गुरुवार, 26 जून 2025

Varanasi Main Kisan आंदोलन के 20 वें दिन में किसानों ने क्या किया

भूमि अधिग्रहण के विरोध के बीच किसानों ने शाहू जी महाराज की मनाई जयंती


Mohd Rizwan 

Varanasi (dil India live). वाराणसी में निर्माणाधीन इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम गंजारी व आसपास के गाँवों में अर्बन टाउनशिप, स्पोर्ट्स सिटी और फोरलेन सड़क चौड़ीकरण के लिए जबरन भूमि अधिग्रहण के विरोध में आंदोलन 20 वें दिन गुरुवार को भी जारी रहा। यहाँ स्थित एक बाग में किसानों ने छत्रपति शाहूजी महाराज की जयंती मनाई। पूर्वांचल किसान यूनियन की ओर से चल रहे धरना प्रदर्शन की अगुवाई कर रहे यूनियन के अध्यक्ष योगीराज सिंह पटेल ने शाहूजी महाराज के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हे शिद्दत से स्मरण किया गया। संचालन कर रहे पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य राजकुमार गुप्ता ने उनके जीवन पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए उनके सिद्धांतों को आत्मसात करने पर बल दिया।


धरना सभा में वक्ताओं ने कहा कि यहां प्रशासन लगभग एक हजार से अधिक एकड़ भूमि का अधिग्रहण करना चाहती है जो पूरी तरह से गैरवाजिब और जबरन किया जा रहा है। सरकार ने पहले भी हरहुआ-राजातालाब रिंग रोड और स्टेडियम निर्माण के नाम पर हमारी जमीन ली है। अब अर्बन टाउनशिप स्पोर्ट्स सिटी और सड़क चौड़ीकरण के नाम पर हमारी जमीन जबरन छीनना चाहती है। हम ऐसा नहीं होने देंगे। हम अपनी जमीन किसी भी कीमत पर नहीं देंगे। अगर जबरदस्ती हुई तो हम जान देने को तैयार हैं। पहले भी बहुत कुछ दे चुके हैं, अब और नहीं।

किसानों ने चेतावनी दी है कि अगर सरकार ने भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया को नहीं रोका तो वे उग्र आंदोलन करने को मजबूर होंगे। उनका साफ कहना है कि ज़मीन हमारी है और इसे छीनने की कोशिश बर्दाश्त नहीं की जाएगी। फिलहाल किसानों का विरोध प्रदर्शन शांतिपूर्ण चल रहा हैं, लेकिन चेतावनियों के मद्देनजर प्रशासन के लिए यह एक गंभीर संकेत है। देखना होगा कि सरकार इस मुद्दे पर क्या रुख अपनाती है।


धरने की अगुआई पूर्वांचल किसान यूनियन के अध्यक्ष योगीराज सिंह पटेल कर रहे हैं वही अध्यक्षता किसान नेता डा. राजेन्द्र सिंह व संचालन पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य राजकुमार गुप्ता ने किया। अन्त में आभार हरसोस ग्राम प्रधान प्रतिनिधि ओम प्रकाश सिंह पटेल ने दिया। 

इनकी रही खास मौजूदगी 

डा. राजेन्द्र सिंह, योगीराज सिंह पटेल, राजकुमार गुप्ता, ओमप्रकाश सिंह पटेल, गणेश शर्मा, रामदुलार, रमेश वर्मा, अवधेश, रणजीत, राकेश, विरेंद्र बौद्ध, रामचंद्र, रामनाथ, भाईराम, आशा पटेल, रामनरेश, विनोद, सत्यनारायण, राम नारायण, जयप्रकाश, कल्पनाथ गोस्वामी, जियाराम पटेल, कमलाकर सिंह, विनय मौर्य, पद्माकर सिंह, राजेन्द्र, निहोरी लाल, रामपत्ती, रामनाथ, लालजी, दीलिप सिंह, अजीत पटेल, रणजीत, हृदय पाल, मनोज कुमार सिंह, विरेंद्र पटेल, रामबालक पटेल, प्रहलाद पाल, राजेश कुमार, राजकुमार राजभर सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद थे।

