गुरुवार, 13 नवंबर 2025

Nataraj Sangita academy का तीसवां कत्थक महोत्सव आज

पंडित बिरजू महाराज की विरासत और परंपरा को आगे बढ़ा रहीं हैं संगीता सिन्हा 


dil india live (Varanasi). नटराज संगीत अकादमी वाराणसी द्वारा आयोजित सनबीम शिक्षण समूह के विशेष सहयोग से 30 वें कत्थक महोत्सव (विरासत पंडित बिरजू महाराज परंपरा) का आयोजन आज शाम 5:00 बजे सनबीम लहरतारा में आयोजित होने जा रहा है। नटराज संगीत अकादमी की निदेशक एवं पं. बिरजू महाराज की वाराणसी में वरिष्ठ शिष्या संगीता सिन्हा ने दिल इंडिया लाइव को बताया कि नटराज संगीत अकादमी द्वारा विगत 30 वर्षों से कथक महोत्सव का आयोजन होता आ रहा है, जिसमें अकादमी के 30 वें कथक महोत्सव सभी संगीत रसिकों को आमंत्रित किया गया है। आयोजन में छात्राओं के अतरिक्त बाहर के उभरते एवं प्रतिष्ठित कलाकारों को भी आमंत्रित किया गया है। यह आयोजन 22 वर्षों तक डॉ. राजेन्द्र प्रसाद घाट पर मनाया गया तो 2 वर्ष अस्सी घाट पर और 2017 में 25 वर्ष होने पर सिल्वर जुबली भी मना। संगीता सिन्हा ने कहा कि प्रत्येक वर्ष मेरे गुरु पद्म विभूषण पं. बिरजू महाराज उपस्थित रहते थे। यह बनारस में अपना एक अकेला महोत्सव है। मैं अपने गुरु पं. बिरजू महाराज की कथक परंपरा को आगे ले जाने के लिए संकल्पित हूं। इस कथक महोत्सव में अकादमी की छात्राएं सम्या गर्ग, अन्विता दीक्षित युगल कथक नृत्य जहां प्रस्तुत करेंगी वहीं, ऋचा जालान एकल कथक नृत्य एवं अन्नेश दत्ता एकल कथक नृत्य प्रस्तुत करेंगी। यह आयोजन एक यादगार आयोजन होगा।

बुधवार, 12 नवंबर 2025

Education: VKM Varanasi में CPR प्रशिक्षण कार्यक्रम

कोविड महामारी के बाद कार्डिक अरेस्ट की घटनाओं में हुई वृद्धि

आपदा प्रबंधन क्लब व छात्र सलाहकार समिति ने किया आयोजन

dil india live (Varanasi). 12 नवम्बर 2025 को वसन्त कन्या महाविद्यालय, कमच्छा में आज आपदा प्रबन्धन क्लब तथा छात्र सलाहकार एवं अनुशासन समिति के संयुक्त तत्वावधान में CPR (कार्डियो पल्मोनरी रिससिटेशन) प्रशिक्षण कार्यक्रम’ का सफल आयोजन किया गया, जिसमें आपातकालीन जीवनरक्षक तकनीक सीपीआर का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। 

कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातः 11 बजे महाविद्यालय प्रांगण में हुआ। इस अवसर पर महाविद्यालय की प्राचार्या मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थीं। प्रशिक्षण सत्र का संचालन प्रसिद्ध चिकित्सा विशेषज्ञ डॉ. शिवशक्ति प्रसाद द्विवेदी, राजकीय चिकित्सा अधिकारी, वाराणसी द्वारा किया गया।  इस अवसर पर प्रशिक्षण के दौरान डॉ. द्विवेदी ने सम्बोधित करते हुए कहा कि कोविड महामारी के बाद कार्डिक अरेस्ट की घटनाओं में बहुत वृद्धि हुई है। 


