके पर मुख्य अतिथि ने अपने व्याख्यान में थियोसाॅफीः के ऐतिहासिक पक्ष, विभिन्न आधार तथा उसके मूल द्वारा उद्देश्य पर विस्तृत तथा गंभीर दृष्टि प्रस्तुत की तथा वैज्ञानिक आधारों से उन्हें सम्पुष्ट भी किया। 


इनकी रही खास मौजूदगी 

महाविद्यालय के विभिन्न विभागों के शिक्षक / शिक्षिकाएं जिनमें डाॅ. सपना भूषण, डाॅ. शशिकला, डाॅ. आशीष सोनकर, डाॅ. नैरंजना श्रीवास्तव, डाॅ. आरती कुमारी, डाॅ. आरती चौधरी, डाॅ. सरोज उपाध्याय, डाॅ. वर्षा सिंह, डाॅ. दीक्षा जायसवाल, डाॅ. अनु सिंह इत्यादि। कार्यक्रम का संयोजन डाॅ. शशिकेश कुमार गोंड तथा धन्यवाद ज्ञापन डाॅ. प्रतिमा सिंह द्वारा किया गया। 

रविवार, 26 अक्टूबर 2025

बरेका में स्पेशल कैंपेन 5.0 एवं स्वच्छता अभियान 2025

कार्यालयों एवं  रेलवे ट्रैक्स की गहन सफाई के साथ चला स्वच्छता जागरूकता अभियान


F.farooqui/Santosh nagvanshi

Varanasi (dil india live). रेल मंत्रालय, भारत सरकार के दिशा-निर्देशों के अनुपालन एवं महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह के मार्गदर्शन में बनारस रेल इंजन कारखाना को प्रमुख मुख्य  कार्मिक अधिकारी, उप मुख्य  कार्मिक अधिकारी /मुख्यालय एवं उप मुख्य  कार्मिक अधिकारी /कर्मशाला के कार्यालयों में विशेष स्वच्छता जागरूकता अभियान चलाया गया। यह कार्यक्रम बरेका के स्वच्छ भारत मिशन को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ, जिसमें कार्यालय परिसर को स्वच्छ, व्यवस्थित और पर्यावरणअनुकूल बनाने पर विशेष बल दिया गया। 

स्पेशल कैंपेन 5.0 के तहत प्रमुख मुख्य  कार्मिक अधिकारी, उप मुख्य  कार्मिक अधिकारी /मुख्यालय एवं उप मुख्य  कार्मिक अधिकारी /कर्मशाला के कार्यालयों में साफ सफाई और व्यवस्थित रखरखाव, पुराने रिकॉर्ड्स का उचित प्रबंधन, अनुपयोगी सामान और फर्नीचर का निस्तारण, स्थान प्रबंधन और कार्यालयों का सौंदर्यीकरण, स्क्रैप सामग्री का प्रभावी निस्तारण किया गया। अभियान के दौरान कार्यालय परिसर में गहन सफाई अभियान चलाया गया, जिसमें अधिकारियों, कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस कार्यक्रम ने न केवल दैनिक कार्यक्षमता को बढ़ावा दिया, बल्कि संसाधनों के कुशल उपयोग और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी योगदान दिया।



एक अन्य कार्यक्रम में स्वच्छता अभियान 2025 के अंतर्गत बरेका कारखाना परिसर के बाहर स्थित रेलवे ट्रैक्स की गहन सफाई के साथ एक स्वच्छता जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम के दौरान सिविल विभाग द्वारा रेलवे ट्रैक्स और आसपास के क्षेत्रों में गहन सफाई अभियान चलाया गया। कर्मचारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और स्वच्छता के महत्व को रेखांकित करने वाली गतिविधियों में सक्रिय रूप से योगदान किया।

यह अभियान बरेका के कर्मचारियों और समुदाय को स्वच्छता के प्रति जागरूक करने और पर्यावरण संरक्षण के लिए प्रेरित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।  बरेका का यह प्रयास रेल मंत्रालय के स्वच्छ भारत मिशन के उद्देश्यों को साकार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो स्वच्छता, सुरक्षा और दक्षता को बढ़ावा देगा।

शनिवार, 25 अक्टूबर 2025

Bihar ही नहीं UP K Varanasi Main भी लोकपर्व छठ की धूम

नहाय खाय संग लोक आस्था का पर्व छठ शुरू 

बाजारों में रौनक, फलों-सामानों की खरीदारी में जुटे श्रद्धालु


एफ.फारूकी/संतोष नागवंशी

Varanasi (dil india live)। बिहार ही नहीं लोक आस्था का महापर्व छठ पूजा अब काशी में भी अपनी खास पहचान बना चुका है। शहर के कोने-कोने में छठ की तैयारी जोर-शोर से चल रही है। बाजारों में फलों, दौरा-सूप और पूजन सामग्री की दुकानों पर लोगों की भारी भीड़ उमड़ रही है। नहाय खाय संग शनिवार से शुरू हुए पर्व को लेकर महिलाओं और पुरुषों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिल रहा है। रविवार को दूसरे दिन खरना है।

