शनिवार, 11 अक्टूबर 2025

UP: Bijli karmchari एकजुट, 317 वें दिन भी किया निजीकरण का विरोध

बोलें: वर्षो की पढ़ाई लिखाई को बर्बाद नही होने देंगे, मरते दम तक करेंगे विरोध

 

Sarfaraz Ahmad 

Varanasi (dil india live)। विद्युत कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति, उत्तर प्रदेश (UP) के बैनर तले आज Banaras के बिजलीकर्मियो ने निजीकरण के विरोध में चल रहे Andolan के 317 वें दिन (Day) भी विरोध प्रदर्शन जारी रखते हुए ऐलान किया कि अपने वर्षो की कड़ी मेहनत से पढ़ाई लिखाई करने के बाद मिली इस नौकरी को बर्बाद नही होने देंगे, मरते दम तक निजीकरण का विरोध करेंगे।

    वक्ताओं ने भारत सरकार के विद्युत मंत्रालय द्वारा सम्पूर्ण विद्युत वितरण क्षेत्र के निजीकरण के लिये जारी किये गए ड्राफ्ट इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 का विरोध करते हुए उप्र के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मांग की है कि निजीकरण हेतु भारत सरकार द्वारा जारी ड्राफ्ट बिल को देखते हुए उप्र सरकार को पूर्वांचल विद्युत वितरण निगम और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण का निर्णय तत्काल निरस्त करें, जो इस ड्राफ्ट बिल के प्राविधान के अनुसार सरकारी क्षेत्र में विद्युत वितरण निगमों को बनाए रखने की नीति  का विरोधाभासी है।

   वक्ताओ ने आज यहां बताया कि यद्यपि कि ड्राफ्ट इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट) बिल 2025 का भी बिजली कर्मी पुरजोर विरोध करेंगे किन्तु इस ड्राफ्ट बिल के प्रावधानों को देखते हुए उप्र सरकार को पूर्वांचल और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के निजीकरण का निर्णय वापस लें।

       संघर्ष समिति ने कहा कि UP सरकार के वर्तमान निर्णय के अनुसार पूर्वांचल और दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के अन्तर्गत आने वाले सभी सभी 42 जनपदों का निजीकरण कर उन्हें किसी निजी कंपनी को सौंपा जाएगा जिसका तात्पर्य यह होगा कि इन सभी जनपदों में विद्युत वितरण में निजी घरानों की मनॉपली हो जाएगी ।

       इसके विपरीत ड्राफ्ट  इलेक्ट्रिसिटी (अमेंडमेंट)  बिल 2025 में यह प्राविधान है कि सरकारी क्षेत्र में काम कर रहे विद्युत वितरण निगमों को काम करने दिया  जाएगा साथ ही निजी कंपनियों को सरकारी विद्युत वितरण निगमों के मौजूदा नेटवर्क को इस्तेमाल कर विद्युत वितरण हेतु विद्युत वितरण के लाइसेंस दिए जा सकेंगे। 


केन्द्रीय विद्युत मंत्रालय को प्रतिवेदन भेजेंगे 

 संघर्ष समिति ने कहा कि सरकारी विद्युत वितरण निगमों के नेटवर्क का इस्तेमाल करने की निजी घरानों को अनुमति देने का यह प्राविधान भी जनहित में नहीं है जिस पर संघर्ष समिति केन्द्रीय विद्युत मंत्रालय को शीघ्र ही अपना प्रतिवेदन भेजेगी।

   सभा को इन्होंने किया संबोधित 
ई. मायाशंकर तिवारी, अंकुर पाण्डेय, पंकज कुमार, बृजेश कुमार, विकास ठाकुर, दिनेश कुमार, समीर पाल, अरुण कुमार,आशुतोष राय, जितेंद्र कुमार, नागेंद्र कुमार, छोटेलाल आदि ने संबोधित किया।

शुक्रवार, 10 अक्टूबर 2025

करवाचौथ पर सुहागिनों ने किया अपने Chand Ka Didar

Desh duniya mein karwa chauth की धूम 

पति-पत्नी का प्यार, श्रद्धा और भक्ति का दिखा संगम
करवाचौथ पर चांद देखतीं dr. shweta sareen