Mahe Muharram का चांद दिखेगा आज

मोहर्रम से पूर्व ताजिये के रास्तों की मरम्मत में लापरवाही से बढ़ी चिंता 


Varanasi (dil India live). वाराणसी समेत देश दुनिया में पवित्र मोहर्रम का पर्व मनाया जाना है, आज चांद रात है अगर चांद दिखाई देते ही मोहर्रम महीने का आगाज़ हो जाएगा। चांद के दीदार संग जलसों, जुलूसों और मजलिसों का दौर शुरू हो जाएगा। लेकिन वाराणसी में नगर निगम प्रशासन की लापरवाही से नागरिकों में भारी आक्रोश व्याप्त है। ताजिया जुलूस के प्रमुख मार्गों पर जगह-जगह गहरे गड्ढे बन हैं, जिससे न सिर्फ जुलूस में बाधा उत्पन्न होने की आशंका है, बल्कि दुर्घटनाओं की भी संभावना बनी हुई है।

पार्षद फरजाना बेगम ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा है कि स्थानीय नागरिकों और जनप्रतिनिधियों द्वारा कई बार नगर निगम से शिकायत की गई है। नगर आयुक्त कार्यालय में मरम्मत कार्यों से संबंधित फाइलें पहले ही भेज दी गई हैं, लेकिन अब तक स्वीकृति नहीं मिल पाने के कारण कार्य प्रारंभ नहीं हो सका है। यह स्थिति त्योहार के शांतिपूर्ण और सम्मानपूर्वक आयोजन के लिए एक गंभीर चुनौती बनती जा रही है।

स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने मांग की है कि नगर आयुक्त तत्काल प्रभाव से इन गड्ढों की मरम्मत और रास्तों की सफाई का कार्य शुरू कराएं, ताकि मोहर्रम का पर्व श्रद्धा, शांति और सुरक्षित वातावरण में संपन्न हो सके। नगर निगम प्रशासन यदि शीघ्र ठोस कदम नहीं उठाता है, तो नागरिकों में आक्रोश और बढ़ सकता है तथा ताजिया जुलूस की गरिमा पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

बुधवार, 25 जून 2025

Varanasi Main Rathyatra मेले में आज से रहेगा रूप डायवर्ट

यहां देखिए रूट डाइवर्जन किधर रहेगा, किन रास्तों पर न जाए

26 जून 2025 से 30 जून 2025 तक रथयात्रा मेले पर यातायात डायवर्जन


Mohd Rizwan 

Varanasi (dil India live). रथयात्रा मेला 26 jun से 30 jun तक चलेगा। मेलें में होने वाली भीड़ की सम्भावना को दृष्टिगत रखते हुए महानगर में सुगम यातायात के निमित्त यातायात का डायवर्जन निम्नानुसार किये जाने का निर्णय यातायात पुलिस ने लिया है।इस दौरान निम्न आदेश दिया गया है 

1. बी0एच0यू0 भेलूपर की तरफ से रथयात्रा की तरफ आने वाले वाहनों को कमच्छा से साई मंदिर की तरफ मोड़ दिया जायेगा जो आकाशवाणी होते हुये महमूरगंज के रास्ते अपने गंतव्य को जायेंगे।

2. लक्सा से रथयात्रा की तरफ जाने वाले समस्त वाहनों को गुरूबाग तिराहे से नीमामाई तिराहे की तरफ मोड़ दिया जायेगा जो कमच्छा तिराहा होकर अपने गंतव्य को जायेंगे।

3. सिगरा से रथयात्रा की तरफ जाने वाले समस्त वाहनों को सिगरा चौराहे से महमूरगंज की तरफ व सोनिया पुलिस चौकी की तरफ मोड़ दिया जायेगा, वहॉ से होकर अपने गंतव्य को जायेंगे।

4. महमूरगंज चौराहे से रथयात्रा की तरफ जाने वाले समस्त वाहनों को आकाशवाणी तिराहा से सिगरा की तरफ मोड़ दिया जायेगा, वहॉ से होकर अपने गंतव्य को जायेंगे।

5. सिगरा चौराहा, आकाशवाणी, नीमामाई तिराहा के समीप कार, आटो, ई-रिक्शा, मोटर साइकिल, पैडल रिक्शा एवं सभी प्रकार के वाहनों को पार्किंग में खड़ा करा दिया जायेगा।

6. एम्बुलेंस एवं शव वाहन इस प्रतिबन्ध से मुक्त रहेंगे।

7. यह डायवर्जन व्यवस्था दिनांकः 26.06.2025 से 30.06.2025 तक प्रत्येक दिन अपरान्ह 16.00 बजे से प्रातः 03.00 बजे तक लागू रहेगा।