शहर के लंका, बीएचयू, भेलूपुर, चेतमणी चौक, चितईपुर, सिगरा, अर्दली बाज़ार, पांडेयपुर, लालपुर सहित प्रमुख बाजारों में फलों की विशेष सजावट की गई है। पूजा के दौरान उपयोग होने वाले मौसमी फल केला, सेब, मौसमी, अनार, अमरूद, सिंघाड़ा, नारियल, कच्ची हल्दी और अदरक की मांग सबसे अधिक थी। हालांकि, इस बार महंगाई का असर बाजार में साफ दिखाई दे रहा है, लेकिन श्रद्धालु आस्था के आगे किसी भी कीमत की परवाह नहीं कर रहे और बढ़-चढ़कर खरीदारी कर रहे हैं। छठ पूजा सूर्य देव को समर्पित पर्व है। इसमें माताएं और महिलाएं अपने परिवार की सुख-समृद्धि और संतान की लंबी उम्र की कामना से कठोर व्रत रखती हैं।

जाने पर्व की प्रमुख विधियां क्या हैं
  • पहला दिन – नहाय-खाय 

  • दूसरा दिन – खरना 

  • तीसरा दिन – डूबते सूर्य को अर्घ्य 

  • चौथा दिन – उगते सूर्य को अर्घ्य देकर पारण

इस दौरान घर से लेकर घाटों तक सफाई का विशेष ध्यान रखा जाता है। शहर के घाटों, तालाबों और सरोवरों पर लोग पहुंचकर घाटों की सफाई, बेदी निर्माण और सजावट में जुटे हुए हैं। पहले जहां यह पर्व मुख्य रूप से बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश तक सीमित था, वहीं अब काशी में भी इसकी लोकप्रियता तेजी से बढ़ रही है। ग्रामीण इलाकों की महिलाएं भी परंपरागत तरीके से छठ पर्व मनाने लगी हैं।

संकल्प, शुचिता और अनुशासन से भरे इस पर्व में सांस्कृतिक जुड़ाव और आस्था की अनोखी झलक देखने को मिलती है। काशी में गंगा किनारे इस महापर्व के आयोजन से शहर में भी बिहार संस्कार का सुंदर संगम दिखाई पड़ता है। आस्था और उल्लास से परिपूर्ण छठ महापर्व के चलते काशी की बाजारों से लेकर घाटों तक रौनक साफ झलक रही है, और शहर पूरी तरह इस आध्यात्मिक पर्व की तैयारी में जुटा हुआ है।




Huzur Mujahid-E-Millat के सच्चे सिपाही थे Ali Azam हबीबी

मरहूम अली आज़म हबीबी की बरसी मनाई गई



 

Mohd Rizwan 

Varanasi (dil india live)। अंजुमन तबलीग अहले सुन्नत व दावते नमाज़ के पूर्व प्रबंधक मरहूम अली आज़म हबीबी (Ali Azam Habibi) की दीनी खिदमात को भुलाया नहीं जा सकता। वो आला हज़रत को मानने वाले व सूफिज़्म के सच्चे सिपाही थे। हुजूर मुजाहिदे मिल्लत के मुरीद मरहूम अली आज़म हबीबी ने हुजूर मुजाहिदे मिल्लत के मिशन नेकी और नमाज़ की दावत, दीन की खिदमत को अपनी जिंदगी का मक़सद बनाया। उत्तर प्रदेश के मऊ जिले की मोहम्मदाबाद गोहना तहसील के बंदीकला (नगरीपार गांव) में जन्मे अली आज़म हबीबी शिक्षा दीक्षा के बाद जिला उद्योग केन्द्र वाराणसी (DiC Varanasi) में कार्यरत होने के चलते शुरू से ही बनारस के गौरीगंज में किराये के मकान में रहते थे। यहीं पर दीनी जज़्बे और हुजूर मुजाहिदे मिल्लत की दुआ मिली और वो हुजूर के मिशन में लग गये। दीन की खिदमत के साथ ही बच्चो की परवारिश शिक्षा दीक्षा में भी उन्होंने कोई कोताही नहीं होने दी। दीन के लिए ही बरेली शरीफ से मिले फतवे पर उन्होंने नसबंदी कानून के खिलाफ नौकरी छोड़ दी, बाद में कानून वापस हुआ तो उन्न्हें फिर से बुलाकर उक्त सरकारी नौकरी दी गई। दीन की राह में ये उनकी पहली ज़ीत समझी जा सकती है। सैकड़ों लोगों को उन्होंने दीन का रास्ता दिखाया। हुजूर मुजाहिदे मिल्लत की कायम अंजुमन तबलीग अहले सुन्नत व दावते नमाज़ के वो आजीवन प्रबंधक थे। वर्ष 2000 में जब वो जिला उद्योग केन्द्र से रिटायर हुए तो जो फंड विभाग से मिला उससे उन्होने 2002 में अर्दली बाजार में एक जमीन खरीदकर मकान बनवाया और वो वहीं सपरिवार रहने लगे। 

टकटकपुर कब्रिस्तान में हुए थे सुपुर्दे खाक 

वर्ष 2019 में बीमारी के बाद 24 दिसंबर, (27 रबीउल आखिर) को वो दुनिया से रुख्सत हो गये। उन्हें टकटकपुर कब्रिस्तान में सुपुर्दे खाक किया गया था। उनकी बरसी पर अर्दली बाजार में फातेहा का आयोजन किया गया। जिसमें घर के लोग और अज़ीज़ शामिल हुए। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि अली आज़म हबीबी हमेशा क़ौम की बेहतरी, बेदारी के लिए जीते रहें। किसी का कभी बुरा नहीं चाहा। किसी का हक नहीं मारा। हमेशा दूसरों की वो मदद के लिए तत्पर रहते थे।