लाजपत नगर में prabhline करवाचौथ व्रत पारण करती
 


 
करवाचौथ पर वाराणसी में चांद देखती रमनदीप कौर 


Varanasi (dil india live). अपने पति (Husband) की लंबी उम्र के लिए करवा चौथ (karwa chauth) का पर्व आस्था और उल्लास के साथ मनाया गया। इस दौरान पति-पत्नी का प्यार, श्रद्धा और भक्ति का संगम देखते ही बन रहा था। महिलाओं ने दिनभर निर्जला व्रत रख शाम को  पूजा की और चांद का दीदार कर अर्घ्य दिया। पति की लंबी उम्र की कामना की। घरों के साथ ही कई सार्वजनिक स्थलों पर भी सामूहिक पूजा की गई। व्रत के लिए महिलाओं ने पहले से ही तैयारी कर ली थी। भोर में सरगई खाकर अखंड सौभाग्य की कामना की। पूजन कक्ष की दीवार पर और आंगन में चावल को पीसकर उसमें करवा रखा। इसके बाद चंद्रमा, शिव, पार्वती, कार्तिकेय आदि के चित्र बनाए और गौरी-गणेश बनाकर उनकी स्थापना की गई। इस दौरान सुहाग के प्रतीक वस्तुओं के चित्र भी बनाए। उसके बाद महिलाओं ने धातु व मिट्टी का करवा दीया, सींक चावल के आटे का बना फरा आदि से विधि-विधान से पूजन कर करवा चौथ (karwa chauth) की कथा सुनी। 




पति के हाथों पानी पीकर व्रत का पारण

शाम में जैसे ही चांद निकला, व्रती महिलाओं ने चलनी से चंद्र दर्शन किए और उन्हें अर्घ्य दिया। सुहागिनों ने अपने पति के साथ ही घर के बड़े बुजुर्गों का चरण स्पर्श कर आशीर्वाद लिया। अंत में पति के हाथों पानी पीकर व्रत का पारण किया। करवा चौथ (karwa chauth) पर शहर के प्रमुख गुरुद्वारों में बड़ी संख्या में महिलाएं पूजन करने पहुंचीं। इसके साथ ही शहर के प्रमुख मंदिरों व अपार्टमेंट में भी एकत्रित होकर सामूहिक पूजा-अर्चना कीं गई। इस दौरान पंजाबी और खत्री समाज की महिलाओं ने भी सामूहिक पूजन किया। समाज कि महिलाओं ने व्रत रख करवा चौथ  (karwa chauth) की सामूहिक पूजा की। 




चांद का दीदार कुछ इस अंदाज में हुआ 

बाजारों में उमड़ी महिलाओं की भीड़

करवा चौथ (karwa chauth) के दिन ब्यूटी पार्लर के साथ ही बाजारों में महिलाओं की भारी भीड़ नजर आई। कई महिलाओं ने करवा चौथ पर तैयार होने के लिए पहले से ब्यूटीपार्लर की बुकिंग करा रखी थी। इसके साथ ही बड़ी संख्या में महिलाएं बाजार में कपड़े, ज्वैलरी व पूजन सामग्री की खरीदारी करती नजर आईं।





DAV PG COLLEGE: Student foruam में जीएसटी के क्रियान्वयन की चुनौतियों पर चर्चा

अर्थव्यवस्था के विभिन्न दृष्टिकोणों पर छात्र-छात्राओं द्वारा विस्तृत चर्चा

Varanasi (dil india live). DAV PG COLLEGE (डीएवी पीजी कॉलेज) के अर्थशास्त्र विभाग के Student foruam (स्टूडेंट फोरम)  इको वॉइस में शुक्रवार को अर्थव्यवस्था के विभिन्न दृष्टिकोणों पर MA (एमए) तृतीय सेमेस्टर के छात्र-छात्राओं द्वारा विस्तृत चर्चा किया गया। जिसमें दिव्य गटटानी ने भारत के नगर निगम की हस्तांतरण निर्भरता का अध्ययन पर अपना सुझाव दिया, सौरभ ने प्रस्तावित प्रत्यक्ष कर संहिता तथा आयकर विधायक 2025 पर विचार रखा, तनिष्का ने सीमा शुल्क और इसकी बदलती संरचना के बारे मे बताया, उज्ज्वल दवारा india (भारत) को मैग्नेट के उत्पादन में बढ़ावा देने और दूसरे देशों पर निर्भरता कम करने के विभिन्न दृष्टिकोण पर अपना विचार रखा, अनायशा वैष्णेय ने भारत के GST (जीएसटी) के क्रियान्वयन की चुनौतियों पर प्रकाश डाला। जिसमें BA, MA, B.COM के STUDENTS ने भाग लिया। इसमें डॉ. मयंक कुमार सिंह , डॉ पारुल जैन, डॉ सिद्धार्थ सिंह , डॉ आहुति सिंह, डॉ शालिनी सिंह और नंदिनी सम्मिलित रहे। संचालन डॉ. शालिनी सिंह ने किया।  