भारी वाहनों पर रहेगा पूर्ण प्रतिबंध 

1. जिन भारी वाहनों (ट्रक इत्यादि) को मण्डुवाडीह तक आना है, वह नो-इन्ट्री खुलने के बाद मोहनसराय, रोहनियॉं, चॉंदपुर मुढ़ैला होते हुए मण्डुवाडीह तक आ सकते हैं।

2. जिन भारी वाहनों (ट्रक इत्यादि) को सिगरा तक आना है कि वह नो-इन्ट्री खुलने के बाद मोहनसराय, रोहनियॉं, चॉंदपुर, लहरतारा, धर्मशाला, इंग्लिशिया लाइन, मलदहिया होते हुए सिगरा तक आ सकते हैं।

3. जिन भारी वाहनों (ट्रक इत्यादि) को सिगरा क्षेत्र से हरहुआ होकर अथवा बाबतपुर जाना होगा, वह वाहन नो-इन्ट्री खुलने के बाद सिगरा, मलदहिया, चौकाघाट, ताड़ीखाना पुलिस लाइन चौराहा, भोजूबीर, गिलट बाजार, तरना, हरहुआ होते हुए अपने गन्तव्य को जा सकेंगे।

4. मण्डुवाडीह से आने वाले सभी प्रकार के वाहनों के लिए आकाशवाणी तिराहा से रथयात्रा चौराहे तक जाने पर पूर्ण प्रतिबन्ध रहेगा तथा सिगरा चौराहे से रथयात्रा तक जाने वाले भारी वाहनों पर प्रतिबन्ध रहेगा।

Mahe Muharram 2025: Varanasi में क्यों खास होता है मोहर्रम यहां जानिए

यौमे आशूरा चेहल्लुम ही नहीं एक मोहर्रम से साठे तक जुलूस ही जुलूस 

कर्बला के शहीदों की याद दो माह आठ दिन रहेगा ग़म का अय्याम 

१३ दिन तक लगातार निकलेगा जुलूस मनाया जाएगा इमाम हुसैन का ग़म


सरफराज अहमद 

Varanasi (dil India live). बनारस का मोहर्रम कई मायनों में दूसरे शहरों से खास होता है। ज़्यादातर शहरों में मोहर्रम की खास तारीखों पर ही जुलूस निकाला जाता है और बड़े आयोजन होते हैं जिसमें यौमे मोहर्रम की दस तारीख यानी आशूरा, तीजा, चेहल्लुम ही खास होता है मगर मजहबी शहर बनारस में शहीदाने कर्बला की याद में यौमे आशूरा चेहल्लुम ही नहीं बल्कि एक मोहर्रम से साठे तक जुलूस ही जुलूस ही जुलूस निकाले जाते हैं। कर्बला के शहीदों की याद में दो माह आठ दिन ग़म का अय्याम रहता है। इस दौरान एक मोहर्रम से १३ दिन तक लगातार जुलूस निकाला जाता है। 

कब है मोहर्रम, कैसे होगी शुरुआत 

इमाम हुसैन की याद में मनाएं जाने वाला माहे मोहर्रम यूं तो चांद के दीदार के साथ शुरू होता है। यह महीना इस्लामी हिजरी सन् का पहला महीना होता है। कल हिजरी माह की 29 तारीख है। अगर कल चांद का दीदार होता है तो मोहर्रम का आगाज़ हो जाएगा। चांद के दीदार के साथ ही अजाखाने सजा दिए जाएंगे ख़्वातीन अपनी चूड़ियां और साजो श्रृंगार हटाकर काला लिवास पहन लेंगी। मर्द भी काले पोशाक में हो जाएंगे। एक मोहर्रम से जुलूस का सिलसिला भी शुरू हो जाएगा जो दो माह आठ दिन तक चलेगा। इस दौरान शादी ब्याह और खुशी के कोई भी आयोजन नहीं होंगे।