आधुनिक या गलत जीवनशैली के कारण युवा भी शिकार हो  रहे हैं, किन्तु सीपीआर एक ऐसी जीवन रक्षक तकनीक है जिसका उचित समय पर प्रयोग करके कुछ हद तक जीवन को बचाया जा सकता है। उन्होंने हार्ट अटैक और कार्डिक अरेस्ट के अन्तर को सरलता से बताते हुए सीपीआर देने के परिस्थितियों, स्थान तथा विधियों को सूक्ष्मता से परिचित कराया। डॉ . द्विवेदी ने व्यावहारिक प्रदर्शन द्वारा बताया कि हृदय गति रुक जाने जैसी आपात स्थितियों में समय पर और सही ढंग से सीपीआर तकनीक का प्रयोग किसी व्यक्ति के जीवन को बचाने में महत्वपूर्ण होता है। उन्होंने ने छात्राओं, शिक्षकों एवं कर्मचारियों को सीपीआर की प्रक्रिया के प्रत्येक चरण की जानकारी दी। कैसे हृदयगति और श्वसन रुकने की पहचान की जाए, किस प्रकार छाती पर दबाव दिया जाए, और कृत्रिम श्वसन (mouth-to-mouth respiration) को सही ढंग से किया जाए। उन्होंने प्रतिभागियों को मौके पर अभ्यास करने के लिए प्रोत्साहित किया, जिससे उन्हें व्यावहारिक अनुभव प्राप्त हुआ।

मुख्य अतिथि प्राचार्या रचना श्रीवास्तव ने अपने संबोधन में कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम न केवल जीवनरक्षक तकनीकों के प्रति जागरूकता बढ़ाते हैं, बल्कि आपात परिस्थितियों में आत्मविश्वास से कार्य करने की क्षमता भी विकसित करते हैं। उन्होंने आयोजक समितियों की इस उपयोगी पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रमों के माध्यम से छात्र-छात्राओं में सामाजिक संवेदनशीलता एवं उत्तरदायित्व की भावना विकसित होती है। महाविद्यालय के शिक्षकगण, शिक्षणेतर कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग किया। 

कार्यक्रम के अन्त में आपदा प्रबन्धन क्लब की संयोजिका एवं छात्र सलाहकार डॉ. मंजू कुमारी ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि महाविद्यालय भविष्य में भी आपदा प्रबंधन से संबंधित इस प्रकार के उपयोगी और व्यावहारिक प्रशिक्षण कार्यक्रमों का नियमित रूप से आयोजन करता रहेगा। यह कार्यक्रम न केवल शिक्षार्थियों को आपातकालीन चिकित्सा सहायता की मूल तकनीकों से परिचित कराने में सार्थक रहा, बल्कि मानवीय संवेदना और तत्परता के आदर्श को भी मजबूत करने वाला साबित हुआ।


इनकी रही खास मौजूदगी 

इस अवसर पर महाविद्यालय के शिक्षकों डॉ.शशिकला, डॉ. विजय कुमार, डॉ.शशिकेश कुमार गोण्ड, डॉ.आशीष कुमार सोनकर , डॉ.शुभांगी श्रीवास्तव, डॉ .सरोज उपाध्याय, डॉ.प्रियंका पाठक, डॉ. अनुजा त्रिपाठी, सुधा चौबे तथा शिक्षणेतर कर्मचारियों- डॉ.अन्नपूर्णा, भारती चटोपाध्याय, बृजेश कुमार, ममता गुप्ता सहित लगभग सवा सौ छात्राओं ने सप्रयोग प्रशिक्षण प्राप्त किया। धन्यवाद ज्ञापन डॉ. पूनम वर्मा ने दिया।

Education: VKM Varanasi Main कार्यशाला के तीसरे दिन आखिर छात्राओं ने क्या सीखा ?

आखिर कैसे बनेगा पत्थर से उपकरण, बनाने का क्या है तरीका?

'इतिहास आरंभ और मानव जीवन के संघर्षों में तकनीक की अहम भूमिका' पर कार्यशाला



dil india live (Varanasi). 12 नवंबर को वसंत कन्या महाविद्यालय (VKM) के कमच्छा स्थित परिसर में कार्यशाला के दूसरे सत्र में प्रतिभागियों ने प्रस्तर युगीन मानव के द्वारा प्रयुक्त उपकरणों की नकल पर उपकरण निर्माण की तकनीक सीखी। नालंदा से आए अतिथि- वक्ता डॉक्टर तोषाबन्ता प्रधान ने कोर और फ्लेक पर बने उपकरणों को बनाने के तकनीकी पक्ष और पत्थर के प्रयोग पर निर्भर आदि मानवों की जीवन प्रणाली के विविध पक्षों को प्रयोग और प्रदर्शन के माध्यम से समझाया। 