UP k Varanasi main Mulayam singh yadov की तीसरी पुण्यतिथि मनाई गई

गोवर्धन पूजा समिति द्वारा गोवर्धन धाम में Mulayam singh yadov की मनाई गई पुण्यतिथि

Varanasi (dil india live). गोवर्धन पूजा समिति द्वारा गोवर्धन धाम में Mulayam singh yadov की तीसरी पुण्यतिथि मनाई गई, जिसमें समिति के सदस्यों द्वारा नेता जी के सामाजिक जीवन और योगदान पर प्रकाश डाला गया, प्रमुख रूप से अध्यक्ष विनोद यादव गप्पू, पूर्व अध्यक्ष एवं यादव समाज ट्रस्ट के अध्यक्ष अशोक यादव, कोषाध्यक्ष सीताराम यादव, उपाध्यक्षगण दिनेश यादव पप्पू, अशोक यादव दुल्ली, अभय स्वाभिमानी, विनोद यादव, एवं पारस यादव, पूजा मंत्री भोला यादव, मंत्रीगण लालबचन यादव, राजकुमार यादव, राजा यादव, मनोज यादव के साथ प्रकाश यादव, सतीष यादव की उपस्थिति रही, श्रद्धांजलि सभा की अध्यक्षता समिति के अध्यक्ष विनोद यादव गप्पू एवं संचालन महामंत्री जयप्रकाश यादव पप्पू ने किया

VKM Varanasi Main youth society की मिशन शक्ति पर खास प्रस्तुति ने मोहा मन

Education: खुद को मानसिक बौद्धिक और शारीरिक रूप से मजबूत बनाएं- प्रो. रचना श्रीवास्तव 

Additional Deputy Commissioner Of Police ने "मिशन शक्ति" पर डाली रौशनी

महिला आत्मनिर्भरता, सुरक्षा और सम्मान पर दिया खास जोर




Varanasi (dil India live). महिला अध्ययन प्रकोष्ठ उड़ान और युवा समिति (youth society) द्वारा एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। program में मुख्य अतिथि Adcp Namrata Srivastava (ए डी सी पी नम्रता श्रीवास्तव) उपस्थित थी। कार्यक्रम का संयोजन राष्ट्रीय सेवा योजना की कार्यक्रम अधिकारी डॉक्टर सरोज उपाध्याय (dr. Saroj upadhyay) एवं उड़ान की संयोजिका डॉक्टर अनुराधा बापुली ने किया। प्राचार्या प्रोफेसर रचना श्रीवास्तव (pr. rachna Srivastava) ने स्वागत करते हुए कहा कि आज के समय में महिला सुरक्षा और जागरूकता पर बात करना बहुत समीचीन है। आप सभी अपने आपको मानसिक बौद्धिक और शारीरिक रूप से मजबूत बनाएं। आप सभी आत्म निर्भर बनें।

           कार्यक्रम का प्रारंभ राष्ट्रीय सेवा योजना के गीत के साथ एनी बेसेंट के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित करते हुए किया गया। एकदिवसीय शिविर के अंतर्गत वाराणसी पुलिस के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त, Additional Deputy Commissioner Of Police (एडीसीपी) ने "मिशन शक्ति" विषय के अंतर्गत अपने विचार व्यक्त करते हुए महिलाओं की आत्मनिर्भरता, सुरक्षा और सम्मान के विषय में चर्चा की तथा सरकार की तरफ से उपलब्ध कराए गए। हेल्पलाइन नंबर के महत्व को भी बताया।

उन्होंने विद्यार्थियों को सशक्त बनने की प्रेरणा देते हुए, विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के विषय में बातचीत की तथा "सशक्त महिलाएं, समृद्धि राज्य" के संकल्प से विद्यार्थियों को प्रोत्साहित किया। 

"मिशन शक्ति 5.0" नाट्य की प्रस्तुति  
कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों की जागरूकता बढ़ाने के संबंध में तथा "मिशन शक्ति" कार्यक्रम को सरल और सशक्त तथा रोचक बनाने के लिए विद्यार्थियों द्वारा क्विज कंपटीशन, नाटक, स्लोगन राइटिंग कंपटीशन कार्यक्रम का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। नाट्य प्रस्तुति ने सभी का मन मोह लिया।नाटक का विषय "मिशन शक्ति 5.0" था जिसे काजल चौधरी एवं डिंपल कुमारी के नेतृत्व में प्रस्तुत किया गया। 