यह है मोहर्रम का शिड्यूल

शिया जामा मस्जिद के प्रवक्ता हाजी सैयद फरमान हैदर, मौलाना सूफियान नक्शबंदी, तथा मौलाना उस्मान ने संयुक्त रूप से आज पत्रकारों को खिताब करते हुए मोहर्रम का शिड्यूल जारी किया। इस अवसर पर हाजी फरमान हैदर ने बताया कि शहर की २८ शिया अंजुमने तथा लाखों की तादाद में मुसलमान इमाम चौक से ताजिया उठाकर इमाम हुसैन की शहादत पर खेराजे अकीदत पेश करेंगे। हैदर ने बताया कि पहला जुलूस पहली मोहर्रम को सदर इमामबाड़े में सायंकाल ४ बजे कैंपस में ही उठाया जाएगा। यहां अलम और दुलदुल के साथ अंजुमने नोहाख्वानी व मातम का नज़राना पेश करेंगी। कार्यक्रम मुतवल्ली सज्जाद अली गुज्जन की निगरानी में आयोजित होगा। 

दूसरी मोहर्रम शिवपुर में अंजुमने पंजतनी के तत्वाधान में अलम व दुलदुल का जुलूस रात 8.00 बजे उठाया जायेगा। बनारस के अलावा दूसरे शहरों की अंजुमनें भी शिरकत करेंगी। भारत रत्न उस्ता बिस्मिल्ला खां के मकान पर दिन में 2. 00 बजे कदीमी मजलिस का आयोजन होगा। 

तीसरी मोहर्रम तीसरी मोहर्रम को अलम व दुलदुल का कदीमी जुलूस औसानगंज नवाब की ड्योढ़ी से सायं काल 5.00 बजे उठाया जायेगा। अंजुमन जीवादिया जुलूस के साथ-साथ रहेगी। इसी दिन शिवाला में अलीम हुसैन रिजवी के निवास से अलम ताबूत का जुलूस उठाया जायेगा, जो हरिश्चन्द्र घाट के पास के कुम्हार के इमामबाड़े पर समाप्त होगा। तीन मोहर्रम को ही रामनगर के बारीगढ़ी स्थित सगीर साहब के मकान से अलग का जुलूस उठाया जायेगा। 

चौथी मोहर्रम को ताजिये का जुलूस शिवाले में आलीम हुसैन रिजवी के निवास से गौरीगंज स्थित काजिम रिज़वी के इमामबाड़े पर समाप्त होगा। चार मोहर्रम को ही चौहट्टा में इम्तेयाज हुसैन के मकान से 2.00 बजे दिन में जुलूस उठकर इमामबाड़े तक जायेगा। चौथी मुहर्रम को ही तीसरा जुलूस दुलदुल का चौहट्टा लाल खां इमामबाड़े से रात 8:00 बजे उठकर अपने कदीमी रास्तों से होता हुआ सदर इमामबाड़ा लाट सरैया पर समाप्त होगा। 

पाँचवी मोहर्रम को छत्तातले गोविन्दपुरा इमामबाड़े से अलम का जुलूस अंजुमन हैदरी के संयोजन में उठाया जायेगा। जुलूस में लोग मरसिया पढ़ेंगे। शहनाई पर मातमी धुन भारत रत्न उस्ताद विस्मिल्लाह खां के परिवार के लोग पेश करेंगे। जिसमें जामीन हुसैन, फतेह अली, अली अब्बास आदि शामिल रहेंगे। पांच मोहर्रम को अर्दली बाजार में हाजी अबुल हसन के निवास से इमाम हुसैन के छः महीने के बच्चे शहीद अली असगत की याद में झूले का जुलूस उठेगा। जो मास्टर जहीर हुसैन के इमामबाड़े पर जाकर समाप्त होगा। पांच मोहर्रम को ही रामनगर में महाराज बनारस की मन्नत का जुलूस उठाया जायेगा। जिसमें अलम व दुलदुल शामिल रहेगा। ये जुलूस अहले सुन्नत हजरात उठाते हैं।

छठी मोहर्रम :- ये तारीख बनारस के मोहर्रम के लिए ऐतिहासिक है। इसमें दुलदुल का जुलूस सायं 5.00 बजे अंजुमन जव्वादिया के जेरे इम्तियाज कच्चीसराय इमामबाड़े से उठाया जाता है। ये जुलूस तकरीबन 40 घंटे तक पूरे शहर में भ्रमण करता है। सभी धर्मों के लोग इसमें शिरकत करते हैं। तकरीबन 9 थाना क्षेत्रों से होकर यह जुलूस गुजरता है और 8 मोहर्रम की सुबह समाप्त होता है। 