'इतिहास के आरंभ और मानव जीवन के संघर्षों में तकनीक की अहम भूमिका' विषय पर केंद्रित छः दिवसीय कार्यशाला के तीसरे दिन की शुरुआत प्रोफेसर विदुला जायसवाल के व्याख्यान से हुई। उन्होंने यूरोप में अश्यूलियन संस्कृति और उनके उपकरणों की विशेषताओं और सांस्कृतिक संदर्भों को विस्तार पूर्वक समझाया। चर्चा को आगे बढ़ाते हुए, द्वितीय सत्र में प्रोफेसर जायसवाल ने बिहार के पुरा ऐतिहासिक स्थल 'पैसरा' के पुरातात्विक महत्व पर बात की। 


उपकरणों की ड्राइंग का बताया तरीका 

काशी हिंदू विश्वविद्यालय के प्राचीन भारतीय इतिहास विभाग के श्री राम बदन ने प्रतिभागियों को उपकरणों की ड्राइंग करना बताया। क्षेत्रीय पुरातत्व कार्यालय, वाराणसी से आए डॉ राजीव रंजन ने भी कार्यशाला में प्रतिभागियों का मार्गदर्शन किया। प्राचार्य ने छात्राओं को उत्साहित करते हुए कहा कि ऐसी कार्यशाला में उपकरणों के निर्माण से लेकर प्रयोग तक आदि-मनुष्य के जीवन की सुविधाओं और दुविधाओं को भी समझ सकते हैं। 


इनकी रही खास मौजूदगी 

इस अवसर पर डॉक्टर मीरा शर्मा, डॉक्टर नैरंजना श्रीवास्तव, डॉ आरती चौधरी, डॉक्टर दीक्षा, डॉक्टर आराधना, डॉक्टर श्वेता, डॉक्टर रवि कुमार आदि उपस्थित रहे। स्वागत और धन्यवाद सहसंयोजिका डॉक्टर आरती कुमारी ने किया। 

प्रायोगिक पक्ष की सफलता में एंटीक्विटी क्लब के अथक परिश्रम का अमूल्य योगदान रहा। प्रतिभागियों ने अपने प्रश्नों के माध्यम से विभिन्न सत्रों में जीवंतता को बनाए रखा।

लल्लापुरा में परवाज़ welfare society ने लगाया SIR जागरूकता कैंप

वोटर लिस्ट की सफाई या वोटर का सफाया-मौलाना हसीन अहमद हबीबी


dil india live (Varanasi). सदर काजी-ए-शहर बनारस मौलाना हसीन अहमद हबीबी ने पत्रकारों से बातचीत में कहा है कि चुनाव आयोग ने बिहार के बाद 11 राज्यों में स्पेशल इनटेंसिव रिविज़न (SIR) लागू कर दिया है जिसके पीछे वोटर लिस्ट की सफाई है या वोटर का सफायायह समझ से परे है। हम सभी को किसी भी तरह के मतभेद से बचकर इस बात पर पूरा ध्यान रखना है कि कोई भी नागरिक (2025) की मतदाता सूची में बाकी ना रह जाये।
इस सिलसिले में परवाज़ वेल्फेयर सोसाइटी का फ्री कैम्प मुसलसल (बराबर) अलग-अलग मुहल्लों में लगाया जा रहा है। अब तक यह कैंप जलालीपुरा, राजा तालाब, सरैया, काज़ी सादुल्लाहपुरा, गौरीगंज आदि में कैंप  हो चुका है। कल मुस्लिम स्कूल लल्लापुरा के निकट काशी सिल्क हैण्डलूम के बाहर दिन में 02:00 बजे (11-11-2025) को फ्री कैम्प लगाया गया जिसमें लल्लापुरा क्षेत्र के लोगों की वोटर लिस्ट 2003 के हिसाब से 2025 का फार्म जो BLO द्वारा लोगों को मिला है उसे भरवाया गया और जिन्हें नहीं मिला है या मिलेगा जिसकी निर्धारित तिथि व समय 05-12-2025 है इसके प्रति लोगों में जागरूकता पैदा की गई। 
मौलाना हसीन अहमद हबीबी ने कहा कि हर सम्भव प्रयास करके परवाज़ वेल्फेयर सोसाइटी के फ्री कैम्प जो लगातार (शुक्रवार छोड़कर) हफ्ते छः दिन पूरे बनारस के अलग-अलग हिस्सों (क्षेत्रों) में लगाया जा रहा है उसका लाभ उठाएं, साथ ही आप सभी इन अवसरो पर राब्ता करके अपने-अपने मुहल्लों में PWS का कैम्प कराकर जनहित में बड़ा कार्य करें।
 