कार्यक्रम में इनकी रही खास मौजूदगी 
शालिनी गुप्ता, शीतल, अनुष्का पासवान, अर्चना विश्वकर्मा, अदिति मौर्या, पलक कुमारी, शिवानी कुमारी, शालिनी यादव, प्रियांशी झा, निवेदिता मिश्रा, रितिका सिंह ने अपना अहम योगदान दिया। कार्यक्रम का संचालन अनामिका राज और वर्णिका पांडेय ने किया। अधिकारी डा. सरोज उपाध्याय के धन्यवाद ज्ञापन से कार्यक्रम संपन्न हुआ। महाविद्यालय की Teachers' सिमरन सेठ, डॉक्टर शुभांगी श्रीवास्तव, डॉ मालविका, डॉक्टर गौतम, डॉक्टर अनु सिंह, प्रोफेसर सीमा वर्मा ने उपस्थित होकर कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाने में अपना बहुमूल्य योगदान दिया। इस मौके पर उपस्थित स्वयं सेविकाओं की सहभागिता सराहनीय रही।

गुरुवार, 9 अक्टूबर 2025

बेनियाबाग मैदान में Swadeshi Mela-2025 का हुआ उद्घाटन

स्वदेशी वस्तुओं की खरीदारी की जाए, जिससे हस्तशिल्पों को मिले बढ़ावा-उमेश कुमार सिंह 


Varanasi (dil india live). आज 09 अक्टूबर 2025 को राजनारायण स्मारक पार्क (Raj Narayan park) , बेनियाबाग (beniya bagh), वाराणसी में Up ट्रेड शो स्वदेशी मेला-2025 (Swadeshi Mela-2025) का भव्य शुभारम्भ मंत्री रवीद्र जायसवाल एवं विधायक वाराणसी शहर दक्षिणी नीलकंठ तिवारी एवं अन्य सम्मानित जनप्रतिनिधिगण के कर कमलों द्वारा हुआ। कार्यक्रम में सर्वप्रथम दीप प्रज्ज्वलन तत्पश्चात अंगवस्त्रम एवं पुष्पगुच्छ देकर अतिथिगण का स्वागत किया गया। तपश्चात अपर आयुक्त उद्योग, वाराणसी मण्डल, वाराणसी उमेश कुमार सिंह द्वारा अपने उद्बोधन में कहा गया कि इस आयोजन के पीछे सरकार की यह सोच है कि स्वदेशी वस्तुओं का खरीदारी की जाए, जिससे हस्तशिल्पियों को बढ़ावा मिल सके। प्रदीप अग्रहरि ने अपने उद्बोधन में त्योहारों पर स्वदेशी वस्तुओं की खरीदारी करने का आह्वान किया गया। डा. नीलकण्ठ तिवारी, विधायक, विधानसभा क्षेत्र दक्षिणी ने अपने उद्बोधन में कहा कि कोरोनाकाल में प्रधानमंत्री ने यह संकल्प लिया था कि और कहा था कि हमें भारत को आत्म निर्भर बनाने के लिए संकल्प लिया था। लोकल फार वोकल का संकल्प दिया। एक वैश्विक महामारी ने भारत को जकड़ लिया था, लेकिन प्रधानमंत्री ने कोरोना से लड़ना सिखाया। कोरोनाकाल में बड़ी दुकाने बन्द हो चुकी थी, किन्तु हमारे लोकल वस्तुएं ही टीक पायी थी। भारत के मजदूरों की जो श्रम शक्ति लगती है वह स्वदेशी है।


 धमेन्द्र सिंह, (सदस्य मा०विधान परिषद) ने प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री का धन्यवाद दिया और कहा कि स्वदेशी वस्तुओं का बिक्री के लिए स्वदेशी मेला का आयोजन का महत्वपूर्ण प्रयास है, जिससे विश्व स्तर पर विदेशी शक्तियों से सामना करने में मदद मिल सके। पूनम मौर्या, (अध्यक्ष, जिला पंचायत) द्वारा अपने उद्बोधन में कहा कि जब हम स्वदेशी वस्तुओं की खरीददारी करेंगे तभी हमारा देश समृद्ध बनेगा। उन्होंने हस्तशिल्पियों द्वारा निर्मित वस्तुओं की खरीददारी करने पर बल दिया गया। हंसराज विश्वकर्मा, सदस्य विधान परिषद ने अपने उद्बोधन में विकासशील से विकसित भारत में बनने की यह एक कड़ी है और त्योहारों पर स्वदेशी वस्तुओं की खरीदारी करने पर बल दिया गया।