सातवीं मोहर्रम को चौहट्टा लाल खां में इमाम हुसैन के भतीजे (इमाम हसन के पुत्र) 13 साल के जनाबे कासिम की याद में मेहदी का जुलूस में उठाया जाता हैं। यहां मेहंदी का दो जुलूस उठाया जाता है। एक जुलूस देर रात अपने कदीमी रास्ते से होता हुआ सदर इमामबाड़े लाट सरैया पर समाप्त होता है। ये जुलूस अंजुमन आबिदया के जेरे इन्तजाम उठाया जाता है। दोषीपुरा में अंजुमन कारवाने कर्बला द्वारा मेहदी का जूलूस उठाया जाता है। हर घर में जनाबे कासिम की याद में रात 12.00 बजे मेंहदी रोशन की जाती है। और फातिहा होती है। सात मोहर्रम को कर्बला में इमाम हुसैन व उनके साथियों का पानी बन्द कर दिया गया था। 

आठवीं मोहर्रम का दिन इमाम हुसैन के छोटे भाई से सम्बन्धित है। इस दिन जनाबे अब्बास के नाम पर हाजिरी की फातिहा करायी जाती है। जनाबे अब्बास इमाम हुसैन के (अलमबरदार) भी थे। इस मौके पर रात 8 बजे खाजा नब्बू के चाहमामा स्थित निवास से ताबूत का जुलूस अजुमन हैदरी के तत्वाधान में उठाया जायेगा। लियाकत अली कर्बलायी मर्सिया पेश करेंगे। इसी जुलूस में शहनाई पर मातमी धुनों के साथ आंसुओं का नजराना पेश करेंगे। ये जुलूस फातमान से पलटकर भोर में छत्तातले पर समाप्त होगा। शिवाले में डिप्टी जाफर बख्त की मस्जिद से अलग व ताबूत का जुलूस उठाया जायेगा। शिवाले में ही बराती बेगम के इमामबाड़े से दुलदुल का जुलूस उठकर कुम्हार का इमामबाड़ा हरिश्चन्द घाट पर समाप्त होगा। आठ मुहर्रम को ही चौहट्टा लाल खा में मिरजा मेंहदी के निवास से अलम व ताबूत का जूलस उठकर मिरपूरा इमामबाड़े जाकर समाप्त होगा। चौहट्टा लाल खां में ही एक और जुलूस आलीम हुसैन के मकान से ताबूत व अलम का जुलूस उठाया जायेगा। इस जुलूस की विशेषता यह है कि पूरे रास्ते में अधेरा का दिया जाता है। रास्तों की लाईट बुझा दी जाती है। यह जुलूस भी मीरपुरा इमामबाड़े पर जाकर समाप्त होता है। आठ मोहर्रम को ही अर्दली बाजार में जियारत दुसैन के निवास से शब्बीर शद्दू के संयोजन में अलम व दुलदुल का उठाया जायेगा।

ऐसे ही मोहर्रम की नव तारीख को शहर के सभी इमामबाड़ों से गशती अलम का जुलूस निकाला जाता है साथ ही शिवाला से दूल्हे का जुलूस निकाला जाता है। ऐसे ही दसवीं मोहर्रम को इमाम हुसैन समेत कर्बला के वीरों की शहादत मनाई जाती है। शहर भर में जुलूस उठाया जाता है। ऐसे ही ग़म का यह अययाम दो माह आठ दिन तक चलेगा। 

11 मोहर्रम को दालमंडी से लुटा हुआ काफिला।

12 मोहर्रम को कर्बला के शहीदों का शहर भर में चीजें का जुलूस।

13 मोहर्रम को सदर इमामबाड़े में दुलदुल का जुलूस उठेगा।

मंगलवार, 24 जून 2025

RJD के Lalu Prasad Yadav फिर राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने गए

लालू यादव को 5 जुलाई को मिलेगा निर्वाचन पत्र

मोहम्मद रिजवान 

Patna (dil India live). राष्ट्रीय जनता दल के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने निर्विरोध लालू प्रसाद यादव को फिर से राष्ट्रीय अध्यक्ष चुन लिया है। चुनाव पदाधिकारी रामचंद्र पूर्वे ने अधिसूचना जारी करते हुए इसकी जानकारी मीडिया से साझा की। 