मंगलवार, 11 नवंबर 2025

DAV PG College में PN Singh yadav स्मृति क्रिकेट टूर्नामेंट का हुआ शुभारंभ

डीएवी मैदान में दृष्टि एकेडमी ने जीता उदघाटन मुकाबला


dil india live (Varanasi). वाराणसी के डीएवी कॉलेज के पूर्व प्रबंधक एवं समाजसेवी रहे स्व. पीएन सिंह यादव (PN Singh Yadav) की स्मृति में मंगलवार को अंडर 16 जिला स्तरीय क्रिकेट प्रतियोगिता का शुभारंभ हुआ। वाराणसी क्रिकेट एसोसिएशन के तत्वावधान में सन शाइन क्रिकेट एकेडमी द्वारा डीएवी कॉलेज मैदान में आयोजित प्रतियोगिता का उद्धघाटन मुख्य अतिथि विधान परिषद सदस्य एवं भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष हंसराज विश्वकर्मा एवं डीएवी कॉलेज के प्रबंधक अजीत सिंह यादव ने फीता काटकर किया। इस मौके पर वाराणसी क्रिकेट एसोसिएशन (VCA) के सह सचिव जमाल अख्तर भी मौजूद थे।

इसके पूर्व अतिथियों ने समाजसेवी स्व. पीएन सिंह यादव के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उनको श्रद्धांजलि दी। उदघाटन मैच दृष्टि एकेडमी बीएचयू एवं आदर्श एकेडमी ईश्वरगंगी के बीच हुआ। प्रतियोगिता का शुभारंभ करते हुए मुख्य अतिथि हंसराज विश्वकर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल मार्गदर्शन में यहां के युवाओं को अपनी प्रतिभा निखारने बड़ा अवसर मिल रहा है। समाजसेवी स्व. पीएन सिंह की स्मृति में आयोजित यह क्रिकेट टूर्नामेंट निश्चित रूप से युवा खिलाड़ियों को आगे के लिए प्रोत्साहित करेगा। 


            इस मौके पर डीएवी कॉलेज के प्रबंध समिति के हरिबंश सिंह, कार्यवाहक प्राचार्य प्रो. मिश्रीलाल, उपाचार्य प्रो. राहुल, भाजपा महिला मोर्चा की जिला शोध प्रमुख डॉ. आहुति सिंह, विद्यार्थी परिषद के महानगर अध्यक्ष डॉ. सिद्धार्थ सिंह, डॉ. विवेक सिंह, डॉ. शान्तनु सौरभ सहित बड़ी संख्या में प्राध्यापक एवं गणमान्य जन उपस्थित रहे। संचालन पंच बहादुर सिंह एवं संयोजन संदीप यादव तथा आशुतोष मौर्य ने किया। टूर्नामेंट में कुल 12 टीमें हिस्सा लेंगी, फाइनल 21 नवम्बर को खेला जाएगा।


पहला मुकाबला दृष्टि एकेडमी ने जीता

टूर्नामेंट का पहला मुकाबला दृष्टि एकेडमी बीएचयू के नाम रहा। मैन ऑफ द मैच निर्भय सिंह के शानदार प्रदर्शन (7 ओवर में 30 रन और 4 विकेट) की बदौलत दृष्टि एकेडमी ने आदर्श एकेडमी को 44 रनों से हरा दिया। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी दृष्टि एकेडमी की टीम ने निर्धारित 35 ओवर में 10 विकेट खोकर 186 रन बनाए जवाब में खेलने उतरी आदर्श एकेडमी की टीम दस विकेट खोकर 142 रन ही बना सकी। 

जानिए किससे कल होगा मुकाबला
शिवपुर क्रिकेट एकेडमी बनाम जयनारायण घोषाल क्लब सुबह 09 बजे से, स्थान डीएवी कॉलेज मैदान