 रवीन्द्र जायसवाल, मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) स्टाम्प न्यायालय, शुल्क और पंजीयन विभाग ने अपने सम्बोधन में कहा कि पूरा विश्व में आर्थिक विश्व युद्ध चल रहा है भारत के पड़ोसी देश पाकिस्तान, बांग्लादेश, नेपाल दिवालिया के कगार पर है, किन्तु भारत देश इण्लैण्ड जैसे देश को पीछे छोड़ दिया है। स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देने की अपील की गयी। तपश्चात मुख्यमंत्री युवा उद्यमी अभियान अन्तर्गत 04 लाभार्थियों को चेक वितरण किया गया और सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोज आयोजन भी किया गया। कार्यक्रम में रविशंकर सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट, वाराणसी, मोहन कुमार शर्मा, उपायुक्त उद्योग, वाराणसी एवं राजेश सिंह, प्रदेश सचिव, लघु उद्योग भारती उद्योग विभाग, हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग, खादी एवं ग्रामोद्योग विभाग के अधिकारीगण इत्यादि उपस्थित रहे। स्वदेशी मेला 18.10.2025 तक पूर्वाह्न 11.00 बजे से रात्रि 08.00 बजे तक मेला संचालित होगा। आयोजन का उद्देश्य हस्तशिल्पियों कारीगरों / उद्यमियों द्वारा स्थानीय स्तर पर उत्पादित किये जा रहे उत्पादों को विपणन तथा दीपावली महापर्व के अवसर पर आम जनमानस को स्वदेशी वस्तुओं की खरीददारी का अवसर उपलब्ध कराना है। इस स्वदेशी मेले में उद्योग विभाग, खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड, माटी कला बोर्ड, हथकरघा एवं वस्त्रोद्योग विभाग, रेशम विभाग, ग्रामीण आजीविका मिशन, डूडा, खादी ग्रामोद्योग आयोग, एमएसएमई भारत सरकार से जुडे विभिन्न योजनाओं के लाभार्थियों, वित्त पोषित इकाइयों, स्वयं सहायता समूहों व अन्य उत्पादकों द्वारा 50 स्टाल प्रदर्शित किये गये हैं।

डाक विभाग द्वारा 'विश्व डाक दिवस' का भव्य आयोजन

'India Post: वित्तीय सशक्तिकरण अंतिम छोर तक' पर जारी हुआ विशेष आवरण

डाक विभाग वैश्विक स्तर पर संचार और व्यापार में निभा रहा महत्वपूर्ण भूमिका- चीफ पोस्टमास्टर जनरल

‘पोस्ट फॉर पीपल, लोकल सर्विस ग्लोबल रीच’ थीम संग मना ‘विश्व डाक दिवस’ : पीएमजी कृष्ण कुमार यादव


Ahmedabad (dil india live). India Post dipartment (भारतीय डाक विभाग) द्वारा gujarat में 'विश्व डाक दिवस'(world post day) का आयोजन 9 अक्टूबर को भव्यता के साथ किया गया। इस वर्ष की थीम ‘पोस्ट फॉर पीपल (post for people)– लोकल सर्विस, ग्लोबल रीच’ है, जो डाक सेवाओं की स्थानीय स्तर से लेकर वैश्विक स्तर तक की सशक्त भूमिका और प्रभावशीलता को उजागर करती है। 

विश्व डाक दिवस के अवसर पर क्षेत्रीय कार्यालय, अहमदाबाद के ‘मेघदूतम्’ सभाकक्ष में गुजरात परिमंडल के चीफ पोस्टमास्टर जनरल गणेश वी. सावलेश्वरकर ने ”भारतीय डाक: वित्तीय सशक्तिकरण अंतिम छोर तक” पर विशेष आवरण एवं विश्व डाक दिवस की थीम 'पोस्ट फॉर पीपल, लोकल सर्विस, ग्लोबल रीच' पर विशेष विरूपण, पोस्टमास्टर जनरल, उत्तर गुजरात परिक्षेत्र श्री कृष्ण कुमार यादव, महाप्रबंधक (वित्त) डॉ. राजीव कांडपाल, एवं निदेशक डाक सेवा सुरेख रेघुनाथन की उपस्थिति में जारी किया गया। साथ ही सुकन्या समृद्धि योजना, डाक जीवन बीमा, इण्डिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (India Post Payment Bank) के लाभार्थियों को पासबुक व पॉलिसी बॉन्ड प्रदान किए गए। 