इसी के साथ राष्ट्रीय जनता दल  में चल रहे राष्ट्रीय अध्यक्ष अटकलों पर विराम लग गया है। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव इसी के साथ अपनी पार्टी राजद के लगातार 13 वीं बार राष्ट्रीय अध्यक्ष निर्वाचित हुए हैं। इसी के साथ राजद में चल रहे राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव पूरा होने की घोषणा कर दी गई। 

निर्वाचन पदाधिकारी रामचंद्र पूर्वे ने बताया कि लालू प्रसाद यादव 13वीं बार राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष बन गए हैं। आज मंगलवार को नाम वापस लेने का समय अपराह्न 3 बजे तक का थ। राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए सिर्फ लालू प्रसाद यादव ने ही नामांकन किया था।

आखिर तक उन्होंने नामांकन वापस नहीं लिया जिसके बाद निर्वाचन पदाधिकारी रामचंद्र पूर्वे ने लालू यादव को निर्वाचित घोषित कर दिया। लालू प्रसाद यादव को राष्ट्रीय अध्यक्ष का निर्वाचन पत्र 5 जुलाई को राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय परिषद की बैठक में दिया जाएगा। 

सोमवार को किया था नामांकन

बता दें कि एक दिन पहले बीते सोमवार 23 जून को राष्ट्रीय जनता दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद के लिए लालू प्रसाद यादव ने नामांकन पत्र दाखिल करने की प्रक्रिया पूरी की थी। इसके साथ ही यह स्पष्ट हो गया कि उनका निर्वाचन निर्विरोध होगा।

आज दोपहर 2 बजे नामांकन पत्रों की जांच की गई.। फिर नाम वापस लेने की समय सीमा दोपहर 1 बजे से 3 बजे तक तय की गई थी, लेकिन लालू प्रसाद यादव ने अपना नामांकन वापस नहीं लिया। इसके बाद उन्हें राजद के राष्ट्रीय अध्यक्ष पद पर निर्विरोध निर्वाचित घोषित करते हुए अधिसूचना जारी कर दी गई।

Filmy Style main खत्म हो गयी Choti si love story

पहले आशिक ने माशूका को मारी गोली, फिर खुद की भी गोली मारकर दे दी जान


Sarfaraz Ahmad 
Kannauj (dil India live). कन्नौज के सौरिख थाना क्षेत्र से दिल दहला देने वाली एक Choti si love story दोनों आशिक माशूक की मौत के साथ खत्म हो गई। जी हां एक और love story का कुछ इस तरह अंत हो गया। इसमें आशिक ने अपनी माशूका की शादी दूसरे से तय होने पर न सिर्फ खुद की जान दे दी बल्कि पहले प्रेमिका को भी गोली मार दी जिससे दोनों की मौत हो गई, और मौत के साथ इस छोटी सी love story का अंत हो गया। इस हादसे में पहले प्रेमी ने पिता की लाइसेंसी बंदूक से पहले माशुका को गोली मारी और वहां से थोड़ी दूर स्थित तालाब के पास आशिक ने खुद को भी गोली मार दी। दोनों की मौके पर ही मौत होने से कोहराम मच गया। मृतक युवक पड़ोस के गांव का रहने वाला था। और तीन साल से उसका प्रेम प्रसंग चल रहा था। सुबह तीन बजे उसने इस वारदात को अंजाम दिया, जिससे इलाके में दहशत फैल गई।