Education: VKM Varanasi Main छह दिवसीय कार्यशाला के दूसरे दिन जानिए क्या हुआ

कार्यशाला में उजागर किए मानव के उद्विकास के रहस्य




dil india live (Varanasi). वसंत कन्या महाविद्यालय (VKM) में संचालित छह दिवसीय कार्यशाला के दूसरे दिन 11 नवंबर को अफ्रीका के ओल्डुवाई गॉर्ज के विशेष संदर्भ में आधुनिक मानव के विकास की यात्रा पर बात हुई। मुख्य वक्ता एशियाटिक सोसायटी की मानवशास्त्र-सचिव कलकत्ता की प्रोफेसर रंजना रे ने अफ्रीका के पुरास्थल ओल्डुवाई गॉर्ज के मानव अवशेषों का उसकी जलवायु और पारिस्थितिकी तथा पाषाण उपकरणों की प्राप्ति के साथ तुलनात्मक अध्ययन प्रस्तुत किया। उनका संवाद उनके पांच दशकों से अधिक समय के प्रत्यक्ष और प्रायोगिक अनुभवों पर आधारित था जिसने प्रस्तुति की तकनीकी बारीकियों को आधुनिक सांस्कृतिक विमर्शों के साथ संतुलित रूप से प्रस्तुत किया। भारत की सीमाओं में अतीत की पारिस्थितिकी को रख कर उन्होंने भारतीय पुरैतिहास का विहंगम चित्र प्रस्तुत किया। 
कार्यशाला के तीसरे सत्र में इलाहाबाद विश्वविद्यालय की डॉ गार्गी चटर्जी ने पाषाण उपकरणों के निर्माण को प्रयोगों के आधार पर समझाया। कार्यशाला की शुरुआत प्राचार्या प्रोफेसर रचना श्रीवास्तव के संबोधन से हुई। अतिथि वक्ताओं का स्वागत संयोजिका डॉ आरती कुमारी ने किया। 


75 प्रतिभागियों ने किया शिरकत 

कार्यशाला में इलाहाबाद विश्वविद्यालय, काशी हिंदू विश्वविद्यालय तथा संबद्ध महाविद्यालयों और सम्पूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय के परास्नातक विद्यार्थियों, शोधार्थियों और प्राध्यापकों सहित 75 पंजीकृत प्रतिभागियों ने प्रतिभाग किया। इस अवसर पर डॉ राजीव रंजन, डॉ राजीव जायसवाल, डॉ नैरंजना श्रीवास्तव,आरती चौधरी, डॉ आराधना सिंह, डॉ रवि कुमार, डा दीक्षा आदि उपस्थित रहे। विभाग के क्लब एंटिक्विटी की आयोजन में विशेष भूमिका रही।

Fashion: मिस एंड मिसेज बनारस का ग्रैंड फिनाले दिसंबर में

रैंप पर कैटवॉक करेंगी बनारसी माडल, बिखेरेंगी जलवा 




dil india live (Varanasi). मिस एंड मिसेज बनारस का ग्रैंड फिनाले दिसंबर में होने जा रहा है। आयोजन में रैंप पर नवोदित माडल जहां मिस बनारस के लिए इस फिल्ड में भाग्य आजमाएंगी वहीं बनारस की आधी आबादी घर की चारदीवारी से बाहर निकल कर रैंप पर कैटवॉक कर मिसेज बनारस का ताज अपने सिर पर सजाने को बेताब है।
कोहिनूर मिसेज इंडिया इंटरनेशनल दीक्षा श्रीवास्तव ने दिल इंडिया लाइव (dil india live) को बताया कि इस प्रतियोगिता का ग्रैंड फाइनल शो 25 दिसम्बर को कैंटोनमेंट स्थिति एक होटल में होगा। उन्होंने कहा कि बीते संडे को वात्सल्य सोसायटी एवं फ्रेंड्स इंडिया के संयुक्त तत्वावधान में मिस एंड मिसेज़ बनारस (Benaras) प्रतियोगिता का फाइनल ऑडिशन महमूरगंज स्थिति एक होटल में आयोजित किया गया था। आयोजन में दीक्षा श्रीवास्तव जूरी सदस्य के तौर पर खुद मौजूद थी। उन्होंने बताया कि ऑडिशन में सभी प्रतिभागियों ने अपने अपने अंदाज में परिचय दिया। दूसरे राउंड में डांस कर निर्णायकों को लुभाने की माडल ने भरपूर कोशिश की।


इस ऑडिशन में 10 मिस और 15 मिसेज़ प्रतिभागियों ने भाग लिया था। जिन्हें प्रमाण पत्र व स्मृति चिन्ह भेंट किया गया। अब ग्रैंड फिनाले की तैयारियां जोर-शोर से चल रही है।