इस अवसर पर चीफ पोस्टमास्टर जनरल गणेश वी. सावलेश्वरकर ने कहा, कि डाक विभाग न केवल स्थानीय स्तर पर संचार का सशक्त माध्यम रहा है, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। ‘डाक सेवा जन सेवा’ के माध्यम से विभाग आमजन को पारंपरिक डाक सेवाओं के साथ-साथ वित्तीय सशक्तिकरण से जुड़ी सेवाएँ प्रदान करते हुए एक समर्पित सेवा केंद्र की भूमिका निभा रहा है। डाक विभाग पारंपरिक सेवाओं के आधुनिकीकरण के साथ डिजिटल समावेशन और नागरिक सुविधा के क्षेत्र में भी अग्रणी भूमिका निभा रहा है। सामान्यजन से जुड़ाव के चलते ही इसे डाक 'घर' कहा जाता है, जहाँ आकर लोग घर जैसी आत्मीयता महसूस करते हैं। 

महाप्रबंधक (वित्त) डॉ. राजीव कांडपाल कहा कि डाक विभाग ने न केवल ऐतिहासिक परिवर्तनों को करीब से देखा है, बल्कि हर युग में आमजन के जीवन का अभिन्न हिस्सा बनकर समाज में अपनी प्रासंगिकता बनाए रखी है। डाक विभाग ने सदैव समय के साथ कदम मिलाते हुए, पारंपरिक सेवाओं को आधुनिक तकनीक से जोड़कर जनता के विश्वास और सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। वर्तमान दौर में डाक विभाग वित्तीय समावेशन एवं लोजिस्टिक्स सेवाओ में अपनी अग्रणी भूमिका निभा रहा है I

पोस्टमास्टर जनरल श्री कृष्ण कुमार यादव ने कहा कि 'विश्व डाक दिवस' का उद्देश्य विश्व भर में लोगों के दैनिक जीवन, व्यापार और सामाजिक व आर्थिक विकास में डाक सेवाओं की भूमिका के बारे में जागरूकता बढ़ाना है। 'एक विश्व-एक डाक प्रणाली' की अवधारणा को साकार करने हेतु 9 अक्टूबर, 1874 को 'यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन' की स्थापना बर्न, स्विट्जरलैंड में की गई, जिससे विश्व भर में एक समान डाक व्यवस्था लागू हो सके। भारत प्रथम एशियाई राष्ट्र था, जो कि 1 जुलाई 1876 को इसका सदस्य बना। कालांतर में वर्ष 1969 में टोकियो, जापान में सम्पन्न यूनिवर्सल पोस्टल यूनियन कांग्रेस में इस स्थापना दिवस 9 अक्टूबर को 'विश्व डाक दिवस' के रूप में मनाने हेतु घोषित किया गया। ‘एडवांस्ड पोस्टल टेक्नोलॉजी 2.0’ के माध्यम से डाक विभाग ने अपनी सेवाओं को आधुनिक युग की गति और पारदर्शिता से जोड़ा है। यह पहल प्रौद्योगिकी, पारदर्शिता और सेवा गुणवत्ता के समन्वय का उत्कृष्ट उदाहरण है।


इनकी रही खास मौजूदगी 
इस अवसर पर असिस्टेंट पोस्टमास्टर जनरल शिवम त्यागी, प्रवर अधीक्षक, रेल डाक सेवा, अहमदाबाद पियूष रजक, प्रवर डाक अधीक्षक, अहमदाबाद चिराग मेहता, प्रवर डाक अधीक्षक, गांधीनगर शिशिर कुमार, आईपीपीबी असिस्टेंट जनरल मैनेजर रणवीर सिंह, चीफ मैनेजर अभिजीत जिभकाटे, सहायक निदेशक एम एम शेख, वी एम वहोरा, रितुल गाँधी, सहायक लेखाधिकारी चेतन सैन, रामस्वरूप मँगावा, सीनियर पोस्ट मास्टर पीजे सोलंकी, सहायक डाक अधीक्षक आर टी परमार, अलकेश परमार, एच जे परिख, भाविन प्रजापति, रोनक शाह, निरीक्षक विपुल चडोतरा, यथार्थ दूबे, योगेंद्र राठोड सहित तमाम अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।