क्या है इश्क की दास्तां यहां जानिए 

सौरिख थाना क्षेत्र के ग्राम कुठिला निवासी महिपाल सिंह यादव उर्फ फौजी के बेटे देवांशू उर्फ अन्नू (22) का पड़ोस के गांव सुल्तानपुर की युवती दीप्ति (21) पुत्री अशोक कुमार पाल से तीन साल से प्रेम प्रसंग चल रहा था। लड़की के परिवार वालों को जब जानकारी हुई तो उन्होंने 15 दिन पहले उसकी शादी जनपद औरैया के एरवा कटरा थाना क्षेत्र के ग्राम चिट्ठा निवासी अनिकेश के साथ तय कर दी। जिस लड़के से शादी तय हुई, वह तालग्राम कस्बे में क्लीनिक संचालित करता है। देवांशू ने तालग्राम जाकर लड़के को धमकाया और दीप्ति से शादी न करने के लिए कहा। इस पर लड़के ने दीप्ति के पिता को घटनाक्रम के बारे में बताया। बीते रविवार को पड़ोस के गांव नगला भजूं में दोनों परिवारों के बीच पंचायत हुई, जिसमें देवांशू ने दीप्ति से सारे संबंध खत्म करने की बात कही थी। पंचायत में वह लड़का भी मौजूद था, जिसके साथ दीप्ति की शादी तय हुई थी। सोमवार को सुबह तीन बजे देवांशू अपने पिता की 12 बोर की लाइसेंसी बंदूक लेकर चुपचाप सुल्तानपुर गया और छत से नीचे उतर कर कमरे में छोटी बहन दीपांशु के साथ सो रही दीप्ति के माथे से बंदूक सटाकर गोली मार दी और भाग गया। इसके बाद उसके घर से केवल 20 मीटर दूर स्थित अमृत सरोवर तालाब के किनारे खुद को भी गोली मार ली। घटना में दोनों की मौत हो गई। घटनास्थल पर लोगों की भारी भीड़ लग गई। सुबह जानकारी मिलते ही एसपी विनोद कुमार, एएसपी अजय कुमार, सीओ छिबरामऊ सुरेश मलिक, थाना प्रभारी दिनेश कुमार, सकरावा थानाध्यक्ष अजब सिंह, विशुनगढ़ थानाध्यक्ष गौरव कुमार छिबरामऊ कोतवाल विष्णुकांत तिवारी मौके पर पहुंचे। पुलिस ने लाइसेंसी बंदूक और खोके जब्त किए हैं। घटना के बाद देवांशू के परिवार वाले मकान में ताला डालकर भाग गए। पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला मुख्यालय पर भेज दिया। एसपी ने बताया कि घटना का मुकदमा दर्ज किया जाएगा। दीप्ति बीएससी फाइनल की छात्रा थी। परिवार में छोटी बहन दीपांशु और एक भाई अभिषेक है।, जबकि देवांशू उर्फ अन्नू दो भाई और दो बहन है। दीप्ति के पिता अशोक बिजली विभाग में लाइनमैन के पद पर तालग्राम में तैनात हैं। घटना से उनके परिवार में कोहराम मच गया। घटना के बाद गांव में सन्नाटा पसरा हुआ है। वही घटना स्थल पर विशुन गण। थाना प्रभारी गौरव कुमार, नादेमउ चौकी इंचार्ज देवी सहाय बर्मा सहित पुलिस बल तैनात है। पुलिस समूचे मामले पर नज़र रखे हुए है। हालांकि इस love story पर दबी ज़ुबान लोग तरह तरह की बातें कर रहे हैं। कुछ लोगों का कहना है कि अगर दोनों परिवार संयम से काम लेते तो दोनों की न सिर्फ जिंदगी बचा जाती बल्कि इस सच्ची love story का इस तरह दुखदाई अंत भी न होता।

UP के Varanasi में निर्माणाधीन International Cricket stadium के समीप किसानों का धरना 18 वें दिन भी जारी

पीएम के संसदीय क्षेत्र में क्रिकेट स्टेडियम के पास जबरन भूमि अधिग्रहण के विरोध में आन्दोलन होगा तेज- योगीराज सिंह पटेल

विपक्षी दलों ने समर्थन देकर दिए संकेत, सरकार की बढ़ेगी मुश्किलें

किसानों के आंदोलन में शामिल होने अखिलेश यादव के आने की अटकलें 


Sarfaraz Ahmad 

Varanasi (dil India live). उत्तर प्रदेश के विपक्षी दलों ने आगामी विधानसभा चुनाव के लिए राज्य में अपनी वाराणसी जिले से तैयार करनी शुरू कर दी है। इसी के तहत विभिन्न दलों के बड़े-बड़े नेता यहां निर्माणाधीन इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम हरहुआ- राजातालाब वांया गंजारी सहित आसपास गाँवों में मंज़ूर अर्बन टाउनशिप, स्पोर्ट्स सिटी और प्रस्तावित सड़क चौड़ीकरण के लिए जबरन भूमि अधिग्रहण के विरोध में 18 दिनों से चल रहे पूर्वांचल किसान यूनियन के बैनर तले धरना-प्रदर्शन में शामिल होने लगे हैं। ऐसी अटकलें है कि कुछ ही दिनों में यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री व प्रमुख विपक्षी नेता अखिलेश यादव भी किसानों के धरना-प्रदर्शन के समर्थन में वाराणसी आ सकते हैं। किसानों को समर्थन देने मंगलवार को पहुंचे नेशनल इक्वल पार्टी के अध्यक्ष क्षत्रिय शशि प्रताप सिंह व सपा नेता बनारस वाले मिश्राजी उर्फ हरीश मिश्रा, विवेक यादव, मोहम्मद जीशान अंसारी ने अखिलेश यादव के आगमन के संकेत दिए हैं।


इन्होंने दिया किसानों के आंदोलन को समर्थन 

कांग्रेस पार्टी के ज़िलाध्यक्ष राजेश्वर पटेल व समाजवादी पार्टी के ज़िलाध्यक्ष सुजीत यादव उर्फ लक्कड़ पहलवान, अपनादल कमेरावादी पार्टी के ज़िलाध्यक्ष दिलीप सिंह पटेल और लोक समिति के संयोजक नन्दलाल मास्टर, मनरेगा मज़दूर यूनियन के संयोजक सुरेश राठौर धरना स्थल पहुंचकर वहां 18 दिन से चल रहे किसानों के धरना-प्रदर्शन को अपना समर्थन दिया है। पूर्वांचल किसान यूनियन के अध्यक्ष योगीराज सिंह पटेल ने भी पिछले 18 दिनों से यहाँ किसानों के समर्थन में धरने पर बैठे।

दरअसल, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वराणसी में किसान आंदोलन और किसानों की भूमिका राजनीति में काफी महत्व रखती है। इससे पहले भी कई बार किसानों ने राजनीति की दशा और दिशा तय की है। जिले मे आने वाले दिनों में जबरन भूमि अधिग्रहण के विरोध में किसानों का आंदोलन और तेज होगा।


18 दिन से धरने पर बैठे हैं किसान

आपको बता दें, यहां निर्माणाधीन इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम के पास पिछले 18 दिन से किसान यहां मंजूर अर्बन टाउनशिप, स्पोर्ट्स सिटी व प्रस्तावित फोरलेन सड़क चौड़ीकरण को रद्द कराने की मांग को लेकर धरने पर बैठे हुए हैं। यह धरना सभा पिछले 18 दिनों से यहां किसानों द्वारा किया जा हैं। वहीं पूर्वांचल किसान यूनियन ने एक बार फिर अपनी मांगों को लेकर अब तहसील और जिला मुख्यालय पर अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन एवं तालेबंदी का ऐलान कर दिया है। यूनियन के अध्यक्ष योगीराज सिंह पटेल ने बताया कि जिला प्रशासन के जबरन भूमि अधिग्रहण के विरोध में आगामी दिनों में घरना-प्रदर्शन और तेज किया जायेगा। उन्होंने बताया कि बीते दिनों जिला प्रशासन की मनमानी के विरोध में यहाँ के दर्जनों गांवों के प्रभावित किसानों ने 18 दिनों से जिला प्रशासन के खिलाफ धरना-प्रदर्शन कर रहे हैं अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हो सका है, जिससे किसानों में आक्रोश व्याप्त है।


धरने की अगुआई पूर्वांचल किसान यूनियन के अध्यक्ष योगीराज सिंह पटेल कर रहे हैं वही अध्यक्षता किसान नेता डा. राजेन्द्र सिंह व संचालन पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य राजकुमार गुप्ता ने किया। हरसोस ग्राम प्रधान प्रतिनिधि ओम प्रकाश सिंह पटेल ने आभार जताया। 


इनकी रही खास मौजूदगी 

इस दौरान डा. राजेन्द्र सिंह, क्षत्रिय शशि प्रताप सिंह, योगीराज सिंह पटेल, राजकुमार गुप्ता, ओमप्रकाश सिंह पटेल, हरीश मिश्रा, विवेक यादव, मोहम्मद जीशान अंसारी, दिनेश यादव कविजी, सुरज यादव, नागेंद्र, रामदुलार, रंजीत पटेल, गणेश शर्मा, राजेश कुमार पटेल, जियाराम पटेल, सुरेश वर्मा, कमलाकर सिंह, विनय मौर्य, पद्माकर सिंह, राजेन्द्र, निहोरी लाल, रामपत्ती, रामनाथ, लालजी, दीलिप सिंह, अजीत पटेल, रणजीत, हृदय पाल, मनोज कुमार सिंह, विरेंद्र पटेल, रामबालक पटेल, प्रहलाद पाल, राजेश कुमार, राजकुमार राजभर सहित सैकड़ों किसान मौजूद रहे।